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Agra: 114 साल पुरानी क्वीन एंप्रेस मैरी लाइब्रेरी हुई शुरू, राज्यपाल बोलीं- पुस्तकें सबसे अच्छी दोस्त
Thu, 31 Jul 2025 12:16 AM IST
अरुन पाराशर
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Published by: अरुन पाराशर
Updated Thu, 31 Jul 2025 12:16 AM IST
सार
युवाओं को लाइब्रेरी से जोड़ने के लिए इंजीनियरिंग, लोकसेवा, मेडिकल, कॉमर्स, साइंस आदि से जुड़ी पुस्तकें भी हैं। इसके अलावा 19 क्यूबिकल बनाए गए हैं।
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लाइब्रेरी में जानकारी लेतीं राज्यपाल।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
आगरा के सदर बाजार में साल 1911 में स्थापित की गई क्वीन एंप्रेस मैरी लाइब्रेरी का जीर्णोद्धार के बाद नए स्वरूप में बुधवार को प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने लोकार्पण किया। 3.25 करोड़ रुपये की लागत से आगरा स्मार्ट सिटी ने लाइब्रेरी को तैयार कराया है। यहां अब 7500 से ज्यादा पुस्तकें हैं। राज्यपाल ने युवाओं से कहा कि वह पुस्तक संस्कृति से जुड़ें, किताबें ही मानव की सबसे अच्छी दोस्त हैं।
शाम को लाइब्रेरी के लोकार्पण के लिए पहुंचीं राज्यपाल ने लाइब्रेरी की इमारत का भ्रमण किया। पुस्तकों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने लाइब्रेरी में शिलापट्टिका का अनावरण किया। छावनी परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष डॉ. पंकज महेंद्रू, मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह और नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने लाइब्रेरी के जीर्णोद्धार और पुस्तकों के बारे में बताया।
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शाम को लाइब्रेरी के लोकार्पण के लिए पहुंचीं राज्यपाल ने लाइब्रेरी की इमारत का भ्रमण किया। पुस्तकों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने लाइब्रेरी में शिलापट्टिका का अनावरण किया। छावनी परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष डॉ. पंकज महेंद्रू, मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह और नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने लाइब्रेरी के जीर्णोद्धार और पुस्तकों के बारे में बताया।
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राज्यपाल को बताया गया कि ब्रिटिश काल की 100 साल से ज्यादा पुरानी पुस्तकें लाइब्रेरी में हैं। युवाओं को लाइब्रेरी से जोड़ने के लिए इंजीनियरिंग, लोकसेवा, मेडिकल, कॉमर्स, साइंस आदि से जुड़ी पुस्तकें भी हैं। इसके अलावा 19 क्यूबिकल बनाए गए हैं जिनमें इंटरनेट की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।
अब तक 100 छात्र लाइब्रेरी के सदस्य बन चुके हैं। इस जानकारी पर राज्यपाल ने संतोष जताया और कहा कि युवाओंं को नए संसाधनों के साथ लाइब्रेरी से जोड़ा जाए। इस दौरान उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता चौहान, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया, विधायक चौ. बाबूलाल, छोटे लाल वर्मा, लाइब्रेरी से जुड़ीं डॉ. रेनू महेंद्रू, अरुण महेंद्रू, डॉ. करन महेंद्रू, डॉ. आकृति और अजय शर्मा मौजूद रहे।
अब तक 100 छात्र लाइब्रेरी के सदस्य बन चुके हैं। इस जानकारी पर राज्यपाल ने संतोष जताया और कहा कि युवाओंं को नए संसाधनों के साथ लाइब्रेरी से जोड़ा जाए। इस दौरान उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता चौहान, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया, विधायक चौ. बाबूलाल, छोटे लाल वर्मा, लाइब्रेरी से जुड़ीं डॉ. रेनू महेंद्रू, अरुण महेंद्रू, डॉ. करन महेंद्रू, डॉ. आकृति और अजय शर्मा मौजूद रहे।
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शोध और ज्ञान के विस्तार का आधार
राज्यपाल के भ्रमण के दौरान प्रदेश सरकार की कैबिनेट मंत्री बेबीरानी मौर्य और उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय साथ रहे। कैबिनेट मंत्री बेबीरानी मौर्य ने कहा कि लाइब्रेरी बच्चों और महिलाओं में अध्ययनशीलता और बौद्धिक विकास को प्रोत्साहित करते हैं। कैबिनेट मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि पुस्तकालयों का संरक्षण और आधुनिकीकरण उच्च शिक्षा को मजबूती देता है। ऐसे संस्थान शोध और ज्ञान के विस्तार के लिए आधार स्तंभ की भूमिका निभाते हैं। डॉ. पंकज महेंदू इस लाइब्रेरी का संचालन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक लाइब्रेरी शिक्षा, शोध और साहित्य के मंदिर के रूप में प्रतिष्ठित हो, इसके प्रयास किए जाएंगे।
राज्यपाल के भ्रमण के दौरान प्रदेश सरकार की कैबिनेट मंत्री बेबीरानी मौर्य और उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय साथ रहे। कैबिनेट मंत्री बेबीरानी मौर्य ने कहा कि लाइब्रेरी बच्चों और महिलाओं में अध्ययनशीलता और बौद्धिक विकास को प्रोत्साहित करते हैं। कैबिनेट मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि पुस्तकालयों का संरक्षण और आधुनिकीकरण उच्च शिक्षा को मजबूती देता है। ऐसे संस्थान शोध और ज्ञान के विस्तार के लिए आधार स्तंभ की भूमिका निभाते हैं। डॉ. पंकज महेंदू इस लाइब्रेरी का संचालन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक लाइब्रेरी शिक्षा, शोध और साहित्य के मंदिर के रूप में प्रतिष्ठित हो, इसके प्रयास किए जाएंगे।