Kasganj News: गांव नगला पटे में लगी भीषण आग, एक बच्ची की जलकर मौत, 40 झोपड़ियां हुईं खाक
कासगंज जिले के गांव नगला पटे में शनिवार को चिंगारी से लगी आग ने तबाही मचा दी। आग में करीब 40 झोपड़ियों जलकर राख हो गई। 11 वर्षीय बालिका की जलकर मौत हो गई। जबकि चार पशु भी जलकर मर गए।
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कासगंज की पटियाली तहसील क्षेत्र के गांव नगला पटे में शनिवार दोपहर को अचानक कई झोपड़ियों में आग लग गई। इस अग्निकांड में 40 झोपड़ियां जल गईं। भुर्जी बिटौरे सहित कुल 75 स्थानों पर आग लगी। अग्निकांड के दौरान चार गैस सिलिंडर तेज धमाके के साथ फट गए। 11 वर्षीय बालिका की जलकर मौत हो गई, जबकि एक युवक झुलस गया। दमकल की चार गाड़ियों ने बमुश्किल आग पर काबू पाया। अग्निकांड में लाखों की क्षति का अनुमान है।
आग की शुरुआत गांव के बाहर बने ओमवीर पुत्र रामप्रसाद की झोपड़ी से हुई, जिसमें चिंगारी से आग लग गई। इसके बाद आग ने आसपास के सभी कच्चे पक्के मकानों को चपेट में लिया। आग की चपेट में आने से ग्रामीण आशाराम की 11 वर्षीय अंजू की मौत हो गई। अंजू आग से बचाव के लिए चिल्लाती रही, लेकिन अपनी झोपड़ी से बाहर नहीं निकल पाई था। आग लगने की घटना से पूरे गांव में अफरातफरी का माहौल बन गया।
मवेशी भी जलकर मरे
अग्निकांड में गांव ओमवीर, राजाराम और किशनपाल की भैंस जलकर मर गई। सुरेंद्र की दो लाख रुपये की नकदी जल गई। इसके अलावा कुल 50 परिवारों का लाखों रुपये का सामान, जेवर, नकदी, कपड़े सबकुछ आग की लपटों में जल गया। जिलाधिकारी हर्षिता माथुर, एसपी रोहन प्रमोद बोत्रे मौके पर पहुंच गए और पीड़ितों को ढांढस बंधाया।
अधिकारियों ने मृतक बालिका के परिजन को आर्थिक मदद का भरोसा दिया। उन्होंने अन्य पीड़ितों को भी मदद का भरोसा दिया। एसडीएम प्रेमनरायन, सीएफओ आनंद रजनीश, सिकंदरपुर वैश्य, गंजडुंडवारा, पटियाली थानों की पुलिस एवं पटियाली तहसील के तमाम राजस्व कर्मी मौके पर पहुंच गए। आग से हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
घरों में नहीं बचा सामान
आबादी के बीच हरे पेड़ और चारा काटने की मशीन, पंपसेट भी आग की चपेट में आ गए। भुर्जियों में पशुओं का चारा, भूसा स्टोर था। बिटौरों में गोबर के उपले सब कुछ आग की भेंट चढ़ गया। पूरे गांव में अग्निकांड के साथ ही चीत्कार मच गया। पीड़ितों के पास न खाने को कुछ बचा और न कुछ पहनने को। सब कुछ आग की लपटों में समा गया।