आगरा: एक साल में 1500 लोगों से चार करोड़ रुपये की ठगी, सरगना सहित पांच जालसाज गिरफ्तार
अगर आपके पास सस्ते ब्याज पर बैंक लोन के लिए कॉल आए तो सावधान हो जाएं। क्योंकि जालसाज सस्ते ब्याज पर लोन दिलाने के नाम पर लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। आगरा में ऐसे ही पांच जालसाज पकड़े गए हैं, जिन्होंने एक साल में 1500 लोगों को ठगी का शिकार बनाया है।
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आगरा के संजय प्लेस स्थित हेरीटेज टावर में एक साल से ठग फाइनेंस कंपनी चला रहे थे। एसटीएफ ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। दावा किया है कि ये आरोपी एक साल में 1500 से अधिक लोगों को सस्ती ब्याज दर पर लोन दिलाने का झांसा देकर चार करोड़ की ठगी कर चुके हैं।
एसटीएफ आगरा इकाई के निरीक्षक हुकुम सिंह के मुताबिक, शिकायत मिली थी कि एक गैंग लोगों को कॉल करके सस्ती ब्याज दर पर लोन दिलाने का झांसा देता है। इसके बाद तमाम शुल्क के नाम पर 2500 रुपये से 70 हजार तक खाते में जमा करा लेते हैं। इसके बाद मोबाइल नंबर बंद कर लेते हैं। कॉल युवतियां करती हैं। जांच की तो मामला सही निकला।
आरोपियों ने यूनाइटेड फाइनसर्व सर्विस के नाम से ऑफिस बना रखा था। युवतियां पांच हजार रुपये महीने पर रखी गई थीं। फिरोजाबाद के एका निवासी सरगना गौरव ने 18 हजार रुपये प्रतिमाह पर ऑफिस किराये पर लिया था। वह कर्मचारी युवतियों को नंबरों की लिस्ट देता था। इसके बाद युवतियां कॉल करके लोगों को छह प्रतिशत ब्याज पर लोन दिलाने की स्कीम बताती थीं।
गिरफ्तारी और बरामदगी
जालसाजी में फिरोजाबाद के एका निवासी गौरव यादव उर्फ सुमित त्यागी, अलीगढ़ निवासी सनी मिश्रा, शिवम भारद्वाज, राहुल शर्मा और सिकंदरा निवासी विष्णु चौधरी शामिल हैं। उनसे एक लैपटॉप, 39 मोबाइल, 67 फार्म, प्रमाण पत्र, तीन मुहर, चार पासबुक, चार चेकबुक, दो आधार कार्ड, 17 एटीएम कार्ड, दो वोटर कार्ड, एक पैन कार्ड, दो सिम, 27 रिज्यूम कार्ड, 650 नंबर की शीट, चार रजिस्टर, 29900 रुपये, कार आदि बरामद किए गए।
एकाउंट में जमा कराते थे रकम
एसटीएफ निरीक्षक हुकुम सिंह के मुताबिक, पूछताछ में गौरव यादव ने बताया कि वो अलीगढ़ निवासी दीपक, विनय, आलोक और नीतू से मोबाइल नंबर की लिस्ट लेता है। वह अलग-अलग प्रदेश के लोगों को कॉल करके छह प्रतिशत ब्याज पर लोन के लिए राजी करते हैं।
इसके बाद फाइल चार्ज, जीएसटी चार्ज, बीमा राशि, कमीशन आदि के नाम पर रुपये एकाउंट में जमा कराते हैं। एक साल में 1500 लोगों से चार करोड़ की ठगी की। दीपक से दो महीने पहले विवाद हो गया था। वह अलग होकर काम करने लगा। उसकी तलाश की जा रही है।