मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमारे देश की संस्कृति हमारी ताकत है। भारत के अलग-अलग राज्यों में रहने वाले लोगों का खानपान, वेशभूषा और भाषा भले ही भिन्न हो पर इस अनेकता में एकता ही संगमम का भाव है।
मुख्यमंत्री योगी अमर उजाला और उत्तर प्रदेश सरकार के संस्कृति विभाग के तत्वाधान में लखनऊ के संगीत नाटक अकादमी में आयोजित दो दिवसीय कार्यक्रम 'संगमम' के दूसरे दिन आयोजन को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन सराहनीय हैं क्योंकि इससे हमेशा ही संस्कृतियों के बीच फैले दुष्प्रचार को खत्म करने में मदद मिलती है जिससे देश मजबूत होता है।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि मैं तो चाहूंगा कि प्रदेश के हर बड़े महानगर में एक गली ऐसी जरूर हो जहां पर लोग अलग-अलग समाजों से जुड़े खानपान का आनंद ले सकें। इससे उन्हें यह भी पता चलेगा कि अलग-अलग राज्यों में जाने पर उन्हें खाने के लिए क्या मिलेगा।
संगमम में मुख्यमंत्री योगी ने अलग-अलग राज्यों के खानपान के पांडाल का निरीक्षण किया और उनके बारे में जानकारी ली।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि इस तरह के आयोजन हमारे देश की संस्कृति को समझने में मदद करते हैं।
मुख्यमंत्री योगी ने अलग-अलग राज्यों से आए कलाकारों से बात की और उनका उत्साह बढ़ाया।
अलग-अलग राज्यों से आए कलाकारों ने मुख्यमंत्री योगी के सामने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी।