कांवड़ यात्रा अपने चरम पर है। कांधे पर कांवड़ रखे भोले के भक्त हरिद्वार से जल लेकर अपने अपने गंतव्यों की और बढ़े जा रहे हैं। आज सीएम योगी आदित्यनाथ आज कांवड़ यात्रा का हवाई सर्वेक्षण और कांवड़ यात्रा की निगरानी करने के लिए मेरठ और बागपत पहुंचे।
Kanwad Yatra 2022: सीएम योगी का हेलीकॉप्टर दौरा, लिया कांवड़ यात्रा का जायजा, देखिए पुरामहादेव की खास तस्वीरें
रंगबिरंगी कांवड़ व झांकियों के साथ शिवभक्त भगवान शिव के भजनों के साथ मंजिल की ओर बढ़ते जा रहे हैं। विशाल कांवड़ पर मनमोहक झांकियां श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रही हैं। शिवभक्त डाक कांवड़ियों के काफिले हरिद्वार से गंगाजल लाने के लिए शहर से होकर गुजर रहे हैं। डीजे की धुन और हर-हर महादेव के जयकारों से शहर गुंजायमान हो रहा है। कहीं विशाल झांकियां तो कहीं योगी-मोदी के मुखौटे पहने भी कांवड़िए मार्गों से गुजर रहे हैं। आकर्षक झांकी देखकर श्रद्धालु भी झूमने लगते हैं। सुबह और शाम कांवड़ियों की संख्या अधिक होती है। दोपहर में ज्यादातर कांवड़िये शिविरों में आराम कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हेलीकॉप्टर के अलावा एक दूसरा हेलीकॉप्टर मेरठ पुलिस लाइन पहुंचा है। यहां से पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी कावड़ मार्ग पर हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा करने निकलेंगे। मेरठ से कमिश्नर सुरेंद्र सिंह, एडीजी राजीव सभरवाल व आईजी प्रवीण कुमार समेत पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मुस्तैद हैं। पुष्प वर्षा के लिए पूरी तैयारी कर ली गई हैं।

बागपत जिले में कांवड़ियों के पहुंचने से हाईवे से लेकर पुरा महादेव मंदिर तक क्षेत्र केसरिया रंग में रंग गया है। हरिद्वार व गोमुख से गंगाजल लेकर शिव भक्त पुरा के परशुरामेश्वर मंदिर पहुंचने शुरू हो गए हैं। कांवड़ियों और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए मंदिर परिसर और मेला परिसर में पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। रविवार को लगभग दस हजार कांवड़ियों और क्षेत्र व आसपास के गांवों से आए श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जलाभिषेक किया। रविवार को मंदिर में सुबह तीन बजे से ही श्रद्धालुओं की भीड़ लगनी शुरू हो गई थी। सोमवार को भी सुबह से ही भारी भीड़ जलाभिषेक के लिए उमड़ी है।
कांवड़ यात्रा में दिख रही अनूठी श्रद्धा
बागपत के गांव रंछाड़ निवासी बाबू खान मुजफ्फरनगर के पुरकाजी से निकल चुके हैं। इससे पहले बाबू खान ने गंगा मैया में स्नान करने के बाद पूजा-अर्चना की और कांवड़ में गंगा जल रखकर बागपत के पुरा महादेव मंदिर के लिए रवाना हो गए। बाबू खान का कहना है, मैंने इस्लाम धर्म नहीं छोड़ा है, सिर्फ कांवड़ लाने में आस्था है। इसलिए हर साल कांवड़ लेने के लिए हरिद्वार आता हूं।