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डीबीयू कालेज-अस्पताल को ताला जड़ विद्यार्थियों का प्रदर्शन
Updated Mon, 04 Dec 2017 10:30 PM IST
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डीबीयू कॉलेज पर विद्यार्थियों ने जड़ा ताला, प्रदर्शन
अकेडमिक कोआर्डिनेटर पर लगाया अभद्र भाषा इस्तेमाल करने का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
मंडी गोबिंदगढ़।
देश भगत यूनिवर्सिटी आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल के बीएएमएस सभी भागों के 100 विद्यार्थियों ने अपनी एकेडमिक कोआर्डिनेटर के रुख से परेशान होकर सुबह 9 बजे कॉलेज का मुख्य गेट बंदकर धरना शुरू कर दिया। उन्होंने अकेडमिक कोआर्डिनेटर डॉ. रिंपलजीत कौर के इस्तीफे की मांग की।
विद्यार्थियों ने बताया कि एक साल से डॉ. रिंपलजीत कौर अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर रही हैं। आठ नवंबर 2017 को उनके एग्जाम खत्म हो चुके हैं। एग्जाम के दौरान जो प्रश्न पत्र उन्हें दिए गए ले वो एमडी लेवल के थे। इस वजह से सौ विद्यार्थियों ने एक पेपर को खाली छोड़ दिया था और एग्जॉम हाल में मैडम ने उन्हें पास ना करने की बात कही थी। विद्यार्थियों का आरोप है कि उन्होंने कभी पूरे लेक्चर अटेंड नहीं किए। उनके माता-पिता को भी उनके बारे में बुरा बोला जाता रहा है। इसकी शिकायत उन्होंने डायरेक्टर को भी लिखित रूप में दी थी। वहीं यूनिवर्सिटी चांसलर डॉ. जोरा सिंह का कहना है कि वह मामले की जांच कर रहे हैं। विद्यार्थियों को बनता इंसाफ दिलाया जाएगा।
सूत्रों के अनुसार देर यूनिवर्सिटी प्रबंधन की ओर से डॉ. रिंपलजीत कौर से इस्तीफा ले लिया गया जिसकी यूनिवर्सिटी की ओर से कोई पुष्टि नहीं की गई। इस्तीफे के बाद विद्यार्थियों ने अपना धरना समाप्त कर दिया।
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फोटो कैप्शन:04जीबीजीपी01: देश भगत कालेज-अस्पताल के बाहर अकैडमिक सुपरडैंट के खिलाफ धरने पर बैठे मैडीकल के विद्यार्थी व रोष प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों को शांत करते पुलिस अधिकारी।
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अकेडमिक कोआर्डिनेटर पर लगाया अभद्र भाषा इस्तेमाल करने का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
मंडी गोबिंदगढ़।
देश भगत यूनिवर्सिटी आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल के बीएएमएस सभी भागों के 100 विद्यार्थियों ने अपनी एकेडमिक कोआर्डिनेटर के रुख से परेशान होकर सुबह 9 बजे कॉलेज का मुख्य गेट बंदकर धरना शुरू कर दिया। उन्होंने अकेडमिक कोआर्डिनेटर डॉ. रिंपलजीत कौर के इस्तीफे की मांग की।
विद्यार्थियों ने बताया कि एक साल से डॉ. रिंपलजीत कौर अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर रही हैं। आठ नवंबर 2017 को उनके एग्जाम खत्म हो चुके हैं। एग्जाम के दौरान जो प्रश्न पत्र उन्हें दिए गए ले वो एमडी लेवल के थे। इस वजह से सौ विद्यार्थियों ने एक पेपर को खाली छोड़ दिया था और एग्जॉम हाल में मैडम ने उन्हें पास ना करने की बात कही थी। विद्यार्थियों का आरोप है कि उन्होंने कभी पूरे लेक्चर अटेंड नहीं किए। उनके माता-पिता को भी उनके बारे में बुरा बोला जाता रहा है। इसकी शिकायत उन्होंने डायरेक्टर को भी लिखित रूप में दी थी। वहीं यूनिवर्सिटी चांसलर डॉ. जोरा सिंह का कहना है कि वह मामले की जांच कर रहे हैं। विद्यार्थियों को बनता इंसाफ दिलाया जाएगा।
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सूत्रों के अनुसार देर यूनिवर्सिटी प्रबंधन की ओर से डॉ. रिंपलजीत कौर से इस्तीफा ले लिया गया जिसकी यूनिवर्सिटी की ओर से कोई पुष्टि नहीं की गई। इस्तीफे के बाद विद्यार्थियों ने अपना धरना समाप्त कर दिया।
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फोटो कैप्शन:04जीबीजीपी01: देश भगत कालेज-अस्पताल के बाहर अकैडमिक सुपरडैंट के खिलाफ धरने पर बैठे मैडीकल के विद्यार्थी व रोष प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों को शांत करते पुलिस अधिकारी।