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राममंदिर निर्माण का हल धर्म संसद में सुलझाएंगे संत
Updated Mon, 06 Nov 2017 09:17 AM IST
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राम मंदिर
- फोटो : डैमो
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वृंदावन (मथुरा)। विश्व हिंदू परिषद की बैठक रविवार को पानीघाट स्थित उमापीठ में हुई। बैठक में संतों ने 24 से 26 नवंबर तक कर्नाटक के उडूपी में होने वाली धर्म संसद में राम मंदिर निर्माण का मुद्दा सुलझाने का दावा किया।
बैठक में विहिप के धर्माचार्य संपर्क प्रमुख राजनारायण द्विवेदी ने कहा कि साक्ष्य और वर्तमान स्थिति सब रामलला के पक्ष में होते हुए भी राम मंदिर निर्माण में विलंब हो रहा है। अब समय आ गया है कि इसका निर्णय उडूपी (कर्नाटक) की धर्म संसद अपने स्तर से करें।
अध्यक्षता करते हुए उमापीठाधीश्वर स्वामी रामदेवानंद सरस्वती ने कहा कि राम मंदिर निर्माण के लिए वृंदावन का संत समाज हर संभव प्रयास करेगा एवं धर्म संसद में मुद्दा उठाए जाने का भी समर्थन करता है।
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कैप्टन हरिहर शर्मा ने बताया कि उडूपी के पेजावर मठ में 24 से 26 नवंबर तक 15वीं धर्मसंसद आयोजित होगी। राम मंदिर निर्माण के साथ गंगा-यमुना शुद्धिकरण व गोवंश संरक्षण संबंधी विषयों पर मंथन किया जाएगा। महंत फूलडोल बिहारीदास, स्वामी चित्तप्रकाशानंद, रामस्वरूप ब्रह्मचारी, भागवत प्रवक्ता मनोज मोहन शास्त्री आदि उपस्थित थे।
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बैठक में विहिप के धर्माचार्य संपर्क प्रमुख राजनारायण द्विवेदी ने कहा कि साक्ष्य और वर्तमान स्थिति सब रामलला के पक्ष में होते हुए भी राम मंदिर निर्माण में विलंब हो रहा है। अब समय आ गया है कि इसका निर्णय उडूपी (कर्नाटक) की धर्म संसद अपने स्तर से करें।
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अध्यक्षता करते हुए उमापीठाधीश्वर स्वामी रामदेवानंद सरस्वती ने कहा कि राम मंदिर निर्माण के लिए वृंदावन का संत समाज हर संभव प्रयास करेगा एवं धर्म संसद में मुद्दा उठाए जाने का भी समर्थन करता है।
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कैप्टन हरिहर शर्मा ने बताया कि उडूपी के पेजावर मठ में 24 से 26 नवंबर तक 15वीं धर्मसंसद आयोजित होगी। राम मंदिर निर्माण के साथ गंगा-यमुना शुद्धिकरण व गोवंश संरक्षण संबंधी विषयों पर मंथन किया जाएगा। महंत फूलडोल बिहारीदास, स्वामी चित्तप्रकाशानंद, रामस्वरूप ब्रह्मचारी, भागवत प्रवक्ता मनोज मोहन शास्त्री आदि उपस्थित थे।