आगरा के कोतवाली क्षेत्र के कूंचा साधूराम में रेखा, उसके बेटों वंश उर्फ टुकटुक (12), पारस (10) और बेटी माही (8) की हत्या घर में लूट के लिए की गई थी। मंगलवार को पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा किया। वारदात को रेखा के रिश्ते के भाई संतोष राठौर ने अपने दो साथियों अंशुल राठौर और वीरू के साथ अंजाम दिया। पुलिस ने संतोष और वीरू को गिरफ्तार किया है। अंशुल फरार है।
आगरा में मां-बच्चों की हत्या का खुलासा: लैपटॉप-मोबाइल में क्या है 'राज'...अभी भी कई सवाल हैं अनसुलझे
21 जुलाई की दोपहर रेखा राठौर और उनके तीनों बच्चों की हत्या हुई थी। 22 जुलाई को चारों के शव घर में पड़े मिले थे। आईजी रेंज नवीन अरोरा ने बताया कि इस मामले में पुलिस ने रेखा के रिश्ते के भाई सीता नगर निवासी संतोष और उसके दोस्त छलेसर निवासी वीरू को मंगलवार को छलेसर के पास स्थित अंडरपास से गिरफ्तार किया। पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि कैंची और चाकू से मां और बच्चों के गले रेते थे। हत्या के बाद तीन घंटे तक घर को खंगाला था। इसके बाद चांदी की पायल, 2700 रुपये, मोबाइल, लैपटॉप और टैबलेट लूटकर ले गए थे।
परिवार से अलग रह रहा था संतोष
चौहरे हत्याकांड के आरोपी संतोष की नुनिहाई लिंक रोड पर परचूनी की दुकान है। जबकि उसके दो छोटे भाई कोचिंग और स्कूल संचालक हैं। दुकान पर उसकी पत्नी बैठती है। संतोष के भी रेखा की तरह तीन बच्चे हैं। रेखा के परिजनों ने पुलिस को जानकारी दी कि आरोपी तकरीबन दस साल पहले अपने परिवार से अलग हो गया था। पत्नी और बच्चों के साथ अलग मकान लेकर रह रहा था। वह अपना व्यापार बढ़ाने के लिए रकम कमाना चाहता था। अंशुल और वीरू भी शादीशुदा हैं। उनके दो-दो बच्चे हैं।
रेखा के घर में चार नींबू और एक दीया घर के निचले हिस्से में पड़ा मिला था। इससे तंत्रमंत्र में हत्या की आशंका जाहिर की गई थी। पुलिस ने कई तांत्रिकों की सूची बनाई थी। मगर, उससे कोई फायदा नहीं हुआ। बाद में पुलिस का शक करीबी पर गया। क्योंकि लूट करने वाला अनजान व्यक्ति बच्चों को नहीं मारता। बाद में आरोपी पकड़े गए तो पुलिस के सामने लूट की बात आई।
हत्या के बाद घर में मिले पांच जोड़ी पायल और 2700 रुपये
पुलिस का कहना है कि संतोष को उम्मीद थी कि रेखा के पास तलाक में मिले पांच से छह लाख रुपये रखे हुए हैं। इसके अलावा चांदी के जेवरात भी होंगे। क्योंकि पति सुनील चांदी का काम करता था। इसी के चलते उसने हत्या की योजना बनाई थी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने तीन घंटे तक घर को खंगाला था। उन्हें तलाशी में सिर्फ 2700 रुपये, पांच चांदी की पायल ही मिली थीं। हालांकि वो लैपटॉप, टेबलेट और मोबाइल भी उठा ले गए थे।