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बाढ़: बाढ़ प्रभावित इलाकों में दुश्वारियां बरकरार, लोग परेशान

Sun, 17 Aug 2025 02:13 AM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Sun, 17 Aug 2025 02:13 AM IST
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kasganj news flood
फोटो14पटियाली तहसील क्षेत्र के बाढ़ ग्रस्त इलाके का निरीक्षण करते एसडीएम व नायब तहसीलदार । स्
कासगंज। जिले के बाढ़ प्रभावित इलाकों में दुश्वारियां कम होने का नाम नहीं ले रहीं। गंगा का प्रवाह लगातार कम हो रहा है, लेकिन कछला ब्रिज पर गंगा का जलस्तर अभी डेंजर लेवल से ऊपर है। इसके कारण निचले इलाके के बाढ़ प्रभावित गांव से पानी की निकासी नहीं हो रही। लोग जनजीवन अस्त-व्यस्त होने से बेहद परेशान हैं।
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दैनिक क्रियाओं और जरूरत की चीजों के लिए ग्रामीण लगातार परेशान हो रहे हैं। गंगा में हरिद्वार, बिजनौर और नरौरा बैराजों से पानी का प्रवाह लगातार कम हो रहा है, लेकिन अभी गंगा का जलस्तर डेंजर लेवल से करीब 28 सेंटीमीटर ऊपर बह रहा है। अगले एक दो दिन में गंगा की धारा डेंजर लेवल से कम होने का अनुमान है।
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सोरोंजी क्षेत्र के लहरा, कादरवाड़ी, पिलोसराय, डिंगलेशनगर, बघेला सहित अन्य गांव में जहां बाढ़ का पानी भरा हुआ था, वहां से पानी की निकासी अब धीमे धीमे हो रही है। वहीं, पटियाली के सर्वाधिक बाढ़ प्रभावित करीब 30 गांव में मुसीबतें काफी अधिक हैं। यहां आबादी के बीच कई कई फुट पानी भरा हुआ है। गांव के आबादी इलाके जलमग्न हैं। यहां लोगों को अधिक परेशानियां हैं। इन प्रभावित इलाकों में मूंजखेड़ा, नगला हंसी, नगला जयकिशन, राजेपुर कुर्रा, नगला तरसी, नगला खंदारी, नेथरा, इंद्राजसनपुर, मेहोला, नवाबगंज नगरिया, टिकुरी गठौरा, कुसौल, जिझोल, पनसोती, अलीपुर भकुरी, रिकहरा, गठैरा, नरदौली पुख्ता सहित आस पास के ग्रामीण इलाके हैं। इसके अलावा नगला ढाव, नगला चोखे, अजीतनगर, उलाई, रफातपुर, शहवाजपुर, बमनपुरा, चकरा में भी बाढ़ के पानी से प्रभावित इलाके घिरे हुए हैं। बाढ़ से कटे रास्तों की मरम्मत का काम भी नहीं हो पा रहा क्योंकि पानी लगातार प्रवाहमान है। इससे आवागमन में ग्रामीणों को लगातार दिक्कतें हो रही हैं। प्रभावित इलाकों में ग्रामीण कैद होकर रहे गए हैं। ग्रामीणों के सामने तमाम तरह की मुसीबतें हैं। सबसे ज्यादा परेशानी बीमार मरीजों को लेकर है जिनका इलाज बाहर चल रहा है। वहीं गर्भवती महिलाएं भी नियमित परीक्षण के लिए नहीं पहुंच पा रहीं। केवल स्वास्थ्य विभाग की टीमें बाढ़ प्रभावित इलाके में पहुंंचकर बीमार ग्रामीणों को दवाएं दे रही हैं। ग्रामीणों का आवागमन मोटर वोटर और नाव के सहारे है। खेतीबाड़ी को काफी नुकसान है। कई दिनों से पानी खेतों में भरा है, हांलाकि कुछ इलाकों में खेतों में पानी कम हुआ है, लेकिन खेत पूरी तरह पानी से खाली नहीं हो पाए है।
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बैराजों से पानी का प्रवाह

हरिद्वार बैराज से- 118333 क्यूसेक

बिजनौर बैराज से- 108677 क्यूसेक

नरौरा बैराज से- 161454 क्यूसेक

कछला ब्रिज- 162.68 मीटर के निशान पर

बाढ़ का लेवल -डेंजर लेवल- 162.40 मीटर के निशान पर

- हाईफ्लड लेवल- 162.91 मीटर के निशान पर





- बैराजों से पानी का प्रवाह लगातार कम हो रहा है। शीघ्र ही कछला ब्रिज के जलस्तर में कमी आएगी। अभी कुछ इलाकों में बाढ़ का पानी भरा हुआ है, लेकिन ऊंचाई के इलाकों से पानी की निकासी हो रही है- संदीप जैन, सहायक अभियंता, सिंचाई।
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