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उपद्रव: फिर चौंकाने वाला खुलासा, गिरफ्तार अनीस ने कबूला जुर्म, भाई की मौत का लेना चाहता था बदला

Wed, 15 Jan 2020 03:23 AM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ Published by: कपिल kapil Updated Wed, 15 Jan 2020 03:23 AM IST
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Meerut Violence, Accused Anish has big revealing after arrested
आरोपी अनीस सीसीटीवी कैमरे में कैद - फोटो : अमर उजाला

मेरठ में 20 दिसंबर के उपद्रव में पुलिस प्रशासन पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाने वाले अनीस उर्फ खलीफा को मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में आरोपी अनीस ने सनसनीखेज खुलासा किया कि 1987 के दंगे में पुलिस ने उसके भाई रईस की हत्या कर दी थी। जिसका बदला लेने के लिये वह पीएफआई से जुड़ा था। उस दिन हिंसा होते ही उसने पुलिस पर गोलियां चलानी शुरू कर दी थीं। पुलिस ने आरोपी से पिस्टल और तमंचा बरामद किया है।

Meerut Violence, Accused Anish has big revealing after arrested
पथराव करते उपद्रवी - फोटो : अमर उजाला

नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ 20 दिसंबर को लिसाड़ीगेट व हापुड़ रोड पर जमकर उपद्रव हुआ था। जिसमें पुलिस प्रशासन पर पथराव और गोलियां चलाने वाले उपद्रवियों की सीसीटीवी फुटेज से पहचान होनी शुरू हुई थी। जिसमें गोली चलाते मिले अनस, अनीस उर्फ खलीफा व नईम पर एसएसपी ने 20-20 हजार रुपये का इनाम रखा था। पुलिस ने नौ जनवरी को अनस को गिरफ्तार किया था। जिसके बाद अनीस उर्फ खलीफा की गिरफ्तारी के लिए इंस्पेक्टर लिसाड़ीगेट प्रशांत कपिल को लगाया था। मुखबिर की सटीक सूचना पर इंस्पेक्टर ने खलीफा को गिरफ्तार कर लिया।

Meerut Violence, Accused Anish has big revealing after arrested
पथराव करते उपद्रवी - फोटो : अमर उजाला

पुलिस के मुताबिक अनीस उर्फ खलीफा ने बताया कि 1987 के दंगे में उसकी भाई रईस की मौत हो गई थी। तभी से वह पुलिस के खिलाफ था। साल 2004 में अजय देवगन उर्फ पप्पू की हत्या के मामले में लिसाड़ीगेट थाने से जेल गया था। अयोध्या प्रकरण में फैसला आने के बाद खलीफा पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) से जुड़ गया था। पीएफआई के लोग लिसाड़ीगेट में घर-घर जाकर लोगों को उकसा रहे थे। सीएए लागू होने का विरोध करते हुए लोगों को भड़काया गया। 20 दिसंबर को जुमे की नमाज के बाद पुलिस पर हमले की पूरी रणनीति तैयार की गई थी। जिसमें खलीफा और सात-आठ युवकों को पुलिस पर गोलियां चलाने के लिये तैयार किया गया। इस प्लानिंग के तहत हिंसा में पुलिस फोर्स पर गोलियां चलाई थीं।

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Meerut Violence, Accused Anish has big revealing after arrested
पथराव करते उपद्रवी - फोटो : अमर उजाला

इरादा पुलिसकर्मियों की जान लेना था
सीओ कोतवाली दिनेश शुक्ला के मुताबिक हिंसा में गोली चलाने वाले आरोपियों की प्लान पुलिसकर्मियों की जान लेना था। गोली चलाने वाले आरोपी सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए। जिसके आधार पर पुलिस ने तीन आरोपियों की पहचान की। पुलिस दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। आरोपियों ने पुलिस पर गोलियां चलाने का जुर्म कबूला है। निशानदेही पर उनसे हिंसा में प्रयुक्त हथियार भी बरामद हुए हैं।

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Meerut Violence, Accused Anish has big revealing after arrested
पथराव करते उपद्रवी - फोटो : अमर उजाला

पीएफआई के सदस्यों की तलाश 
पुलिस ने अनीस उर्फ खलीफा की गिरफ्तारी के बाद पीएफआई के सदस्यों की तलाश में दबिश देनी शुरू कर दी है। पुलिस ने शास्त्रीनगर, ब्रह्मपुरी व लिसाड़ीगेट में उनकी तलाश की। पुलिस का दावा है कि पीएफआई के सदस्यों ने पहले जानकारी जुटाई थी कि 1987 के दंगे में रईस की हत्या हुई थी। उसके बाद रईस के भाई को अपने संगठन में शामिल किया। हिंसा में पुलिस पर गोली चलाने के लिये उसको उकसाया गया।

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