हिमाचल में मातृत्व वंदना योजना शुरू, खाते में डाले जा रहे हैं पैसे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रदेश में मातृत्व वंदना योजना 10 जनवरी से शुरू हो गई है। योजना के अंतर्गत प्रदेश में अभी तक 1073 गर्भवती महिलाओं को लाभ दिया गया है। सरकार ने इन महिलाओं के खाते में योजना के तहत मिलने वाली राशि भी वितरित कर दी है।
अतिरिक्त निदेशक महिला एवं बाल विकास निदेशालय दलीप नेगी ने भी इसकी पुष्टि की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 31 दिसंबर, 2016 को घोषणा की थी कि गर्भवती महिलाओं के खाते में पांच हजार रुपये डाले जाएंगे।
प्रदेश सरकार ने भी 10 जनवरी से योजना लागू कर दी। प्रदेश महिला एवं बाल विकास निदेशालय में अभी तक 21382 महिलाओं के आवेदन आए हैं। इनमें 8 हजार 217 महिलाओं के खाते में इसी माह पैसा डाल दिया जाएगा।
महिलाओं के खाते में तीन चरणों में राशि वितरित की जाएगी। योजना के तहत अभी मंडी में 300, सिरमौर में 199, कांगड़ा में 150, बिलासपुर में 125, कुल्लू में 93, ऊना में 82, लाहौल-स्पीति में 1, जबकि शिमला में 123 गर्भवती और प्रसूता महिलाएं लाभान्वित हुई हैं।
मंडी के सबसे ज्यादा आवेदन
महिला एवं बाल विकास निदेशालय के उप निदेशक डॉ. ओंकार सिंह ठाकुर ने कहा कि अन्य चार जिलों का मास्टर डाटा भी सीएएस साफ्टवेयर में अपलोड कर दिया है। इसी माह इन गर्भवती महिलाओं को योजना का लाभ मिल जाएगा।
मातृ वंदना योजना से लाभान्वित होने के लिए प्रदेश में कुल 21 हजार 382 गर्भवती और प्रसूता महिलाओं ने आवेदन किए हैं।
इसमें मंडी जिले से सबसे ज्यादा 5088 आवेदन मिले हैं, जबकि हमीरपुर से 3719, सिरमौर से 3433, कांगड़ा से 1804, शिमला से 1389, सोलन से 1695, बिलासपुर से 1661, चंबा से 703, कुल्लू से 703, ऊना से 670, किन्नौर से 508 और लाहौल-स्पीति से मात्र 9 आवेदन आए हैं।