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UP: क्या है AI ट्रेडिंग स्कैम, जिसमें बैंक मैनेजर ने गवांए 18 लाख रुपये, कोर्ट ने भी नहीं दी आरोपी को जमानत
Sat, 27 Dec 2025 09:41 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Sat, 27 Dec 2025 09:41 AM IST
सार
आईपीओ में निवेश कराने के नाम पर 18 लाख रुपये की ठगी करने के आरोपी को कोर्ट से जमानत नहीं मिली है। जिला जज ने जमानत अर्जी को खारिज कर दिया।
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- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आगरा में ट्रेडिंग के नाम पर 18 लाख रुपए की ठगी करने के मामले में अहमदाबाद के ग्रीन पार्क सोसाइटी निवासी अमित जयंतीलाल पीठादिया ने अधिवक्ता के माध्यम से अदालत में जमानत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया था। जिला जज संजय कुमार मलिक ने इसे खारिज कर दिया।
थाना साइबर में दर्ज केस के अनुसार भारतीय स्टेट बैंक शाखा एसएन मेडिकल कॉलेज के रिलेशनशिप मैनेजर विनय शर्मा तहरीर दी थी। आरोप लगाया था कि उनके व्हाट्सएप नंबर पर विनय बजाज का एक मैसेज आया। ट्रेडिंग की सहमति देने के बाद उसने रमा लक्ष्मी नाम की युवती से बात कराई, जिसने उन्हें एआई एक्सचेंज ग्रुप में जोड़ दिया। उस ग्रुप में कई लोग फायदे और नुकसान की बात कर रहे थे।
रमालक्ष्मी ने उनसे सभी शेयर बेचने को कहा और एक लिंक शेयर किया। इस पर निवेश के लिए कहा तो उन्होंने 19 सितंबर 2024 को एक लाख रुपए और 26 सितंबर को 1.70 लाख रुपए जमा किए। इसके बाद खाते से रुपए नहीं निकले। कारण पूछने पर रमा लक्ष्मी ने बताया कि अभी एक आईपीओ आया है। उसमें निवेश करो अच्छा मुनाफा होगा। उन्होंने कई बार में 18 लाख जमा कर दिए। उसके बाद रुपये नहीं निकले। ठगों ने 52 लाख की और मांग की। न देने पर ग्रुप से हटा दिया। तब उन्हें ठगी का अहसास हुआ।
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थाना साइबर में दर्ज केस के अनुसार भारतीय स्टेट बैंक शाखा एसएन मेडिकल कॉलेज के रिलेशनशिप मैनेजर विनय शर्मा तहरीर दी थी। आरोप लगाया था कि उनके व्हाट्सएप नंबर पर विनय बजाज का एक मैसेज आया। ट्रेडिंग की सहमति देने के बाद उसने रमा लक्ष्मी नाम की युवती से बात कराई, जिसने उन्हें एआई एक्सचेंज ग्रुप में जोड़ दिया। उस ग्रुप में कई लोग फायदे और नुकसान की बात कर रहे थे।
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रमालक्ष्मी ने उनसे सभी शेयर बेचने को कहा और एक लिंक शेयर किया। इस पर निवेश के लिए कहा तो उन्होंने 19 सितंबर 2024 को एक लाख रुपए और 26 सितंबर को 1.70 लाख रुपए जमा किए। इसके बाद खाते से रुपए नहीं निकले। कारण पूछने पर रमा लक्ष्मी ने बताया कि अभी एक आईपीओ आया है। उसमें निवेश करो अच्छा मुनाफा होगा। उन्होंने कई बार में 18 लाख जमा कर दिए। उसके बाद रुपये नहीं निकले। ठगों ने 52 लाख की और मांग की। न देने पर ग्रुप से हटा दिया। तब उन्हें ठगी का अहसास हुआ।
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