गाजियाबाद की पॉश कालोनी राजनगर सेक्टर-6 में छह नकाबपोश हथियारबंद बदमाशों ने आयुर्वेद दवा व्यापारी के घर रविवार तड़के 3:30 बजे डकैती डाली। खिड़की की ग्रिल उखाड़कर बदमाश घर में घुसे। बदमाशों ने पहले दवा व्यापारी और उसके छोटे बेटे को गन प्वाइंट पर लिया। फिर व्यापारी की पत्नी व बड़े बेटे को भी बंधक बना लिया। दवा व्यापारी को मारने की धमकी दी तो उनकी पत्नी ने ज्वेलरी, डेढ़ लाख कैश, अन्य महंगा सामान निकालकर बदमाशों को दे दिया। आधे घंटे तक बदमाश घर में रहे और व्यापारी से मारपीट भी की।
गाजियाबाद डैकती: छोटे बेटे को गन प्वाइंट पर रखा और बच्चों की गुल्लक तक ले गए डकैत, दहशत में परिवार
वह बच्चों की गुल्लक तक ले गए। डकैती की सूचना पर एसएसपी कलानिधि नैथानी, एसपी सिटी निपुण अग्रवाल और सीओ सेकेंड अवनीश कुमार मौके पर पहुंचे। बाद में एडीजी जोन राजीव सभरवाल ने भी घटनास्थल का निरीक्षण कर अफसरों से जानकारी ली। राजनगर सेक्टर-6 निवासी पवन गर्ग, पत्नी रिशू गर्ग, बेटा शिवा और अर्थव के साथ रहते हैं। उनका चौपला बाजार में आयुर्वेदिक दवाइयों का पुराना कारोबार है। उन्होंने बताया कि साढ़े तीन बजे ड्राइंगरूम की खिड़की की ग्रिल उखाड़कर चार बदमाश घर में घुस आए। जबकि उनके दो साथी बाहर खड़े रहे।
दो बदमाशों के हाथ में पिस्टल और दो के हाथ में छुरी थी। बदमाश सबसे पहले कारोबारी के कमरे में पहुंचे। सो रहे कारोबारी और उनके छोटे बेटे को बदमाशों ने हथियारों के बल पर बंधक बना लिया। बेटे का चीखना सुनकर दूसरे कमरे से पवन की पत्नी रिशू आई तो बदमाशों ने उसे भी बंधक बना लिया। इसके बाद बड़े बेटे को भी कब्जे में ले लिया। पवन गर्ग का कहना है कि दो बदमाश उन्हें और दोनों बेटों को बंधक बनाए रहे। जबकि दो बदमाशों ने उनकी पत्नी से स्टोर में रखी अलमारियों के ताले खुलवाकर डेढ़ लाख रुपये, सात लाख के जेवरात और करीब लाखों की घड़ियां लूट ली। शोर मचाने पर बदमाश उन्हें गोली मारने की धमकी देते रहे। बदमाशों के जाने के बाद उन्होंने परिजनों और पुलिस को कॉल कर सूचना दी।
बदमाशों ने रिशू से कहा कि मुखबिर ने उन्हें घर में पांच लाख कैश होने की सूचना दी थी। वह बार-बार रुपये छुपाने की बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सारा पैसा और ज्वेलरी निकाल दो नहीं तो अच्छा नहीं होगा। सभी की हत्या कर देंगे। पीड़िता ने कहा कि जो भी है, आपको दे दिया है। बाकी आप तलाशी ले सकते हैं। बदमाशों ने आधे घंटे तक घर खंगाला। उन्होंने बताया कि बदमाश आपस में बोल रहे थे कि घर में ज्यादा पैसे होने की सूचना गलत निकली। बदमाशों की बातचीत से साफ है कि घटना में परिवार का कोई जानकार शामिल हो सकता है। परिवार को डराने के लिए बदमाशों ने उनके सामने पिस्टल लोड भी की थी।
जीतू, जितेंद्र के नाम से बुला रहे थे बदमाश
पीड़िता ने बताया कि बदमाशों की बोलचाल स्थानीय थी। वह आपस में बात भी कर रहे थे कि और जगह देखो कहीं पैसे तो नहीं रखे हैं। उसके बाद उन्होंने पूरे घर को खंगाल लिया। उन्होंने बताया कि बदमाशों ने कई बार बाहर खड़े अपने साथी को जीतू और जितेंद्र नाम से पुकार कर आवाज भी दी थी।