फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Death for helping: Rajendra went down a 50 feet deep well saved young man but lost his own life

मदद करने पर मिली मौत: 50 फीट गहरे कुएं में उतर गए राजेंद्र...युवक को तो बचा लिया, लेकिन खुद की गवां दी जान

Tue, 12 Aug 2025 08:53 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Tue, 12 Aug 2025 08:53 AM IST
सार

आगरा के किरावली-अछनेरा मार्ग पर कुएं में गिरे युवक की मदद के चक्कर में मददगार ने जान गवां दी। युवक को तो कुएं से बाहर निकाल लिया, लेकिन 50 फीट गहरे कुएं से खुद नहीं निकल सके।

विज्ञापन
Death for helping: Rajendra went down a 50 feet deep well saved young man but lost his own life
कुएं में मौत - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

आगरा के किरावली-अछनेरा मार्ग पर सड़क किनारे के कुएं में सोमवार दोपहर को गिरे युवक राकेश को बचाने में ठेकेदार राजेंद्र की जान चली गई। वह रस्सी के सहारे 50 फीट गहरे कुएं में नीचे उतरे थे। राकेश को रस्सी के सहारे ऊपर पहुंचा दिया लेकिन खुद बाहर नहीं निकल सके। जहरीली गैस की वजह से अचेत हो गए। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस और दमकल कर्मचारी मूकदर्शक बनकर देखते रहे। एक घंटे बाद दो युवकों को रस्सी के सहारे नीचे उतारकर राजेंद्र के शव को बाहर निकाला गया।
विज्ञापन


 

कस्बे का राकेश दोपहर 2 बजे कुएं की दीवार पर बैठा हुआ था। वो अचानक कुएं में गिर गया। यह देखकर लोगों की भीड़ लग गई और पुलिस भी आ गई। पुलिसकमियों के पास रस्सी, सीढ़ी आदि का कोई इंतजाम नहीं था। तभी गांव भड़ीरी के राजेंद्र सिंह भी मौके पर पहुंच गए। वह बिना देर किए रस्सी के सहारे कुएं में कूद गए। उन्होंने राकेश को रस्सी से बांध दिया और ग्रामीणों ने उसे खींच लिया। इसी दौरान राजेंद्र दलदल में फंस गए और कुएं से बाहर नहीं निकल सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

जहरीली गैस की वजह से अचेत हो गए। यह सबकुछ पुलिस और दमकल कर्मचारी देखते रहे। करीब 45 मिनट बाद दमकल कर्मियों ने सीढ़ी लगाई और एक रस्सा लगाया। गांव छह पोखर के लोकेश और हासिम सीढ़ी के सहारे नीचे गए और राजेंद्र को बाहर निकाला। पुलिस अस्पताल लेकर पहुंची, जहां पर राजेंद्र को मृत घोषित कर दिया गया। राकेश को अस्पताल में भर्ती कराया। उसकी जान बच गई।
विज्ञापन

पिता की तीन महीने पहले हुई थी मृत्यु, परिवार में छाया मातम
राजेंद्र सिंह (38) के दो बेटे और दो बेटियां हैं। सबसे बड़ी बेटी 12 साल की है। घर में कमाने वाला और कोई नहीं है। उसके पिता की तीन महीने पहले ही मृत्यु हुई थी। वो निर्माण कार्यों का ठेका लेता था। घटना से परिवार में मातम छा गया। लोग यही कह रहे थे कि अंजान युवक को बचाने में राजेंद्र की जान चली गई। इससे पहले भी उसने नदी में डूबते कई लोगों को बचाया था।

पुराने कुओं में बनती है मीथेन गैस, घोंट देती है दम
मुख्य अग्निशमन अधिकारी देवेंद्र सिंह ने बताया कि जिस कुएं का इस्तेमाल बंद हो जाता है, उनमें मीथेन गैस बनने लगती है। जब कोई व्यक्ति गिरता है, तो गैस की वजह से सांस लेने में दिक्कत होती है। दम घुटने की वजह से जान चली जाती है। इसलिए बिना सुरक्षा उपकरणों के कुएं में नहीं उतरना चाहिए। इस मामले में भी टीम रस्सी लेकर गई थी। युवक को रोका गया था लेकिन वो माने नहीं। कुएं में तकरीबन 12 से 15 फीट पानी था। पहले वाले युवक को बांधने के बाद राजेंद्र की सांस फूल गई। इस वजह से वह बाहर नहीं आ सके।

नहीं बंद किया गया है कुआं
ग्रामीणों का कहना था कि कुएं के पास दीवार बनी है। दीवार पर बैठकर लोग शराब पीते हैं। इस वजह से हादसा हो गया। पुलिस भी कोई रोक नहीं लगा पा रही है। कुएं को बंद भी नहीं किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed