{"_id":"5cebf8eabdec22077f3ae44c","slug":"bsp-parliamentary-party-set-up-mp-girish-chandra-leader-selected","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"बहुजन समाज पार्टी संसदीय दल का गठन, सांसद गिरीश चंद्र को चुना गया नेता, अन्य को भी जिम्मेदारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बहुजन समाज पार्टी संसदीय दल का गठन, सांसद गिरीश चंद्र को चुना गया नेता, अन्य को भी जिम्मेदारी
Tue, 28 May 2019 01:06 AM IST
Amulya Rastogi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला लखनऊ
Published by: Amulya Rastogi
Updated Tue, 28 May 2019 01:06 AM IST
विज्ञापन
बसपा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बहुजन समाज पार्टी संसदीय दल का गठन कर दिया गया है। नगीना के सांसद गिरीश चंद्र को संसदीय दल का नेता चुना गया और जौनपुर के सांसद श्याम सिंह यादव को उपनेता नामित किया गया है। अमरोहा के सांसद कुंवर दानिश अली को मुख्य सचेतक बनाया गया है। गौरतलब है कि लोकसभा में बसपा के 10 सांसद चुने गए हैं।
सूत्रों ने बताया कि बसपा सुप्रीमो मायावती की अध्यक्षता में रविवार को नई दिल्ली में नवनिर्वाचित सांसदों की हुई बैठक में तीनों सांसदों की जिम्मेदारी का एलान किया गया। संसदीय दल के नवनियुक्त नेता गिरीश बसपा शासन में 2007-12 तक विधायक रहे हैं।
मुरादाबाद, बरेली, सहारनपुर व मेरठ मंडल के मुख्य जोन इंचार्ज के रूप में पश्चिम यूपी में पार्टी संगठन को मजबूत करने का काम किया। गिरीश 2014 का लोकसभा चुनाव लड़े लेकिन हार गए थे। इस बार उन्होंने नगीना सुरक्षित सीट से भाजपा के डॉ. यशवंत सिंह को 1.67 लाख वोटों से हराकर इस जिम्मेदारी तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
विज्ञापन
विज्ञापन
सूत्रों ने बताया कि बसपा सुप्रीमो मायावती की अध्यक्षता में रविवार को नई दिल्ली में नवनिर्वाचित सांसदों की हुई बैठक में तीनों सांसदों की जिम्मेदारी का एलान किया गया। संसदीय दल के नवनियुक्त नेता गिरीश बसपा शासन में 2007-12 तक विधायक रहे हैं।
विज्ञापन
मुरादाबाद, बरेली, सहारनपुर व मेरठ मंडल के मुख्य जोन इंचार्ज के रूप में पश्चिम यूपी में पार्टी संगठन को मजबूत करने का काम किया। गिरीश 2014 का लोकसभा चुनाव लड़े लेकिन हार गए थे। इस बार उन्होंने नगीना सुरक्षित सीट से भाजपा के डॉ. यशवंत सिंह को 1.67 लाख वोटों से हराकर इस जिम्मेदारी तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
विज्ञापन
संसदीय दल के उपनेता चुने गए श्याम सिंह यादव अवकाश प्राप्त पीसीएस अधिकारी हैं। वह यूपी रायफल एसोसिएशन के चेयरमैन भी हैं। श्याम सिंह की पारिवारिक पृष्ठभूमि राजनीतिक रही है। परिवार में चाचा ब्लॉक प्रमुख रहे तो चचेरे भाई सपा के जिलाध्यक्ष रहे हैं।
सरकारी सेवा से बसपा के रास्ते सियासत में आने के बाद सीधे लोकसभा की राजनीति में उतरे श्याम सिंह ने भाजपा के केपी सिंह को 80 हजार से अधिक मतों से हराया है। बसपा संसदीय दल में वह उपनेता की भूमिका निभाएंगे।
सरकारी सेवा से बसपा के रास्ते सियासत में आने के बाद सीधे लोकसभा की राजनीति में उतरे श्याम सिंह ने भाजपा के केपी सिंह को 80 हजार से अधिक मतों से हराया है। बसपा संसदीय दल में वह उपनेता की भूमिका निभाएंगे।
दादा के रास्ते दानिश अली
मजबूत पारिवारिक पृष्ठभूमि के कुंवर दानिश अली के दादा कुंवर महमूद अली 1962 में विधायक और 1977 में हापुड़-गाजियाबाद लोकसभा क्षेत्र से सांसद रहे हैं। 1977 में मोरारजी भाई देसाई जब जनता पार्टी संसदीय दल के नेता थे, तब महमूद अली उपनेता हुआ करते थे।
कुंवर महमूद अली वीपी सिंह सरकार में मध्यप्रदेश के राज्यपाल रहे। जामिया मिलिया इस्लामिया से छात्र राजनीति शुरू करने वाले दानिश अली ने संसद तक पहुंचने के लिए लंबी सियासी यात्रा की। वह छात्र जनता दल व युवा जनता दल के अध्यक्ष रहे।
कुंवर महमूद अली वीपी सिंह सरकार में मध्यप्रदेश के राज्यपाल रहे। जामिया मिलिया इस्लामिया से छात्र राजनीति शुरू करने वाले दानिश अली ने संसद तक पहुंचने के लिए लंबी सियासी यात्रा की। वह छात्र जनता दल व युवा जनता दल के अध्यक्ष रहे।
जनता दल का विघटन होने पर वह जद (एस)में शामिल हुए और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा के विश्वसनीय लोगों में रहे। कर्नाटक की जद (एस) व कांग्रेस गठबंधन सरकार के गठन में दानिश की अहम भूमिका रही।
दानिश अली के संयोजन में गठबंधन सरकार के संचालन के लिए पांच सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति बनी। इसमें कर्नाटक के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी, उपमुख्यमंत्री जी परमेश्वर, पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव केसी वेणुगोपाल शामिल थे।
संसदीय चुनाव से ठीक पहले दानिश बसपा में शामिल हुए और अमरोहा से टिकट हासिल कर लिया। अमरोहा से दानिश ने भाजपा के कंवर सिंह तंवर को 63 हजार से अधिक वोटों से हराकर कामयाबी हासिल की है। अब उन्हें लोकसभा में बसपा संसदीय दल का मुख्य सचेतक बनाया गया है। दानिश ने कहा कि संसद पहुंचकर अपने क्षेत्र के लोगों की सेवा करने का लक्ष्य प्राप्त हो गया है।
दानिश अली के संयोजन में गठबंधन सरकार के संचालन के लिए पांच सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति बनी। इसमें कर्नाटक के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी, उपमुख्यमंत्री जी परमेश्वर, पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव केसी वेणुगोपाल शामिल थे।
संसदीय चुनाव से ठीक पहले दानिश बसपा में शामिल हुए और अमरोहा से टिकट हासिल कर लिया। अमरोहा से दानिश ने भाजपा के कंवर सिंह तंवर को 63 हजार से अधिक वोटों से हराकर कामयाबी हासिल की है। अब उन्हें लोकसभा में बसपा संसदीय दल का मुख्य सचेतक बनाया गया है। दानिश ने कहा कि संसद पहुंचकर अपने क्षेत्र के लोगों की सेवा करने का लक्ष्य प्राप्त हो गया है।