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कोटा से लौटे छात्रों का दर्द सुनकर छलक पड़ेंगी आंखें, 20 घंटे सफर करने के बाद कहा- थैंक्यू योगी जी
Tue, 21 Apr 2020 11:05 AM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 21 Apr 2020 11:05 AM IST
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बस से 20 घंटे का थकाने वाला सफर करके कोटा से छात्र-छात्राएं जब सहजनवां के मुरारी इंटर कॉलेज पहुंचे तो उनका चेहरा खुशी से चमक उठा। घरवालों को देखकर वे फफक कर रोने लगे। अभिभावकों ने भी उनका माथा चूमकर उन्हें सुरक्षित होने का एहसास कराया। विद्यार्थियों और उनके मां-बाप ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को तहेदिल से धन्यवाद भी बोला।
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गोरखपुर के सहजनवां में पहली बस शाम पांच बजे के बाद पहुंची। स्वास्थ्य परीक्षण संबंधी कार्रवाई पूरी होने के बाद इन विद्यार्थियों ने एक-एक कर दुश्वारियों की दास्तां बयां की। उन्होंने बताया कि कैसे एक छोटे से कमरे में आठ-आठ, दस-दस विद्यार्थी साथ थे। कभी भरपेट खाने को मिलता तो कभी भूख से कराहते हुए रात गुजरी।
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विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें पूरी उम्मीद थी कि योगी जी उन्हें अकेला नहीं छोड़ेंगे। उन्होंने बताया कि जब यूपी से बसें कोटा पहुंची तो वहां रहने वाले दूसरे प्रांतों के विद्यार्थियों ने भी सरकार की खूब प्रशंसा की। वे बोले कि तुम लोग किस्मत वाले हो कि यूपी से हो।
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कल्पना पांडेय
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भारी पड़ रहा था हर लम्हा
नीट की तैयारी कर रही इंजीनियरिंग कॉलेज की रहने वाली कल्पना पांडेय ने बताया कि हॉस्टल में कैद होकर रह गए थे। तमाम दुश्वारियों के बीच एक-एक लम्हा काटना अब मुश्किल हो गया था।
नीट की तैयारी कर रही इंजीनियरिंग कॉलेज की रहने वाली कल्पना पांडेय ने बताया कि हॉस्टल में कैद होकर रह गए थे। तमाम दुश्वारियों के बीच एक-एक लम्हा काटना अब मुश्किल हो गया था।
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सूरज
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मानों नई जिंदगी मिल गई
सहजनवां के मिनवा निवासी सूरज कोटा में मेडिकल की तैयारी कर रहे थे। उन्होंने ने बताया कि शुरूआत में तो 10-15 दिन पता नहीं चला मगर उसके बाद मुश्किलें बढ़ने लगी। अब जब घर पहुंचा गया तो लग रहा है नई जिंदगी मिल गई।
सहजनवां के मिनवा निवासी सूरज कोटा में मेडिकल की तैयारी कर रहे थे। उन्होंने ने बताया कि शुरूआत में तो 10-15 दिन पता नहीं चला मगर उसके बाद मुश्किलें बढ़ने लगी। अब जब घर पहुंचा गया तो लग रहा है नई जिंदगी मिल गई।