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एक 'दबंग' IAS, 33 साल की नौकरी में 71 बार ट्रांसफर, अब कासगंज पर किया ट्वीट

Tue, 06 Feb 2018 09:28 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Tue, 06 Feb 2018 09:28 AM IST
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haryana ias pradeep kasni tweet on kasganj violence
IAS officer Pradeep Kasni - फोटो : File Photo
देश के एक 'दबंग' आईएएस अफसर, जो 33 साल की नौकरी में 71 बार ट्रांसफर झेल चुके हैं। उन्होंने कासंगज पर पोस्ट लिखी और अब एक ट्वीट किया है।


 
haryana ias pradeep kasni tweet on kasganj violence
हरियाणा के सीनियर आईएएस अधिकारी - फोटो : file
ये हैं हरियाणा के आईएएस अफसर प्रदीप कासनी, जिन्होंने कासगंज हिंसा को लेकर बरेली के डीएम राघवेंद्र विक्रम सिंह की पोस्ट को अपनी वॉल पर शेयर करने से उपजे विवाद पर मजबूरी से अपना पक्ष रखा है।
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pradeep kasni
कासनी ने ट्वीट कर लिखा है कि विवादित पोस्ट पर कोई विवाद नहीं था, केवल गलत समझी गई पोस्ट पर एक छोटी सी चर्चा हुई। विवाद का जवाब वही दे सकते हैं, जिन्होंने इसे विवादित बनाने का प्रयास किया। उन्हें डीएम बरेली की पोस्ट देखी, जिसमें उन्हें कुछ गलत नहीं लगा और अपने वॉल पर शेयर कर ली। इससे ज्यादा कुछ नहीं। इतिहास का छात्र होने के नाते बताना चाहता हूं कि आजादी के लिए स्वतंत्रता सेनानियों के जलूस सर्मपण की भावना के साथ शांति व बिना हथियारों के निकलते थे।
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प्रदीप कासनी
प्रदीप कासनी ने कासगंज हिंसा को लेकर बरेली के डीएम राघवेंद्र की पोस्ट को अपनी वॉल पर शेयर किया और एक पोस्ट लिख डाली। जबकि अपनी पोस्ट को डीएम कैप्टन राघवेंद्र विक्रम सिंह हटा चुके थे और माफी भी मांग चुके थे। कासनी ने न सिर्फ डीएम राघवेंद्र के पोस्ट को फिर से अपने वॉल पर डाला, बल्कि उनके कई पोस्ट अप्रत्यक्ष रूप से इस हिंसा के खिलाफ हैं।
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प्रदीप कासनी
कासनी ने 30 जनवरी की सुबह उसी पोस्ट अपने वॉल से डालते हुए 'कासगंज कष्टकर प्रसंग' करार दिया। इससे पहले कासनी ने 30 जनवरी को महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर मोहम्मद अखलाक को लेकर 2 पोस्ट किया और इसे शीर्षक दिया 'गांधी जी के देश में'। इस दिन गांधी को लेकर कई पोस्ट किए गए। 29 जनवरी को एक पोस्ट के जरिए वह लिखते हैं कि झंडा फहराने के लिए होता है, न कि भरे-बाजार घसीटने के लिए. घुमाते तो लंगोट हैं, पहलवान।
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