गोरखपुर से चार अक्तूबर को मानसून विदा लेगा, लेकिन संभावना है कि इसकी वापसी रिमझिम बारिश के बीच होगी। शनिवार और रविवार को गोरखपुर एवं आसपास के इलाकों में बूंदाबांदी हो सकती है। वहीं, छह और सात अक्तूबर को मानसून के विदा होने के बाद की पहली बारिश हो सकती है।
2 of 5
गोरखपुर में मौसम।
- फोटो : अमर उजाला।
सामान्य तौर पर गोरखपुर से मानसून की विदाई 24-25 सितंबर के बीच हो जाती है। लेकिन इस बार वापसी करीब 10 दिन विलंब से हो रही है। बता दें कि शुक्रवार को शाहजहांपुर से मानसून की वापसी घोषित कर दी गई।
3 of 5
गोरखपुर में मौसम।
- फोटो : अमर उजाला।
गोरखपुर एनवायरमेंटल एक्शन ग्रुप के मौसम विशेषज्ञ कैलाश पांडेय ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में बने एक सिस्टम के बिहार होते हुए गोरखपुर एवं आसपास के इलाकों में पहुंचने की संभावना है। इसकी वजह से तीन और चार अक्तूबर दो से तीन मिलीमीटर बारिश हो सकती है।
4 of 5
गोरखपुर में मौसम।
- फोटो : राजेश कुमार।
मौसम विशेषज्ञ ने बताया कि एक और सिस्टम की वजह से छह और सात अक्टूबर को गोरखपुर एवं आसपास के इलाकों में 10 मिलीमीटर तक बारिश हो सकती है।
5 of 5
गोरखपुर में मौसम।
- फोटो : शिव हर्ष द्विवेदी।
तेजी से सामान्य की ओर लौट रहा, मंडल की सभी नदियों का जलस्तर
पिछले कुछ दिनों से बारिश न होने और तेज धूप के कारण मंडल में बहने वाली सभी नदियों का जलस्तर नीचे आना शुरू हो गया है। रोहिन नदी का जलस्तर एक दिन में 61 सेंटीमीटर कम हुआ जबकि राप्ती 25 सेंटीमीटर नीचे आई। घाघरा नदी और गोर्रा नदी का जलस्तर भी कम हो रहा है। एक-दो दिन में सभी नदियों में स्थिति सामान्य होने की उम्मीद है। नेपाल और स्थानीय स्तर पर पिछले सप्ताह हुई बारिश के चलते मंडल की सभी नदियां अचानक खतरे के निशान की ओर बढ़ने लगी थीं। कुछ ने खतरे का निशान पार भी कर लिया था।