फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Srinagar News ›   Srinagar, Kashmir Crime Branch, Economic Offence Wing, Financial Crime

Srinagar News: आर्थिक अपराधियों पर कसा शिकंजा, 1270 शिकायतों का समाधान

विज्ञापन
Srinagar, Kashmir Crime Branch, Economic Offence Wing, Financial Crime
-वर्ष 2025 में सीबीके ने आर्थिक अपराधों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की, 100 एफआईआर का किया निपटारा
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। जनता के भरोसे और जवाबदेही को मजबूत करते हुए क्राइम ब्रांच कश्मीर (सीबीके) के इकोनॉमिक ऑफेंस विंग (ईओडब्ल्यू) ने वर्ष 2025 में घाटी में आर्थिक अपराधों के खिलाफ कड़ी और निर्णायक कार्रवाई कर ऐतिहासिक प्रदर्शन किया। अपराधियों पर शिकंजा कसने के साथ 1270 शिकायतों का समाधान किया गया।
बारीक जांच, मामलों का समय पर निपटारा और सक्रिय शिकायत निवारण के माध्यम से विंग ने जटिल धोखाधड़ी, जालसाजी, नौकरी घोटालों और वित्तीय अनियमितताओं से निपटा जो जम्मू और कश्मीर में पारदर्शिता और कानून के शासन की रक्षा में एक प्रमुख स्तंभ के रूप में उभरा। एक अधिकारी ने बताया कि इससे शासन और संस्थागत प्रणालियों में जनता का विश्वास मजबूत हुआ। वर्ष 2025 के दौरान ईओडब्ल्यू कश्मीर ने गंभीर और जटिल आर्थिक अपराधों से जुड़े 100 मामलों की एफआईआर का निपटारा कर असाधारण जांच क्षमता का प्रमाण दिया।
विज्ञापन

इन मामलों में गहन जांच, दस्तावेजी और डिजिटल साक्ष्य का विस्तृत विश्लेषण और विभिन्न सरकारी विभागों, बैंकों और वित्तीय संस्थानों के साथ निरंतर समन्वय की आवश्यकता थी। अधिकारी के अनुसार पंजीकृत मामलों के अलावा विंग ने सार्वजनिक शिकायत निवारण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वर्ष 2025 के दौरान जनता और सरकारी एजेंसियों के सदस्यों से प्राप्त 1270 शिकायतों की गहन जांच कर इनका समाधान किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि निवारक सतर्कता प्रमुख फोकस क्षेत्र बना रहा। वर्ष 2025 में तथ्यों को प्रारंभिक चरण में सत्यापित करने, संज्ञेय अपराधों की पहचान करने और विवादों को बढ़ने से रोकने के लिए 290 प्रारंभिक और विविध जांच की गईं। जांच के दौरान ही कानूनी स्पष्टीकरण के जरिए कई मुद्दों को प्रभावी ढंग से सुलझाया गया जिससे अनावश्यक मुकदमेबाजी कम हुई और कीमती सार्वजनिक संसाधनों की बचत हुई। इन मामलों में नौकरी से जुड़े धोखे एक बड़ा हिस्सा थे। इनमें सरकारी नौकरी और विदेश में नौकरी दिलाने के झूठे वादे शामिल थे जो अक्सर बेरोजगार युवाओं को निशाना बनाते थे।
अधिकारी ने बताया कि विंग ने घाटी में चल रही अवैध जॉब कंसल्टेंसी पर खास ध्यान देते हुए कई जमीन घोटालों, प्रतिरूपण के मामलों, धोखाधड़ी की घटनाओं और दस्तावेजों की जालसाजी की भी जांच की। जांच एजेंसी ने राजस्व और सेवा रिकॉर्ड में धोखाधड़ी से किए गए बदलावों से जुड़े कई मामलों को सुलझाया जिसमें सरकारी योजनाओं के तहत गलत फायदा उठाने के लिए नकली और जाली सर्टिफिकेट का इस्तेमाल शामिल था।
अधिकारी के अनुसार विंग ने सरकारी कर्मचारियों द्वारा सार्वजनिक धन के दुरुपयोग और आपराधिक विश्वासघात के गंभीर मामलों की भी जांच की गई। इससे सार्वजनिक संसाधनों के दुरुपयोग का पता चला। इसके अलावा वित्तीय अनियमितताओं और धोखेबाजी वाले व्यावसायिक तरीकों से जुड़े कॉर्पोरेट और कंपनी धोखाधड़ी के मामलों की भी गहन जांच की गई।

उन्होंने बताया कि मौजूद वर्ष के दौरान जमीन दलालों, आदतन अपराधियों और व्यवस्थित आर्थिक अपराधों में शामिल पेशेवर धोखेबाजों के संगठित नेटवर्क की पहचान की गई। उन्हें कानून के तहत गिरफ्तार किया गया। अधिकारी ने कहा कि ईओडब्ल्यू नागरिकों से सतर्क रहने और घाटी में पारदर्शी और सुरक्षित आर्थिक माहौल सुनिश्चित करने के लिए आर्थिक अपराधों की तुरंत रिपोर्ट करने का आग्रह करता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed