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धूमधाम से मनाया गया राधारानी की प्रधान सखी ललिता का जन्मोत्सव, गूंजे बधाई गीत
Thu, 05 Sep 2019 10:07 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बरसाना (मथुरा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बरसाना (मथुरा)
Published by: मुकेश कुमार
Updated Thu, 05 Sep 2019 10:07 AM IST
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ललिता सखी का अभिषेक करते सेवायत
- फोटो : अमर उजाला
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बरसाना में राधारानी की सबसे प्रिय और प्रधान सखी ललिता जी का जन्म राधारानी से दो दिन पहले बड़ी ही धूमधाम के साथ मनाया गया। ललिता जी के जन्मोत्सव पर उनके निज गांव ऊंचागांव राधाकृष्ण के जयकारों से गूंज उठा। ललिता सखी के अभिषेक के दर्शनों को भक्तों का जनसैलाब उमड़ पड़ा।
बुधवार को भाद्रपद की छठ को ऊंचागांव में स्थित ललिता अटा अटोर नामक पहाड़ी पर बने भव्य ललिता मंदिर में दोपहर बारह बजे ललिता जी का अभिषेक कराया गया। सुबह से ही गांव में श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया। देखते ही देखते ललिता मंदिर परिसर में भक्तों का जनसैलाब उमड़ पड़ा।
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भक्त राधारानी की सबसे प्रिय सखी के आगमन के लिए पलके बिछाए थे। दोपहर करीब बारह बजे ललिता मंदिर के सेवायतों ने ललिता जी की श्रीविग्रह को घी, दूध, दही, शहद, बूरा, केसर, जटामसी, चंदन चूरा, नागार मोथा, अगर तगर, पंच मेवा, गुलाब जल, इंत्र, घोघृत आदि का पंचामृत बनाकर अभिषेक कराया गया।
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बुधवार को भाद्रपद की छठ को ऊंचागांव में स्थित ललिता अटा अटोर नामक पहाड़ी पर बने भव्य ललिता मंदिर में दोपहर बारह बजे ललिता जी का अभिषेक कराया गया। सुबह से ही गांव में श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया। देखते ही देखते ललिता मंदिर परिसर में भक्तों का जनसैलाब उमड़ पड़ा।
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भक्त राधारानी की सबसे प्रिय सखी के आगमन के लिए पलके बिछाए थे। दोपहर करीब बारह बजे ललिता मंदिर के सेवायतों ने ललिता जी की श्रीविग्रह को घी, दूध, दही, शहद, बूरा, केसर, जटामसी, चंदन चूरा, नागार मोथा, अगर तगर, पंच मेवा, गुलाब जल, इंत्र, घोघृत आदि का पंचामृत बनाकर अभिषेक कराया गया।
मंदिर में घंटे घड़ियाल बज रहे थे तथा चहुंओर ललिता सखी व राधारानी के जयकारों से पूरा वातावरण गूंज रहा था। ललिता सखी के दर्शन पाने को श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ रहा था। इस दौरान गुर्जर समुदाय के लोगों द्वारा लोक नृत्य प्रस्तुत किया गया। लोक नृत्य को देखकर श्रद्धालु भाव विभोर हो गए।
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ऐसा लगने लगा की द्वापरकालीन लीलाओं का साक्षात्कार हो रहा हो। जन्म से पहले अनुराग सखी द्वारा मंदिर परिसर में बधाई पद गाए गये। इस मौके पर ब्रजाचार्य पीठ के ललिता पीठ के पीठाधीश्वर गोस्वामी कृष्णनंद तैलग, ब्रजाचार्य पीठ के पीठाधीश्वर गोस्वामी उपेंद्र नारायण भट्ट, ब्रजाचार्य पीठ के प्रवक्ता घनश्यामराज भट्ट आदि ने ललिता सखी के अभिषेक कार्यक्रम में भाग लिया।
अभिषेक को लेकर सेवायतों में चले लात-घूंसे
ललिता सखी के जन्मोत्सव के दौरान सेवायतों में अभिषेक को लेकर झगड़ा हो गया। इस दौरान अभिषेक के चलते सेवायतों में सरेआम लात घूंसे चले। अव्यवस्था के चलते श्रद्धालुओं को भी धक्के लगे। ललिता सखी के जन्मोत्सव में हजारों की संख्या में श्रद्धालु भाग लेने आते है, लेकिन पुलिस प्रशासन का कोई व्यक्ति मंदिर परिसर में मौजूद नहीं रहता।
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ऐसा लगने लगा की द्वापरकालीन लीलाओं का साक्षात्कार हो रहा हो। जन्म से पहले अनुराग सखी द्वारा मंदिर परिसर में बधाई पद गाए गये। इस मौके पर ब्रजाचार्य पीठ के ललिता पीठ के पीठाधीश्वर गोस्वामी कृष्णनंद तैलग, ब्रजाचार्य पीठ के पीठाधीश्वर गोस्वामी उपेंद्र नारायण भट्ट, ब्रजाचार्य पीठ के प्रवक्ता घनश्यामराज भट्ट आदि ने ललिता सखी के अभिषेक कार्यक्रम में भाग लिया।
अभिषेक को लेकर सेवायतों में चले लात-घूंसे
ललिता सखी के जन्मोत्सव के दौरान सेवायतों में अभिषेक को लेकर झगड़ा हो गया। इस दौरान अभिषेक के चलते सेवायतों में सरेआम लात घूंसे चले। अव्यवस्था के चलते श्रद्धालुओं को भी धक्के लगे। ललिता सखी के जन्मोत्सव में हजारों की संख्या में श्रद्धालु भाग लेने आते है, लेकिन पुलिस प्रशासन का कोई व्यक्ति मंदिर परिसर में मौजूद नहीं रहता।