कानपुर में हिस्ट्रीशीटर नरेंद्र सिंह सेंगर उर्फ पिंटू सेंगर हत्याकांड में दो दिन पहले भेजे गए गुमनाम पत्रों में जिस सिपाही की ओर इशारा किया गया है, वह वर्तमान में उन्नाव में तैनात है। सिपाही करोड़पति है। उसके पास अकूत संपत्ति है।
2 of 5
बसपा नेता पिंटू सेंगर हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
पूर्वांचल के एक माफिया से गठजोड़ भी है। दो दिन पहले मीडिया संस्थानों में भेजे गए गुमनाम पत्र सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहे हैं। इसमें लिखा है कि पिंटू सेंगर के साथ काम करने वाले पूर्वांचल के सिपाही मिश्रा को पिंटू को साढ़े छह करोड़ रुपये देने थे।
3 of 5
बसपा नेता पिंटू सेंगर हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
एसपी पूर्वी राजकुमार अग्रवाल ने बताया कि हत्या में सिपाही की भूमिका है या नहीं, इसकी जांच सीओ कैंट आरके चतुर्वेदी को दी गई है। चकेरी इंस्पेक्टर आरके गुप्ता भी जांच करेंगे।
4 of 5
बसपा नेता की दिनदहाड़े गोलियों से भूनकर हत्या
- फोटो : अमर उजाला
प्रॉपर्टी के काम में करोड़ों लगाए, करोड़ों हड़पे
सिपाही के एक करीबी ने बताया कि मिश्रा पिंटू के साथ काम करने लगा था। उसने प्रापर्टी में करोड़ों रुपये लगाए। बहुत से लोगों का करोड़ों रुपया हड़प भी लिया। जो विरोध करता था, उसे फंसाने की धमकी देता था। प्रापर्टी के संबंध में ही साढ़े छह करोड़ रुपये सिपाही को पिंटू को देने थे। वह यह रकम देना नहीं चाहता था। इसीलिए हत्या के मामले में शक की सुई सिपाही की तरफ भी घूम गई है। सिपाही के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले की भी जांच चल रही है।
5 of 5
जांच करती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
हत्याकांड में पुलिस के हाथ खाली
हत्या में पुलिस के हाथ अभी भी खाली हैं। जितने विवाद पुलिस उतने बिंदुओं पर उलझी है। अभी तक शूटरों का भी नहीं पता चल सका। शूटर पकड़ में आ जाएं तो हत्याकांड का खुलासा हो सकता है। वहीं पुलिस शुक्लागंज के शातिर अपराधी को तलाश कर रही है। शुक्लागंज में हुए शुभम मणि हत्याकांड से भी तार जोड़कर तफ्तीश कर रही है।