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मैनपुरी: बरेली के अस्पताल में ऑक्सीजन न मिलने से पूर्व सैनिक की मौत, बेटी ने लगाए गंभीर आरोप

Sun, 25 Apr 2021 06:01 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी Published by: मुकेश कुमार Updated Sun, 25 Apr 2021 06:01 PM IST
सार

भोगांव थाना क्षेत्र के गांव वरासुरजपुर के रहने वाले पूर्व सैनिक महेंद्र सिंह सिंह लोधी राजपूत की 23 अप्रैल को बीमारी के चलते मौत हो गई। उनका उपचार बरेली के रोहिलखंड हॉस्पिटल में चल रहा था। 

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mainpuri retired armyman dies due to lack of oxygen at Bareilly hospital
छोटी बेटी ने दी पिता को मुखाग्नि - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मैनपुरी जिले के भोगांव क्षेत्र निवासी पूर्व सैनिक की ऑक्सीजन नहीं मिल पाने से बरेली के एक अस्पताल में मौत हो गई। अस्पताल स्टाफ पर पूर्व सैनिक की बेटियों ने ऑक्सीजन नहीं उपलब्ध कराने का आरोप लगाया। इतना ही नहीं पूर्व सैनिक की मौत के चार घंटे बाद शव परिजनों को दिया गया। रविवार को उनका शव गांव लाया गया। छोटी बेटी ने पूर्व सैनिक पिता को मुखाग्नि दी।

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भोगांव थाना क्षेत्र के गांव वरासुरजपुर के रहने वाले पूर्व सैनिक महेंद्र सिंह सिंह लोधी राजपूत की 23 अप्रैल को बीमारी के चलते मौत हो गई थी। तीन बेटियों के पिता महेंद्र सिंह की छोटी बेटी संध्या नर्स हैं। उसने बताया कि पांच दिन पहले पिता का मधुमेह लेवल बढ़ गया था। इसके बाद उसने पिता को मिलिट्री हॉस्पिटल बरेली में जाकर दिखाया, लेकिन वहां पर बेड खाली नहीं होने पर रेफर कर दिया गया। 
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कोरोना वार्ड में किया गया था भर्ती 
संध्या ने बताया कि उसने पिता को रुहेलखंड हॉस्पिटल बरेली में उसी दिन भर्ती कराया दिया था। हॉस्पिटल में भर्ती करने के बाद उन्हें कोरोना वार्ड में भर्ती तो कर लिया गया लेकिन उन्हें सांस लेने में तकलीफ होने के बाद भी आक्सीजन उपलब्ध नहीं कराई गई। बेटी ने बताया कि पिता ने कोई सुविधा नहीं मिलने की शिकायत करते हुए घर ले चलने की इच्छा की। इस अस्पताल के स्टाफ ने मना कर दिया। 

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बेटी का आरोप है कि पिता को ऑक्सीजन नहीं मिली, जिससे उनकी दम घुटने से मौत हो गई। संध्या ने बताया कि पिता की मौत के चार घंटे बाद शव 23 अप्रैल को देर रात पीपीई किट में लिपटा उन्हें सौंपा गया। शव के गांव पहुंचने पर तीनों बेटियों और मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। अंतिम संस्कार के दौरान पूर्व सैनिक की चिता को जब बेटी बेटी संध्या ने मुखाग्नि दी तो हर आंख नम हो गई।

प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री से न्याय की मांग करेगी बेटी   
पूर्व सैनिक की बेटी संध्या ने बताया कि देश की सेवा करने वाले उनके पिता महेंद्र सिंह की हॉस्पिटल की लापरवाही से मौत हुई है, जिसकी शिकायत वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से कर न्याय की मांग करेगी।

बेटी ने दी मुखाग्नि
महेंद्र सिंह लोधी के बेटा नहीं हैं, उनके तीन बेटियां हैं। परिजनों के अनुसार सबसे बड़ी बेटी रेखा, दूसरी बेटी मनोज की शादी हो चुकी है। छोटी बेटी संध्या भी शादी योग्य है। पिता की मौत के बाद रविवार को संध्या ने बेटी होते हुए बेटे का फर्ज निभाया। संध्या ने पिता की चिता को मुखाग्नि देने के साथ ही अंतिम क्रिया की।

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