आगरा के बल्केश्वर क्षेत्र में स्थित शिव अपार्टमेंट के फ्लैट में सोमवार शाम को 12 लाख की लूट को अंजाम देकर बदमाशों ने एक बार फिर पुलिस को चुनौती दी है। दो बदमाशों ने धागा फैक्टरी के मैनेजर सुनील सिंघल के फ्लैट को निशाना बनाया। उनकी पत्नी रेनू सिंघल और बेटे कृष्णा उर्फ कृष को बंधक बनाकर वारदात की। इसके बाद फरार हो गए। लोगों के घेरने पर दोनों पैदल ही भाग निकले। पुलिस की गश्त का कोई अता-पता नहीं था। अगर, पुलिस होती तो बदमाश पकड़ लिए जाते।
शिव अपार्टमेंट में रहने वाली स्वीटी और कॉलोनी निवासी शैंकी अग्रवाल ने साहस दिखाया। वारदात कर भागते बदमाशों को स्वीटी ने सीढ़ियों से गिरा दिया। बाद में शैंकी आए। उन्होंने एक बदमाश का पीछा किया। बदमाश ने बचने के लिए उन पर फायरिंग की। इस दौरान गिर भी गया। हालांकि भाग निकले। शैंकी का कहना था कि कालोनी में और लोग होते तो बदमाश रंगे हाथ पकड़ लिए जाते।
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पीड़ित मां, बेटा-बेटी
- फोटो : अमर उजाला
भगवान नगर कॉलोनी से बाहर निकलने के तीन रास्ते हैं। दो रास्ते बल्केश्वर मंदिर मार्ग की तरफ निकलते हैं, जबकि एक रास्ता नाले के बगल से होकर शांति एन्क्लेव कॉलोनी की तरफ जाता है। शिव अपार्टमेंट में सीढ़ियों से पहली और दूसरी मंजिल पर जाया जा सकता है। स्वीटी और रेनू सिंघल के फ्लैट के गेट बराबर में हैं।
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रेनू सिंघल का संभालती उनकी बेटी और पड़ोसी महिला
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स्वीट ने बताया कि रेनू सिंघल के घर से शोर सुनाई दे रहा था। इस पर वो अपने फ्लैट से बाहर आ गईं। देखा तो रेनू की बेटी आस्था खड़ी थी। वह दरवाजा खटखटा रही थीं। उनके फ्लैट के अंदर से कृष्णा का शोर सुनाई दे रहा था। उन्हें लगा कि अंदर किसी से झगड़ा हो रहा है। इस पर खड़ी हो गईं। तभी दरवाजा खोलकर दो बदमाश बाहर आए। उनके हाथ में चाकू और तमंचे लगे थे। वह सीढ़ियों की तरफ भागे।
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पुलिस को घटना की जानकारी देते सुनील सिंघल
- फोटो : अमर उजाला
स्वीटी को समझते हुए देर नहीं लगी। उन्होंने बदमाशों को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन वो हाथ नहीं आए। उन्होंने दोनों को सीढ़ियों पर धक्का दे दिया। वह गिर पड़े। इस पर उनके चाकू गिर गए। बदमाश उठकर नीचे की तरफ भागने लगे। उन्होंने शोर मचाना शुरू कर दिया।
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सीसीटीवी कैमरे में कैद बदमाश की तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
अपार्टमेंट के सामने ही केमिकल व्यापारी शैंकी रहते हैं। वह घर के बाहर खड़े थे। शोर सुनकर वो अपार्टमेंट में आ गए। तभी बदमाश सीढ़ियों से नीचे आए तो भ्रमित करने के लिए ऊपर की तरफ इशारा कर चोर-चोर कहने लगे। मगर, ऊपर से परिवार के लोग उन्हें पकड़ने दौड़ रहे थे। वह कह रहे थे कि बदमाश नीचे हैं। इस पर शैंकी ने साहस का परिचय देते हुए बदमाशों का पीछा किया।