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Rishikesh News: घर के पास शव दफनाने पर हुआ विवाद, बातचीत से मामला सुलझा
Thu, 03 Sep 2026 07:20 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Thu, 03 Sep 2026 07:20 PM IST
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जौलीग्रांट। थानो न्याय पंचायत क्षेत्र के अंतर्गत कोटिमयचक पंचायत में शव दफनाने पर दो समुदायों में विवाद हो गया। सूचना पाकर डोईवाला प्रशासन, पुलिस और जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे। बातचीत के बाद मामला सुलझने से शव को दफनाया गया।
कोटिमयचक में ग्राम समाज की भूमि पर एक विशेष समुदाय के व्यक्ति का शव दफनाने पर शुक्रवार को विवाद हो गया। आरोप है कि यह शव एक व्यक्ति के घर के पास ग्राम समाज की भूमि पर दफनाया जा रहा था। मामला संवेदनशील होने के कारण डोईवाला प्रशासन, रानीपोखरी थाना पुलिस और क्षेत्र के जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे। बातचीत के बाद मामला सुलझा लिया गया जिसके बाद शव को दफनाया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि विशेष समुदाय के लोग पास में ही दूसरी भूमि पर स्थित अपने कब्रिस्तान में शव दफनाते आए हैं। उन्हें उसी कब्रिस्तान में शव दफनाना चाहिए। ग्राम समाज की भूमि पर शव दफनाने से विवाद बढ़ सकता है।
स्थानीय निवासी रोहित सोलंकी ने कहा कि शव को समुदाय विशेष के कब्रिस्तान में ही दफनाना चाहिए था लेकिन पुलिस प्रशासन और स्थानीय लोगों के बीच हुई बातचीत के बाद शव को ग्राम समाज की जमीन पर ही दफना दिया गया। क्षेत्र पंचायत सदस्य हिमांशु पंवार ने कहा कि शव दफनाने पर विवाद जरूर हुआ लेकिन ग्राम प्रधान के पास ही इस मामले की पूरी जानकारी है। वहीं ग्राम प्रधान शिवानी ने कहा कि क्षेत्र में शांति और सद्भाव बनाने के लिए मौके पर मौजूद लोगों, पुलिस और प्रशासन के साथ बातचीत के बाद शव को दफना दिया गया है। ग्राम पंचायत की भूमि से जुड़े इस मुद्दे को खुली बैठक और लोगों के सामने रखा जाएगा। आपसी सहमति बनने के बाद इस मामले में वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। मौके पर अनिल रावत, गजेंद्र, भीम सिंह, गीतांजलि रावत, विकास रावत आदि मौजूद रहे।
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अभिलेखों में ग्राम पंचायत के नाम दर्ज है भूमि
जौलीग्रांट। जिस भूमि पर शव को दफनाया गया है वो भूमि राजस्व अभिलेखों में ग्राम पंचायत के नाम दर्ज है। जबकि राजस्व नक्शे में इस भूमि पर कब्रिस्तान का चिह्न बना हुआ है। इस संबध में नक्शे की त्रुटि को दूर करने के लिए पिछले वर्ष 25 दिसंबर को ग्राम प्रधान शिवानी और अन्य ग्रामीणों की ओर से जिलाधिकारी को ज्ञापन भी दिया था।
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कोट-
-- फिलहाल शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए शव को दफना दिया गया है। ग्रामीण चाहे तो इस मामले में कानूनी कार्रवाई कर सकते हैं। कानूनी कार्रवाई के बाद ही आगे की स्थिति साफ हो पाएगी।-- रामभोज शर्मा, लेखपाल
मौके पर राजस्व विभाग की टीम भी मौजूद रही। दोनों पक्षों से बातचीत के बाद शव को दफना दिया गया। - राजेंद्र सिंह खोलिया प्रभारी निरीक्षक थाना रानीपोखरी
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कोटिमयचक में ग्राम समाज की भूमि पर एक विशेष समुदाय के व्यक्ति का शव दफनाने पर शुक्रवार को विवाद हो गया। आरोप है कि यह शव एक व्यक्ति के घर के पास ग्राम समाज की भूमि पर दफनाया जा रहा था। मामला संवेदनशील होने के कारण डोईवाला प्रशासन, रानीपोखरी थाना पुलिस और क्षेत्र के जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे। बातचीत के बाद मामला सुलझा लिया गया जिसके बाद शव को दफनाया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि विशेष समुदाय के लोग पास में ही दूसरी भूमि पर स्थित अपने कब्रिस्तान में शव दफनाते आए हैं। उन्हें उसी कब्रिस्तान में शव दफनाना चाहिए। ग्राम समाज की भूमि पर शव दफनाने से विवाद बढ़ सकता है।
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स्थानीय निवासी रोहित सोलंकी ने कहा कि शव को समुदाय विशेष के कब्रिस्तान में ही दफनाना चाहिए था लेकिन पुलिस प्रशासन और स्थानीय लोगों के बीच हुई बातचीत के बाद शव को ग्राम समाज की जमीन पर ही दफना दिया गया। क्षेत्र पंचायत सदस्य हिमांशु पंवार ने कहा कि शव दफनाने पर विवाद जरूर हुआ लेकिन ग्राम प्रधान के पास ही इस मामले की पूरी जानकारी है। वहीं ग्राम प्रधान शिवानी ने कहा कि क्षेत्र में शांति और सद्भाव बनाने के लिए मौके पर मौजूद लोगों, पुलिस और प्रशासन के साथ बातचीत के बाद शव को दफना दिया गया है। ग्राम पंचायत की भूमि से जुड़े इस मुद्दे को खुली बैठक और लोगों के सामने रखा जाएगा। आपसी सहमति बनने के बाद इस मामले में वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। मौके पर अनिल रावत, गजेंद्र, भीम सिंह, गीतांजलि रावत, विकास रावत आदि मौजूद रहे।
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अभिलेखों में ग्राम पंचायत के नाम दर्ज है भूमि
जौलीग्रांट। जिस भूमि पर शव को दफनाया गया है वो भूमि राजस्व अभिलेखों में ग्राम पंचायत के नाम दर्ज है। जबकि राजस्व नक्शे में इस भूमि पर कब्रिस्तान का चिह्न बना हुआ है। इस संबध में नक्शे की त्रुटि को दूर करने के लिए पिछले वर्ष 25 दिसंबर को ग्राम प्रधान शिवानी और अन्य ग्रामीणों की ओर से जिलाधिकारी को ज्ञापन भी दिया था।
कोट-
मौके पर राजस्व विभाग की टीम भी मौजूद रही। दोनों पक्षों से बातचीत के बाद शव को दफना दिया गया। - राजेंद्र सिंह खोलिया प्रभारी निरीक्षक थाना रानीपोखरी