आगरा में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच 21 सितंबर से ताजमहल पर्यटकों के लिए खोल दिया जाएगा। कोविड-19 प्रोटोकॉल के तहत संस्कृति मंत्रालय ने ताजमहल में पर्यटकों के लिए गाइड लाइन जारी की है, जिसके तहत सभी तरह के भुगतान केवल डिजिटल होंगे। नकदी का इस्तेमाल कहीं भी नहीं किया जा सकेगा।
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क्यूआर कोड स्कैन करते पर्यटक
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ताजमहल का टिकट, फोटोग्राफरों की फीस और गाइड फीस के साथ किसी भी तरह का लेन-देन केवल डिजिटल तरीके से ही होगा। इसके लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने टिकट काउंटरों पर क्यूआर कोड स्कैन करने की सुविधा प्रदान की है तो वहीं ऑनलाइन टिकट बुकिंग की जा सकेगी।
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ताजमहल के फोटोग्राफरों ने भी नगदी के लेनदेन से बचने के लिए डिजिटल भुगतान के लिए कई एप इस्तेमाल करने शुरू कर दिए हैं। ताजमहल पर फोटोग्राफी करने वाले सतीश शर्मा का कहना है कि उन्होंने 3 एप डाउनलोड किए हैं, जिनके जरिये उन्हें भुगतान किया जा सकता है। क्यूआर कोड स्कैन करके भी उनकी फीस का भुगतान करने की सुविधा पर्यटकों को देंगे। उनकी तरह कई फोटोग्राफरों ने क्यूआर कोड स्कैन और पेटीएम की सुविधा पर्यटकों के लिए रखी है।
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ताजमहल का मुख्य गुंबद
- फोटो : अमर उजाला
ताजमहल में पर्यटक शाहजहां और मुमताज की कब्र वाले मुख्य गुंबद पर भी भ्रमण कर सकेंगे। कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन करते हुए मुख्य गुंबद में भीड़ ना बढ़े, इसलिए एक बार में 5-5 पर्यटकों को ही गुंबद के अंदर जाने की इजाजत होगी।
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ताजमहल में सन्नाटा
- फोटो : Amar Ujala
ताजमहल में प्रवेश के लिए भारतीय पर्यटकों के लिए 50 रुपये का प्रवेश टिकट है लेकिन मुख्य गुंबद पर प्रवेश के लिए 200 रुपये का अतिरिक्त टिकट खरीदना होता है। ताजमहल की वेबसाइट पर ऑनलाइन टिकट खरीदने के लिए यह दोनों ही विकल्प मौजूद हैं। कोविड-19 प्रोटोकॉल में 21 सितंबर से जब ताजमहल खुलेगा तो दोनों ही तरह के टिकट उपलब्ध कराए जाएंगे।