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जीएसटी में समाप्त हो विलंब शुल्क की व्यवस्था
Updated Wed, 25 Oct 2017 11:59 PM IST
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GST के नफा-नुकसान पर बड़ी बहस
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मैनपुरी। जीएसटी की जटिलताओं के विरोध में टेक्सेशन बार एसोसिएशन के वकीलों तथा व्यापारियों ने स्टेशन रोड स्थित कर कार्यालय पर धरना दिया। धरने के बाद केंद्रीय वित्त मंत्री को संबोधित 15 सूत्रीय मांगपत्र नगर विकास मंत्री को दिया गया।
धरने के दौरान एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय जैन ने कहा जीएसटी में विलंब शुल्क की व्यवस्था समाप्त की जाए। विलंब पर जुर्माना, फार्म 3बी समाप्त किया जाए। विलंब शुल्क के रूप में जमा की गई राशि व्यापारी के लेजर में स्वत: जमा मानी जाए। सचिव अनुपम कुमार सिंह ने कहा जीएसटी प्रारूप को और भी सरल किया जाए।
एचएसएन कोड की व्यवस्था समाप्त की जाए। विवरणी में मात्रात्मक विवरण पांच सालों तक स्थगित किया जाए। कर की विभिन्न दरों का वर्गीकरण कम किया जाए। जीएसटी काउंसिल में वरिष्ठ और अनुभवी वकीलों को शामिल किया जाए। जिला स्तर पर जीएसटी सलाहकार परिषद गठित की जाए।
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धरने के बाद वकीलों ने नगर विकास मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, डीएम, अपर आयुक्त वाणिज्य कर इटावा जोन, संयुक्त आयुक्त मैनपुरी जोन को दिया। मौके पर प्रभाकर मित्तल, केएस जौहरी, सुभाषचंद्र चेत, बीपी मिश्रा, वैभव जैन, सुमित तिवारी, अरविंद कुमार गुपता, संजीव कुमार वर्मा, राहुल श्रीवास्तव, नीरज गुप्ता आदि मौजूद थे। दूसरे गुट के राजीव कुलश्रेष्ठ, अशोक गुप्ता, आरपी गुप्ता, सुनील गुप्ता, मनोज यादव, राजेश यादव, मिथलेश यादव, पवन कुमार मिश्रा, राहुल कुलश्रेष्ठ, श्याम त्रिवेदी, आशीष दुबे आदि रहे।
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धरने के दौरान एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय जैन ने कहा जीएसटी में विलंब शुल्क की व्यवस्था समाप्त की जाए। विलंब पर जुर्माना, फार्म 3बी समाप्त किया जाए। विलंब शुल्क के रूप में जमा की गई राशि व्यापारी के लेजर में स्वत: जमा मानी जाए। सचिव अनुपम कुमार सिंह ने कहा जीएसटी प्रारूप को और भी सरल किया जाए।
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एचएसएन कोड की व्यवस्था समाप्त की जाए। विवरणी में मात्रात्मक विवरण पांच सालों तक स्थगित किया जाए। कर की विभिन्न दरों का वर्गीकरण कम किया जाए। जीएसटी काउंसिल में वरिष्ठ और अनुभवी वकीलों को शामिल किया जाए। जिला स्तर पर जीएसटी सलाहकार परिषद गठित की जाए।
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धरने के बाद वकीलों ने नगर विकास मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, डीएम, अपर आयुक्त वाणिज्य कर इटावा जोन, संयुक्त आयुक्त मैनपुरी जोन को दिया। मौके पर प्रभाकर मित्तल, केएस जौहरी, सुभाषचंद्र चेत, बीपी मिश्रा, वैभव जैन, सुमित तिवारी, अरविंद कुमार गुपता, संजीव कुमार वर्मा, राहुल श्रीवास्तव, नीरज गुप्ता आदि मौजूद थे। दूसरे गुट के राजीव कुलश्रेष्ठ, अशोक गुप्ता, आरपी गुप्ता, सुनील गुप्ता, मनोज यादव, राजेश यादव, मिथलेश यादव, पवन कुमार मिश्रा, राहुल कुलश्रेष्ठ, श्याम त्रिवेदी, आशीष दुबे आदि रहे।