तकनीकी विवि भूमि मामलाः जिला प्रशासन ने खरीदारों को भेजे समन
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तकनीकी विश्वविद्यालय के लिए चिह्नित भूखंड को धोखे से कारोबारियों के नाम करने के मामले में जिला प्रशासन हरकत में आ गया है। फौरी कार्रवाई करते हुए जिला प्रशासन ने ग्राम पंचायत दडूही में तकनीकी विश्वविद्यालय के समीप जमीन खरीदने वाले कारोबारियों को समन जारी कर दिए हैं।
खरीदारों को एसडीएम कोर्ट हमीरपुर में तलब किया है। इसके साथ ही राजस्व विभाग के अधिकारियों से भी जिला प्रशासन ने पूछताछ शुरू कर दी है। प्रशासन ने सवाल उठाए हैं कि तकनीकी विवि के लिए चिह्नित भूखंड को दी जाने वाली फॉरेस्ट क्लीयरेंस की फाइल
जिन राजस्व अधिकारियों ने तैयार की है, उन्होंने मामला ध्यान में होने के बावजूद उस वन भूमि को निजी दिखाकर कारोबारियों के नाम पर रजिस्ट्री व इंतकाल कैसे कर दिया।
प्रशासन ने कहा कि यह जांच का विषय रहेगा, लेकिन इसके साथ ही राजस्व रिकॉर्ड में गलत एंट्री को सुधारने के आदेश दे दिए हैं। तकनीकी विवि के लिए आवंटित भूमि की निशानदेही के दौरान यह गड़बड़झाला सामने आया है।
जिस अधिकारी ने पकड़ा मामला, उसका किया ट्रांसफर
तकनीकी विवि के पूर्व कुल सचिव ने निशानदेही के दौरान यह मामला पकड़ा था। उन्होंने इस मामले को जिला प्रशासन के समक्ष उठाया। पूर्व कांग्रेस सरकार में हुए इस भूमि के गड़बड़झाले को दबा दिया गया। इस मामले में कोई कार्रवाई होने से पहले विवि के अधिकारी का तबादला भी कर दिया गया।
माना जा रहा है कि प्रदेश भाजपा सरकार इस मामले में संलिप्त राजस्व विभाग के अधिकारियों को बख्शने के मूड में नहीं है। अब विवि में नवनियुक्त कुलसचिव ने इस मामले को उजागर किया है। जिस पर कार्रवाई शुरू हो गई है।
तकनीकी विवि के लिए चिह्नित वन भूमि को जिन कारोबारियों के नाम किया गया है, उन्हें समन जारी कर दिए गए हैं। इसके साथ ही राजस्व विभाग के अधिकारियों से भी पूछताछ की जा रही है। नियमानुसार विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।-अरिंदम चौधरी, एसडीएम हमीरपुर।
कारोबार की दृष्टि से बदला भूखंड
हमीरपुर के कुछ कारोबारियों ने दडूही पंचायत में तकनीकी विवि से कुछ दूरी पर साढ़े चार कनाल भूमि खरीदी है। राजस्व विभाग ने कारोबारियों के भूखंड को तकनीकी विवि के लिए चिह्नित भूखंड से बदल दिया है।
जमीन की अदला बदला करने का मकसद आने वाले समय में विवि की जमीन पर कोई होटल, रेस्टोरेंट, शॉपिंग मॉल, हॉस्टल, बहुमंजिला भवन खड़ा करना हो सकता है। चूंकि जिन खरीदारों ने दडूही पंचायत में जमीन खरीदी है, वह विवि से करीब 45-50 मीटर की दूरी पर है।
अब खरीदार जिस जमीन पर अपना हक जता रहे हैं, वह विवि कैंपस से बिल्कुल साथ लगती है। जब विवि का अपना कैंपस शुरू हो जाएगा तो वहां पा आने वाले समय में बड़ा कारोबार शुरू हो सकता है।