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Himachal News: विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया बोले- लोकतंत्र में जनता से ही निकलती हैं शासन की शक्तियां
Wed, 21 Jan 2026 07:16 PM IST
अंकेश डोगरा
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
Published by: अंकेश डोगरा
Updated Wed, 21 Jan 2026 07:16 PM IST
सार
19 से 21 जनवरी तक लखनऊ में आयोजित 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा है कि लोकतंत्र में जनता सर्वोच्च है और शासन करने की शक्तियां जनता से ही निकलती हैं। पढ़ें पूरी खबर...
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विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया संबोधित करते हुए।
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार
विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा है कि लोकतंत्र में जनता सर्वोच्च है और शासन करने की शक्तियां जनता से ही निकलती हैं। उन्होंने 19 से 21 जनवरी तक लखनऊ में आयोजित 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन में बुधवार को चर्चा के लिए चयनित विषय ‘जनता के प्रति विधायिका की जवाबदेही’ विषय पर संबोधित किया।
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पठानिया ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था के तीनों स्तंभ विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका जनता के प्रति उत्तरदायी होते हैं। इनमें विधायिका का स्थान विशेष है, क्योंकि यही संस्था जनता का प्रत्यक्ष प्रतिनिधित्व करती है। कानून निर्माण, नीति निर्धारण और सरकार पर नियंत्रण जैसे महत्वपूर्ण कार्य करती है। इसलिए जनता के प्रति विधायिका की जवाबदेही लोकतंत्र की आत्मा मानी जाती है। पठानिया ने कहा कि यदि विधायिका जनता की अपेक्षाओं, आवश्यकताओं और हितों के प्रति उत्तरदायी नहीं रहती है तो लोकतंत्र केवल नाम मात्र रह जाता है।
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पठानिया ने कहा कि विधायिका वह संस्था है, जो कानून बनाने, संशोधित करने और निरस्त करने का कार्य करती है। भारत में विधायिका को संसद और राज्य विधानमंडलों के रूप में देखा जाता है। पठानिया ने कहा कि विधायिका की जवाबदेही का अर्थ है कि विधायिका जनता के हित में कार्य करे, जनता की समस्याओं को समझे और उनके समाधान के लिए कानून बनाए। यदि वह अपने कर्तव्य में असफल रहती है तो जनता उसे चुनाव के माध्यम से बदल सके।
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पठानिया ने कहा कि उसकी अपनी एक उच्च परंपरा तथा गरिमा है। पठानिया ने कहा कि देश के सर्वप्रथम निर्वाचित पीठासीन अधिकारी विठ्ठलभाई पटेल का चुनाव उसी भवन में वर्ष 1925 में हुआ था। पठानिया ने इस अवसर पर उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष, सरकार और अधिकारियों का अतिथ्य सत्कार के लिए हार्दिक धन्यवाद किया तथा 86वें पीठासीन अधिकारी सम्मेलन के सफल आयोजन की बधाई दी। पठानिया पीठासीन अधिकारियों के सम्मान में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की ओर से आयोजित रात्रि भोज में शामिल हुए। पठानिया समेत सभी पीठासीन एवं उप पीठासीन अधिकारी 22 जनवरी को प्रात: 9:00 बजे अयोध्या के लिए रवाना होंगे।