फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   crime in mainpuri

कीटनाशक दवाओं के चार नमूने जांच में हुए फेल

Thu, 17 Oct 2019 10:54 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Thu, 17 Oct 2019 10:54 PM IST
विज्ञापन
crime in mainpuri
मैनपुरी। कृषि रक्षा विभाग की ओर से जांच के लिए भेजे गए कीटनाशक दवाओं के नमूनों में से चार फेल हो गए। जांच रिपोर्ट आने के बाद दो विक्रेता और निर्माता कंपनियों पर मुकदमा दर्ज कराया गया है। वहीं, अन्य दो पर मुकदमा दायर करने की भी तैयारी की जा रही है। विभाग ने जांच के लिए 100 नमूने भेजे थे, जिसमें 62 की रिपोर्ट आई है। अभी 38 की रिपोर्ट आनी बाकी है।
विज्ञापन

प्रत्येक वर्ष कृषि रक्षा विभाग की ओर से दुकानों का निरीक्षण कर फसलों में प्रयोग होने वाली कीटनाशक दवाओं के नमूने लेकर भेजे जाते हैं। वित्तीय वर्ष 2018-19 में लिए गए नमूनों में से चार नमूने जांच में फेल हो गए। जांच रिपोर्ट के अनुसार दुबे जी खाद बीज भंडार बेवर से लिया गया इंसेक्टीसाइड इमीडाक्लोप्रिड 17.8 प्रतिशत सॉल्यूशन, किसान खाद भंडार बेवर से लिया गया फंगीसाइड कार्बनडाजिम 12 प्रतिशत एंड मेंकोजेबे 63 प्रतिशत, सौरभ बीज भंडार भोगांव से लिया गया इंसेक्टीसाइड लैमडा साइक्लोथ्रिन 5 प्रतिशत और सच्चिदानंद खाद भंडार गोधना घिरोर से इमीडासाइक्लोप्रिड 70 प्रतिशत के नमूने फेल हो गए।
विज्ञापन

जांच रिपोर्ट के अनुसार इन चारों नमूनों में दवा की मात्रा मानक के सापेक्ष 60 से 70 प्रतिशत ही पाई गई। रिपोर्ट आने के बाद कृषि रक्षा अधिकारी ने सौरभ बीज भंडार भोगांव और सच्चिदानंद खाद भंडार गोधना पर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय में डीएम के आदेश पर मुकदमा दायर किया गया है। वहीं, अन्य दो पर मुकदमा दायर करने के लिए जिलाधिकारी से अनुमोदन के लिए फाइल फेजी गई है। जिले में नकली खाद फैक्टरी पकड़े जाने के बाद जांच में दवाओं के नमूने फेल होने के बाद विभाग और भी चौकन्ना हो गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

छह नमूने दोबारा जांच में हुए पास
जांच रिपोर्ट में छह अन्य नमूने भी जांच में फेल हुए थे। फेल होने वाले नमूनों को एक बार दोबारा जांच के लिए मौका दिया जाता है। ये जांच विक्रेता को स्वयं अपने खर्च पर सेंट्रल लैब फरीदाबाद में करानी होती है। छह नमूनों की दुकानदारों ने दोबारा जांच कराई, जिसमें से पास हो गए। इसके बाद उन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
कंपनी से भी मांगा जवाब
चार नमूने फेल होने के बाद मामले में विक्रेताओं पर कार्रवाई करने के साथ कंपनी को भी नोटिस भेजकर जवाब मांगा गया है। उनसे प्रबंधन के नाम भी मांगे गए हैं, क्योंकि नमूने फेल होने के मामले में कंपनी पर भी केस दायर किया जाएगा।
ऐसे में इन्सेक्टीसाइड इमीडाक्लोप्रिड 17.8 प्रतिशत सॉल्यूशन बनाने वाली कंपनी पुष्परतन केमिकल्स लिमिटेड भोपाल, फंगीसाइड कार्बनडाजिम 12 प्रतिशत एंड मेंकोजेबे 63 प्रतिशत बनाने वाली कंपनी यूपीएल लिमिटेड मुंबई, इंसेक्टीसाइड लैमडा साइक्लोथ्रिन 5 प्रतिशत बनाने वाली कंपनी क्रॉप केमिकल्स इंडिया लिमिटेड कोट कापुरा पंजाब और इमीडासाइक्लोप्रिड 70 प्रतिशत बनाने वाली कंपनी सेफेक्स केमिकल्स इंडिया लिमिटेड बहादुरगढ़ हरियाणा को भी नोटिस जारी किया गया है।

इस वर्ष के नमूनों की नहीं आई एक भी रिपोर्ट
चालू वित्तीय वर्ष में कृषि रक्षा विभाग ने फसल में प्रयोग होने वाली 24 दवाओं के नमूने लेकर जांच के लिए भेजे हैं। हालांकि अब तक इनमें से एक भी रिपोर्ट नहीं आई है। इस बार विभाग को 100 नमूने जांच के लिए भेजने का लक्ष्य मिला है।
कृषि रक्षा विभाग द्वारा नियमित नमूने लेकर जांच के लिए भेजे जाते हैं। चार नमूने फेल हुए हैं, उन पर कार्रवाई की जा रही है।
-डॉ. गगनदीप सिंह, कृषि रक्षा अधिकारी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed