मुजफ्फरनगर में मोरना निवासी दवा विक्रेता अनुज कर्णवाल की हत्या बड़े भाई के रिश्तेदार के प्रेम-प्रसंग के चलते की गई थी। हत्याकांड के मुख्य आरोपी के साथ ही महिला सहित चार शरणदाताओं को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा पुलिस ने मेरठ के कुलदीप हत्याकांड का भी खुलासा किया है। दोनों वारदातों के तीन आरोपी फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित की गईं हैं। आगे जानिए पूरा अपडेट-
खुल गया दो बड़ी वारदात का राज, खौफनाक तरीके से उतारा था मौत के घाट, हत्यारोपी समेत चार गिरफ्तार
पुलिस लाइन स्थित सभागार में वार्ता करते हुए एसएसपी अभिषेक यादव ने बताया कि 17 सितंबर की रात मोरना निवासी अनुज कर्णवाल को बदमाशों ने दुकान से घर जाते समय गोलियां मारीं थीं। उपचार के दौरान अनुज की मौत हो गई थी। अनुज के बड़े भाई हरिकांत उर्फ डब्बू ने तीन अज्ञात बदमाशों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
एसएसपी ने बताया कि जांच के दौरान हत्यारोपियों की पहचान मोरना निवासी अजित व कपिल, ग्राम भेड़ाहेड़ी निवासी राहुल यादव और गांव शुक्रतारी निवासी आशीष उर्फ टिंकू के रूप में हुई। आशीष उर्फ टिंकू को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया, पूछताछ के बाद अनुज कर्णवाल के साथ ही मेरठ के कपसाड़ में 30 अगस्त को हुई कुलदीप की हत्या का भी खुलासा हुआ।
एसएसपी ने बताया कि उक्त सभी आरोपी आपस में दोस्त हैं। इनकी दोस्ती जेल में रहते हुए परवान चढ़ी। अजित का एक लड़की से प्रेम-प्रसंग चल रहा था, जिसमें कपसाड़ निवासी कुलदीप भी उक्त लड़की के संपर्क में आने का प्रयास करने लगा। इसकी जानकारी लगने पर अजित ने तीनों दोस्तों के साथ मिलकर 30 अगस्त को मेरठ पहुंचकर कुलदीप की गोली मारकर हत्या कर दी थी। कुलदीप की हत्या के बाद चारों आरोपी मोरना व शुक्रतारी के जंगलों में छिपे रहे। इन आरोपियों के खाने पीने का प्रबंध राहुल का चाचा ब्रजपाल, निवासी भेड़ाहेड़ी और अजित का चाचा सोहनवीर, निवासी मोरना करते थे।
17 सितंबर को आरोपियों ने अनुज की भी गोलियों से भूनकर हत्या कर दी। अनुज के बड़े भाई हरिकांत के रिश्तेदार अजित के चाचा की लड़की से प्रेम-संबंध थे। एसएसपी ने बताया कि हत्यारोपियों को शरण देने में सोहनवीर व ब्रजपाल के साथ ही रीना पत्नी राजू और राजू उर्फ राजीव यादव, निवासी गांव नंगला अहीर, थाना गागलहेड़ी सहारनपुर के नाम भी सामने आए। वहीं, पंकज पुत्र कन्हैया व उसकी पत्नी ऋतु भी पूरे मामले में शामिल हैं, जो फरार चल रहे हैं। अनुज व कुलदीप की हत्या में शामिल तीन अन्य आरोपी अजित, कपिल व राहुल यादव फरार हैं।
पुलिस के खुलासे से परिजन संतुष्ट नहीं
मोरना निवासी अनुज कर्णवाल की हत्या के पुलिस द्वारा किए गए खुलासे से परिजन संतुष्ट नहीं हैं, लेकिन पुलिस कार्रवाई पर भरोसा भी जता रहे हैं। अनुज के बड़े भाई जगमोहन कर्णवाल का कहना है कि हरिकांत के रिश्तेदार अजित के प्रेम-संबंधों का हत्या से संबंध होने से वे सहमत नहीं हैं। पुलिस पर भरोसा है कि सही खुलासा किया होगा, इसलिए पुलिस कार्रवाई पर कुछ नहीं कहना चाहते। जगमोहन का कहना है कि खुलासे से पहले हत्यारोपियों की गिरफ्तारी होनी चाहिए थी, तभी उन्हें सुकून मिलेगा।