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मथुरा टीबी के लिए अतिसंवेदनशील
Updated Sat, 23 Dec 2017 07:43 PM IST
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डेमो
- फोटो : डेमो
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मथुरा। टीबी की दृष्टि से मथुरा जनपद प्रदेश के उन 25 जनपदों में है, जिन्हें अतिसंवेदनशील माना गया है। यहां 4760 मरीज सामने भी आए हैं। संभावना है कि मथुरा शहरी क्षेत्र सहित जनपद के कई इलाकों में यह बीमारी बड़ी संख्या में लोगों को हो सकती है। इसके लिए 26 दिसंबर से विशेष अभियान 2.84 लाख लोगों को लक्ष्य बनाकर शुरू होने जा रहा है।
अभियान की जानकारी देते सीडीओ पवन कुमार गंगवार ने बताया टीबी की दृष्टि से देश में उत्तर प्रदेश की स्थिति सबसे ज्यादा चिंताजनक है। उत्तर प्रदेश में मथुरा सहित 25 जनपद अतिसंवेदनशील पाए गए हैं। यहां टीबी मुक्त भारत स्लोगन के साथ विशेष अभियान 26 दिसंबर से शुरू होकर 09 जनवरी तक चलेगा।
इसमें सक्रिय क्षय रोग खोज अभियान के तहत शहरी क्षेत्र के स्लम, कैदियों, वृद्धा आश्रम, निर्माण स्थल कर्मचारी, शरणार्थी कैंप, रैन बसेरा आदि क्षेत्रों में चलाया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिले में सर्वाधिक क्षय रोगी वृंदावन क्षेत्र में (267 सरकारी एवं 2420 प्राइवेट) पंजीकृत हुए हैं। उसके बाद मथुरा क्षेत्र में (857 सरकारी एवं 357 प्राइवेट) एवं कोसी क्षेत्र में 420 सरकारी एवं 31 प्राइवेट) में रोगी पंजीकृत हैं ।
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इस दौरान डा. राजीव सिंघल संयुक्त निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, डिप्टी सीएमओ डा. सज्जन कुमार, जिला क्षय रोग अधिकारी डा. रवींद्र कुमार गुप्ता, डा. आलोक कुमार, डा. प्रवीन कुमार भारती जिला पीपीएम समन्वयक आलोक तिवारी, शिव कुमार मौजूद रहे।
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अभियान की जानकारी देते सीडीओ पवन कुमार गंगवार ने बताया टीबी की दृष्टि से देश में उत्तर प्रदेश की स्थिति सबसे ज्यादा चिंताजनक है। उत्तर प्रदेश में मथुरा सहित 25 जनपद अतिसंवेदनशील पाए गए हैं। यहां टीबी मुक्त भारत स्लोगन के साथ विशेष अभियान 26 दिसंबर से शुरू होकर 09 जनवरी तक चलेगा।
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इसमें सक्रिय क्षय रोग खोज अभियान के तहत शहरी क्षेत्र के स्लम, कैदियों, वृद्धा आश्रम, निर्माण स्थल कर्मचारी, शरणार्थी कैंप, रैन बसेरा आदि क्षेत्रों में चलाया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिले में सर्वाधिक क्षय रोगी वृंदावन क्षेत्र में (267 सरकारी एवं 2420 प्राइवेट) पंजीकृत हुए हैं। उसके बाद मथुरा क्षेत्र में (857 सरकारी एवं 357 प्राइवेट) एवं कोसी क्षेत्र में 420 सरकारी एवं 31 प्राइवेट) में रोगी पंजीकृत हैं ।
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इस दौरान डा. राजीव सिंघल संयुक्त निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, डिप्टी सीएमओ डा. सज्जन कुमार, जिला क्षय रोग अधिकारी डा. रवींद्र कुमार गुप्ता, डा. आलोक कुमार, डा. प्रवीन कुमार भारती जिला पीपीएम समन्वयक आलोक तिवारी, शिव कुमार मौजूद रहे।