18 जनवरी को अपहृत गोंडा के एससीपीएम कालेज के बीएएमएस छात्र गौरव हालदार को अपहरणकर्ताओं के चंगुल से मुक्त कराकर सकुशल बरामद कर लिया गया है। नोएडा एसटीएफ यूनिट और गोंडा पुलिस ने बृहस्पतिवार देर रात संयुक्त कार्रवाई कर नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे के जीरो प्वाइंट के पास से तीन अपहरणकर्ताओं को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में दिल्ली के नजफगढ़ स्थित राठी अस्पताल के डॉ. अभिषेक सिंह, उसके साथी करोल बाग में कपड़े की दुकान में काम करने वाला मोहित और जिम में नौकरी करने वाला नीतेश शामिल हैं। पढ़ें आरोपी छात्र गौरव को रखते थे और क्यों उसे नशे का इंजेक्शन दिया करते थे....
गौरव हालदार की आरोपी करते थे पिटाई, खाने के बाद देते थे नशे का इंजेक्शन, महिला डॉक्टर ने बिछाया था प्रेम जाल
- दिल्ली की महिला डॉक्टर ने प्रेमजाल में फंसाकर मिलने के बहाने बुला अगवा कर मांगी थी 70 लाख की फिरौती
- नजफगढ़ के राठी अस्पताल में तैनात हैं मुख्य साजिशकर्ता डॉक्टर और सहकर्मी महिला डॉक्टर
अपहरण के मास्टर माइंड डॉ. अभिषेक की सहकर्मी महिला डॉ. प्रीति मेहरा ने छात्र को कॉल कर प्रेमजाल में फंसाया और मिलने के बहाने बुलाकर अन्य आरोपियों संग अपहरण की वारदात को अंजाम दिया। आरोपियों के कब्जे से टीम ने नशे के इंजेक्शन, वारदात में प्रयोग की गई कार, पिस्टल आदि बरामद किए हैं। एसपी गोंडा शैलेश कुमार पांडेय और नोएडा एसटीएफ के एसपी कुलदीप नारायण ने बताया कि 18 जनवरी को बहराइच के पयागपुर निवासी निखिल हालदार के पुत्र गौरव हालदार गोंडा से अपहरण कर लिया गया था। गौरव हालदार गोंडा के एससीपीएम कालेज से बीएएमएस की पढ़ाई कर रहा है।
अपहरणकर्ता निखिल हालदार को 19 जनवरी को पहली कॉल कर पहले 70 लाख और फिर 21 जनवरी को कॉल कर 80 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। गोंडा पुलिस और एसटीएफ एएसपी राजकुमार मिश्रा की टीम को गुरुवार रात सूचना मिली थी कि अपहरणकर्ता छात्र को एक कार मेें लेकर नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे से होकर यमुना एक्सप्रेसवे से होते हुए आगरा की ओर जाएंगे। सूचना पर पुलिस और एसटीएफ की टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे के जीरो प्वाइंट पर आरोपियों की घेराबंदी की। आरोपियों ने टीम पर फायरिंग की। टीम ने जवाबी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को दबोच लिया।
अभिषेक के फ्लैट पर बंधक था छात्र, बेहोशी का देते थे इंजेक्शन
संयुक्त टीम ने पीड़ित छात्र गौरव हालदार को कार की पीछे की सीट से बंधक मुक्त करा दिया। एसपी ने कहा कि गौरव ने बताया कि डॉ. प्रीति मेहरा ने एक राहगीर के नंबर से कॉल कर मिलने के बहाने छात्र को उसके कॉलेज के गेट के पास बुलाया था। यहां से चारों आरोपी उसे कार में अगवा कर दिल्ली स्थित डॉ. अभिषेक सिंह के ग्लेरिया अपार्टमेंट, बक्करवाला डीडीए के फ्लैट में ले गए। यहां आरोपियों ने उसे बंधक बनाकर रखा था। गौरव ने बताया कि आरोपी उसे पीटते थे। एक आरोपी उसे खाना देकर चला जाता था और एक जबरन बेहोशी का इंजेक्शन देकर जाता था।
संयुक्त टीम ने मास्टर माइंड मुख्यारोपी मूलरूप से गोंडा के अचलपुर निवासी 2013-2014 में बेंगलुरु के राजीव गांधी यूनिवसिर्टी ऑफ हेल्थ साइंस से बीएएमएस कर राठी अस्पताल में तैनात डॉ. अभिषेक सिंह, उसके साथी गोंडा के परौलीगंज के मोहित, निहारगंज राजस्थान के नीतेश को गिरफ्तार किया। आरोपियों ने दिवाली के आसपास अधिक धन अर्जित करने के लिए अपहरण की योजना बनाई थी। आरोपी अभिषेक की बुआ की शादी पयागपुर गोंडा में हुई है। उसकी बुआ केे बेटे ने रोहित ने गौरव के संबंध में जानकारी दी। आरोपियों के लिए अपहरण के दौरान गोंडा जाने पर रोहित भी साथ था लेकिन अपहरण से कुछ देर पहले वह कार से उतर गया था। इस मामले में डॉ. प्रीति मेहरा व अन्य की टीम तलाश में जुटी है।
जिम में काम करने वाला नितेश बैंक फ्रॉड, इंश्योरेंस फ्रॉड यानी कॉल सेंटर चला कर ठगी में भी शामिल रहा है।