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Shimla News: बारिश ने रोकी सेब सीजन की रफ्तार, घटा कारोबार
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भट्ठाकुफर फल मंडी में घटी सेब की आपूर्ति
प्रतिदिन नौ हजार सेब पेटी तक आई कमी
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। लगातार हो रही बारिश ने सेब सीजन की रफ्तार रोक दी है। ऊपरी शिमला के अधिकतर संपर्क मार्ग भूस्खलन होने के चलते बंद हो गए हैं। इस वजह से बागवान सेब लेकर मंडी नहीं पहुंच पा रहे हैं।
राजधानी की भट्ठाकुफर फल मंडी में सेब की आपूर्ति में प्रतिदिन नौ हजार तक पेटियों की कमी आई है। सोमवार को फल मंडी में 150 सेब की गाड़ियां पहुंची थीं जिसमें करीब 14 हजार सेब की पेटियां थीं। वहीं मंगलवार को केवल 50 गाड़ियां ही सेब लेकर मंडी में पहुंची जिसमें करीब पांच हजार सेब की पेटियां थीं। जिला के कोटखाई, ठियोग और कोटगढ़ में सड़कें बंद होने से सेब की गाड़ियां फंसी हुई हैं। बागवानों का कहना है कि तोड़ा गया सेब गाड़ियों में ज्यादा दिन तक रहने से खराब हो जाता है जिससे फल की गुणवत्ता खराब हो जाती है। इससे मंडी में फसल के अच्छे दाम नहीं मिल पाते। लगातार बारिश होने से बागवानों ने सेब तुड़ान रोक दिया है। इसकी वजह से मंडी में सेब की आपूर्ति में गिरावट आई है। रविवार को भट्ठाकुफर फल मंडी में रेड गोल्डन सेब की 20 किलो की पेटी 1,000 से 1,200 और रॉयल सेब की पेटी 500 से 2,000 रुपये में बिकी।
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प्रतिदिन नौ हजार सेब पेटी तक आई कमी
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। लगातार हो रही बारिश ने सेब सीजन की रफ्तार रोक दी है। ऊपरी शिमला के अधिकतर संपर्क मार्ग भूस्खलन होने के चलते बंद हो गए हैं। इस वजह से बागवान सेब लेकर मंडी नहीं पहुंच पा रहे हैं।
राजधानी की भट्ठाकुफर फल मंडी में सेब की आपूर्ति में प्रतिदिन नौ हजार तक पेटियों की कमी आई है। सोमवार को फल मंडी में 150 सेब की गाड़ियां पहुंची थीं जिसमें करीब 14 हजार सेब की पेटियां थीं। वहीं मंगलवार को केवल 50 गाड़ियां ही सेब लेकर मंडी में पहुंची जिसमें करीब पांच हजार सेब की पेटियां थीं। जिला के कोटखाई, ठियोग और कोटगढ़ में सड़कें बंद होने से सेब की गाड़ियां फंसी हुई हैं। बागवानों का कहना है कि तोड़ा गया सेब गाड़ियों में ज्यादा दिन तक रहने से खराब हो जाता है जिससे फल की गुणवत्ता खराब हो जाती है। इससे मंडी में फसल के अच्छे दाम नहीं मिल पाते। लगातार बारिश होने से बागवानों ने सेब तुड़ान रोक दिया है। इसकी वजह से मंडी में सेब की आपूर्ति में गिरावट आई है। रविवार को भट्ठाकुफर फल मंडी में रेड गोल्डन सेब की 20 किलो की पेटी 1,000 से 1,200 और रॉयल सेब की पेटी 500 से 2,000 रुपये में बिकी।
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