फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

एसआरएन के कोरोना वार्ड में भर्ती युवक की मौत, अस्पताल में मचा रहा हड़कंप

Sat, 18 Apr 2020 12:40 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sat, 18 Apr 2020 12:40 AM IST
विज्ञापन
Death of young man admitted in SRN's corona ward, stir in hospital
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : पेक्सेल्स

स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय के कोरोना वार्ड में बृहस्पतिवार की रात एक और युवक की मौत हो गई। वह यहां दिन में ओपीडी में दिखाने आया था। हालत खराब होने के कारण उसे वार्ड नंबर 10 में भर्ती किया गया था। जहां रात तीन बजे उसकी मौत हो गई। मरीज की मौत के बाद अस्पताल में हड़कंप मचा रहा। इसके पहले वार्ड नंबर नौ में भर्ती कोरोना संदिग्ध की मौत हुई थी। मौत के बाद युवक में कोरोना की पुष्टि के लिए स्वाब सैंपल भेजा गया लेकिन, रिपोर्ट निगेटिव आई। इसके बाद उसके पार्थिव शरीर को घर वालों को सौंप दिया गया। बताया जा रहा है कि युवक कैंसर का मरीज भी था। 

Death of young man admitted in SRN's corona ward, stir in hospital
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

फतेहपुर जिले के खागा इलाके के माधो सिंह (38) कमला नेहरू मेमोरियल अस्पताल में दिखाने आया था। बताया जा रहा है कि उसे जुकाम, बुखार की शिकायत थी तो उसे एसआरएन भेज दिया गया। वह यहां एसआरएन की कोरोना ओपीडी में डॉक्टर को दिखाने आया था। उसकी हालत खराब हो गई तो उसका वार्ड नंबर 10 में भर्ती कर उपचार किया जाता रहा लेकिन रात तीन बजे उसकी मौत हो गई। युवक  की मौत के बाद अस्पताल में हड़कंप मच गया। अस्पताल में दो दिनों में यह तीसरी मौत है। इसके पहले वार्ड नंबर नौ में नार्थ मलाका निवासी 23 वर्षीय युवक की मौत हो चुकी है। मौत की वजह दमा बताई जा रही है। 

इधर माधो सिंह की मौत के बाद अस्पताल प्रशासन ने उसके स्वाब सैंपल लेकर जांच के लिए भेज दिए। रिपोर्ट निगेटिव आई है। नार्थ मलाका निवासी युवक की जांच रिपोर्ट भी निगेटिव आई। अस्पताल के एसआईसी डॉ. एके श्रीवास्तव ने बताया कि दोनों के शव को परिजनों को सौंप दिया गया। परिजन शव लेकर घर चले गए। उन्हें अभी कुछ दिनों तक बाहर न निकलने की सलाह दी गई है।

Death of young man admitted in SRN's corona ward, stir in hospital
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Social media

 वार्ड ब्वॉय ने निकाला स्वाब सैंपल

एसआरएन चिकित्सालय में मौत हो चुकी दोनों युवकों की जांच कराने के मामले में अस्पताल प्रशासन की ओर से लापरवाही भी बरती गई। कहा जा रहा है कि रात में दोनों युवकों के  नमूनों के लिए कोई तकनीशियन नहीं पहुंच सका तो वार्ड ब्वॉय से ही स्वाब सैंपल निकलवाकर माइक्रोबॉयोलॉजी लैब भेजा गया। जबकि, एसआरएन में इसके लिए चार लैब तकनीशियन रखे गए हैं। वे न तो नार्थ मलाका की युवक का स्वाब लेने गए और न ही फतेहपुर के युवक का।  

मौत के बाद ट्रीटमेंट मैनेजमेंट पर खड़े हुए सवाल

एसआरएन में दो दिनों में तीन मौतों के बाद ट्रीटमेंट मैनेजमेंट को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। जानकारों का कहना है कि कोरोना की आशंका पर भर्ती होने वाले मरीजों की ठीक से देखभाल नहीं हो पा रही है। इसी वजह से लोग दम तोड़ रहे हैं। अगर ट्रीटमेंट मैनेजमेंट सही हो तो मरीज की जान शायद बच सकती। मामले में अस्पताल के एसआईसी डॉ. एके श्रीवास्तव कहते हैं कि उन्होंने मरीजों की देखभाल के लिए एक कमेटी बनाई है।

इसके सभी विभाग के फैकेल्टी सदस्यों को शामिल किया गया है। जिससे कि मरीज की जरूरत के हिसाब से ट्रीटमेंट मिल सके। लेकिन अस्पताल के सूत्र बताते हैं कि ये कमेटी मरीजों की मौत के बाद बनाई गई है। उधर, कोरोना के नोडल ऑफिसर डॉ. सुजीत कुमार ने कहा कि शहर के निजी अस्पतालों में गंभीर मरीज भर्ती नहीं हो पा रहे हैं। वे यहां आ रहा हैं। उन्हें भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। उसमें कोई लापरवाही नहीं की जा रही है। 
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed