कोरोना वायरस: मथुरा-फिरोजाबाद के गंभीर संक्रमितों को आगरा रेफर करने पर रोक
जिलाधिकारी का कहना है कि बड़ी संख्या में गैर जिलों के मरीज आगरा में भर्ती हो रहे हैं। इससे जिले में मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।
विस्तार
मथुरा और फिरोजाबाद के कोरोना संक्रमित गंभीर मरीजों को आगरा रेफर करने पर जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने रोक लगा दी है। शनिवार को कोविड समीक्षा के बाद उन्होंने इस संबंध में अपर निदेशक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण डॉ. अविनाश सिंह को निर्देश जारी किए हैं। साथ ही आगरा के सभी अस्पतालों में ऑक्सीजन ऑडिट व मरीजों की जांच के लिए टीम गठित की जाएगी।
जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने शनिवार को एसएसपी मुनिराज जी, एडी हेल्थ डॉ. अविनाश सिंह, सीएमओ डॉ. आरसी पांडेय व आईएमए सदस्यों के साथ कोविड एवं आपदा प्रबंधन की समीक्षा की।
सांसों पर संकट: आगरा के 10 अस्पतालों में ऑक्सीजन खत्म, डिस्चार्ज किए गए मरीज
जिलाधिकारी ने कहा कि एल-3 श्रेणी के गैर जिलों के मरीजों को उन्हीं जिलों में भर्ती किया जाए। मथुरा और फिरोजाबाद से एल-3 श्रेणी गंभीर मरीजों को आगरा के अस्पतालों में भर्ती नहीं किया जाए। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में गैर जिलों के मरीज आगरा में भर्ती हो रहे हैं। इससे जिले में मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।
अस्पतालों में ऑक्सीजन व मरीजों का ऑडिट
जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने सीएमओ डॉ. आरसी पांडेय को एक टीम गठित कर सभी कोविड अस्पतालों में ऑक्सीजन गैस की खपत और भर्ती मरीजों का ऑडिट कराने के आदेश दिए हैं।
उन्होंने कहा कि कई अस्पतालों में जरूरत से ज्यादा ऑक्सीजन की मांग की जा रही है। भर्ती मरीजों की संख्या अधिक बताई जा रही है। सीएमओ की एक टीम ऐसे अस्पतालों में ऑक्सीजन व मरीजों के अलावा मौजूद संसाधनों की भी जांच करेगी।
दावा: 144 मरीजों को कराया भर्ती
कोविड कंट्रोल रूम को लेकर जिलाधिकारी ने दावा किया है कि शुक्रवार को 176 मरीजों ने फोन के माध्यम से बेड उपलब्ध कराने की मांग की। जिनमें 144 मरीजों को भर्ती कराया गया है। डीएम ने डीवीवीएनएल एमडी अमित किशोर को कोविड कंट्रोल रूम का नोडल अधिकारी नामित किया है।