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मातम में बदलीं शादी की खुशियां, एक और घायल की मौत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Updated Fri, 12 Oct 2018 11:15 AM IST
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टेंपों ट्रैवलर में सवार लोगों का यह फोटो छैला दुर्घटना से कुछ पल पहले का है। इनमें से कुछ चेहरे सदा के लिए बिछुड़ गए।
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छैला हादसे के एक और घायल ने दम तोड़ दिया। टेंपों ट्रैवलर के लुढ़कने से बुधवार देररात तीन लोगों की मौत और बारह लोग घायल हो गए थे। इनमें गंभीर रूप से घायलों को आईजीएमसी में दाखिल करवाया था जिनमें से एक घायल मनमोहन शर्मा की वीरवार दोपहर को मौत हो गई।
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मनमोहन के सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गहरी चोटें आई थीं। नाजुक हालत के चलते डॉक्टरों ने वीरवार कोे मरीज को एचडीयू (हाई डिपेनडेंसी यूनिट) में शिफ्ट किया था। लेकिन सिर पर अधिक चोट होने के कारण दोपहर बाद उनकी मौत हो गई।
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इस मरीज की मौत के बाद मरने वालों की संख्या चार हो गई है। अस्पताल में अब भी ग्यारह घायलों का इलाज चल रहा है। तीन इमरजेंसी और आठ ट्रॉमा वार्ड में दाखिल किए हैं। डॉक्टरों की टीम इन पर लगातार निगरानी रख रही है। ठियोग के छैला पुल के पास बुधवार देर शाम शादी समारोह में जा रहे एक टेपों ट्रैवलर अनियंत्रित होकर गिरि नदी में लुढ़क गया। हादसे में शिक्षा मंत्री के छोटे भाई समेत तीन लोगों की मौके पर मौत हो गई थी।
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शरीर से बाहर निकल आए दिल को डॉक्टरों ने फिर कर दिया फिट
छैला पुल के पास हुए टेंपो ट्रैवलर हादसे के एक गंभीर घायल को चिकित्सकों ने दूसरी जिंदगी देने का प्रयास किया है। इस घायल का दिल शरीर से बाहर निकल आया था। हादसे के बाद जैसे ही देररात घायल को अस्पताल पहुंचाया तो सीटीवीएस, जनरल सर्जरी और न्यूरो सर्जरी विभाग के चिकित्सकों ने पंद्रह मिनट के भीतर उसका उपचार शुरू कर दिया।
विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम ने तीन घंटे के ऑपरेशन के बाद मरीज के दिल को दोबारा शरीर के सही हिस्से में प्रत्यारोपित किया। ऑपरेशन के बाद मरीज को वेेंटिलेटर पर रखा है। मरीज की निगरानी भी विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम कर रही है। घायल रंजीत कुठियाला को जब अस्पताल लाया गया तो उसका दिल सामने धड़कता हुआ दिख रहा था। लेकिन अब ऑपरेशन के बाद चिकित्सक मरीज की हालत को पहले से बेहतर बता रहे हैं।
आईजीएमसी के एमएस डॉ. जनकराज ने बताया कि अधिकतर मरीजाें को सिर, पैर और बाजू में चोटें आई हैं। प्राथमिक उपचार के बाद मरीजों के एक्सरे, अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन करवाए गए। हादसा इतना भयानक था कि एक घायल का दिल शरीर से बाहर आ गया था।
इमरजेंसी में मरीज का तत्काल ऑपरेशन कर उसे नई जिंदगी देने का प्रयास किया है। स्वास्थ्य मंत्री विपिन परमार ने सभी मरीजों के इलाज और ऑपरेशन को प्राथमिकता देने को कहा है। मंत्री के निर्देशों पर अमल किया जा रहा है। डॉक्टरों की एक अलग से टीम मरीजों के ऑपरेशन कर रही है।