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बंदियों को विधिक सहायता दिलाएं जेल विजिटर
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मैनपुरी। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव सत्येंद्र कुमार चौधरी ने बुधवार को अपने विश्राम कक्ष में जेल विजिटरों के साथ समीक्षा बैठक की। जेल विजिटरों से कहा जेल में जाकर बंदियों से जानकारी जुटाएं। जिन बंदियों को विधिक सहायता की जरूरत है उनको विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से निशुल्क सहायता दिलाएं।
बुधवार को हुई बैठक में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव सत्येंद्र कुमार चौधरी ने कहा अपराध करने वाले बंदी जेल में निरुद्ध हैं। कई बंदी गरीबी के चलते अपना मुकदमा लड़ने में असमर्थ हैं। जेल निरीक्षण के दौरान बंदियों ने इस तरह की समस्यायें बताई हैं। बंदी को न्याय पाने के लिए मुकदमा लड़ने का अधिकार है। उन्होंने कहा जेल विजिटर अपने निर्धारित दिवसों में जेल में जरूर जाएं।
बंदियों से व्यक्तिगत रूप से मिलकर उनकी समस्यायें सुनें। राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश के तहत गरीब बंदियों को निशुल्क विघिक सहायता दिलाने के लिए कार्रवाई शुरू करें। विधिक सहायता पाने के लिए बंदियों के प्रार्थनापत्र जेल प्रशासन के माध्यम से ही विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय में जमा कराए जाएं। जेल विजिटर किस दिन कितने बंदियों से मिले। कितने बंदियों ने विधिक सहायता की मांग की। इसकी आख्या उसी दिन निर्धारित प्रारूप पर विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय में जमा की जाए। जेल विजिटर रस्किन खान, संदीप कुमार त्रिपाठी मौजूद रहे।
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बुधवार को हुई बैठक में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव सत्येंद्र कुमार चौधरी ने कहा अपराध करने वाले बंदी जेल में निरुद्ध हैं। कई बंदी गरीबी के चलते अपना मुकदमा लड़ने में असमर्थ हैं। जेल निरीक्षण के दौरान बंदियों ने इस तरह की समस्यायें बताई हैं। बंदी को न्याय पाने के लिए मुकदमा लड़ने का अधिकार है। उन्होंने कहा जेल विजिटर अपने निर्धारित दिवसों में जेल में जरूर जाएं।
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बंदियों से व्यक्तिगत रूप से मिलकर उनकी समस्यायें सुनें। राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश के तहत गरीब बंदियों को निशुल्क विघिक सहायता दिलाने के लिए कार्रवाई शुरू करें। विधिक सहायता पाने के लिए बंदियों के प्रार्थनापत्र जेल प्रशासन के माध्यम से ही विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय में जमा कराए जाएं। जेल विजिटर किस दिन कितने बंदियों से मिले। कितने बंदियों ने विधिक सहायता की मांग की। इसकी आख्या उसी दिन निर्धारित प्रारूप पर विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय में जमा की जाए। जेल विजिटर रस्किन खान, संदीप कुमार त्रिपाठी मौजूद रहे।
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