{"_id":"689e5352aee1b02fd507ca00","slug":"isolate-yourself-if-you-have-cold-and-cough-your-whole-family-gets-infected-in-3-days-agra-news-c-25-1-agr1036-841347-2025-08-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Agra News: जुकाम-खांसी में खुद को करें आइसोलेट, 3 दिन में पूरा परिवार संक्रमित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Agra News: जुकाम-खांसी में खुद को करें आइसोलेट, 3 दिन में पूरा परिवार संक्रमित
विज्ञापन
आगरा। मौसम बदलने से वायरल फीवर के मरीजों की संख्या ढाई गुना तक बढ़ गई है। जुकाम-खांसी, तेज बुखार हो रहा है। सावधानी नहीं बरतने पर ये 2-3 दिन में पूरे परिवार को संक्रमित कर रहा है। एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में एक ही परिवार के 3-5 मरीज बुखार होने पर दिखाने आ रहे हैं। चिकित्सक लोगों को कोविड की गाइड लाइन का पालन करने की सलाह दे रहे हैं।
एसएन मेडिकल काॅलेज के मेडिसिन विभाग के डॉ. आशीष गौतम ने बताया कि तेज गर्मी, उमस और फिर बारिश से तापमान में उतार-चढ़ाव हो रहा है। इससे वायरल बुखार तेजी से बढ़ रहा है। ओपीडी में औसतन 650 से अधिक मरीज आ रहे हैं। इनमें तेज बुखार आना, सिर-मांसपेशियों में दर्द होना, कमजोरी-थकान महसूस होना, गले में खराश, दर्द की दिक्कत है। गले में सूजन से आवाज भी प्रभावित हो रही है। ओपीडी में बीते महीने के मुकाबले दो से ढाई गुना मरीज बढ़े हैं। जुकाम-खांसी होने पर सावधानी नहीं बरतने से ये परिवार के दूसरे लोगाें को भी 2-3 दिन में संक्रमित कर रहा है। दवा लेने से 3-5 दिन में मरीज ठीक हो रहा है। दवाएं छोड़ने या फिर खुद इलाज करने से ठीक होने में 7-10 दिन लग रहे हैं।
इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स के पूर्व अध्यक्ष डॉ. अरुण जैन ने बताया कि वायरल बुखार में सबसे ज्यादा बच्चे चपेट में आ रहे हैं। तेज बुखार, उल्टियां होने, पहचानने में दिक्कत होने और शरीर अकड़ने की परेशानी पर बच्चों को भर्ती करना पड़ रहा है। दूषित भोजन-पानी से बच्चों में पीलिया की दिक्कत भी बढ़ गई है। ओपीडी में आने वाले 15 फीसदी बच्चों में ये दिक्कत मिल रही है। अस्थमा पीड़ित बच्चों को परेशानी ज्यादा हो रही है।
विज्ञापन
..............
इन बातों का रखें ध्यान :
- जुकाम-खांसी, बुखार पर खुद को 3-4 दिन आइसोलेट करें।
- अस्थमा-सांस रोगी, जुकाम-खांसी होने पर मास्क लगाएं।
- भीड़भाड़ वाले स्थानों पर जाने से बचें।
- खांसते वक्त मुंह पर रुमाल रखें, खाने से पहले हाथ साफ करें।
- पानी अधिक पीएं, फल और पौष्टिक भोजन करें।
- गुनगुने पानी में सेंधा नमक डालकर गरारे कर सकते हैं।
विज्ञापन
एसएन मेडिकल काॅलेज के मेडिसिन विभाग के डॉ. आशीष गौतम ने बताया कि तेज गर्मी, उमस और फिर बारिश से तापमान में उतार-चढ़ाव हो रहा है। इससे वायरल बुखार तेजी से बढ़ रहा है। ओपीडी में औसतन 650 से अधिक मरीज आ रहे हैं। इनमें तेज बुखार आना, सिर-मांसपेशियों में दर्द होना, कमजोरी-थकान महसूस होना, गले में खराश, दर्द की दिक्कत है। गले में सूजन से आवाज भी प्रभावित हो रही है। ओपीडी में बीते महीने के मुकाबले दो से ढाई गुना मरीज बढ़े हैं। जुकाम-खांसी होने पर सावधानी नहीं बरतने से ये परिवार के दूसरे लोगाें को भी 2-3 दिन में संक्रमित कर रहा है। दवा लेने से 3-5 दिन में मरीज ठीक हो रहा है। दवाएं छोड़ने या फिर खुद इलाज करने से ठीक होने में 7-10 दिन लग रहे हैं।
विज्ञापन
इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स के पूर्व अध्यक्ष डॉ. अरुण जैन ने बताया कि वायरल बुखार में सबसे ज्यादा बच्चे चपेट में आ रहे हैं। तेज बुखार, उल्टियां होने, पहचानने में दिक्कत होने और शरीर अकड़ने की परेशानी पर बच्चों को भर्ती करना पड़ रहा है। दूषित भोजन-पानी से बच्चों में पीलिया की दिक्कत भी बढ़ गई है। ओपीडी में आने वाले 15 फीसदी बच्चों में ये दिक्कत मिल रही है। अस्थमा पीड़ित बच्चों को परेशानी ज्यादा हो रही है।
विज्ञापन
..............
इन बातों का रखें ध्यान :
- जुकाम-खांसी, बुखार पर खुद को 3-4 दिन आइसोलेट करें।
- अस्थमा-सांस रोगी, जुकाम-खांसी होने पर मास्क लगाएं।
- भीड़भाड़ वाले स्थानों पर जाने से बचें।
- खांसते वक्त मुंह पर रुमाल रखें, खाने से पहले हाथ साफ करें।
- पानी अधिक पीएं, फल और पौष्टिक भोजन करें।
- गुनगुने पानी में सेंधा नमक डालकर गरारे कर सकते हैं।