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पीटीए गठन में भाजपा की राजनीति दुर्भाग्यपूर्ण : सोनी
Updated Wed, 03 Oct 2018 10:04 PM IST
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पीटीए की नई कार्यकारिणी
रद्द कर फिर से हों चुनाव
रामपुर कॉलेज में पीटीए के गठन का मुद्दा गरमाया
एनएसयूआई ने चुनावों की न्यायिक जांच की मांग
दो दिन में नहीं बदली व्यवस्था तो होगा आंदोलन
अमर उजाला ब्यूरो
रामपुर बुशहर। रामपुर कॉलेज में पीटीए के गठन के बाद कांग्रेस और युवा कांग्रेस ने कॉलेज प्रबंधन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। एनएसयूआई और युवा कांग्रेस ने चेताया है कि यदि दो दिन के भीतर पीटीए कार्यकारिणी को रद्द नहीं किया गया तो उग्र प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने इन चुनावों की न्यायिक जांच की मांग की है। एनएसयूआई के जिला उपाध्यक्ष राहुल सोनी ने कहा कि पीजी कॉलेज रामपुर में हाल ही में हुए पीटीए चुनाव में भाजपा ने प्रचार और पार्टीबाजी कर दलगत राजनीति का उदाहरण पेश किया है। पीजी कॉलेज में आज तक पीटीए गठन में इस तरह की राजनीति नहीं हुई है। पीटीए चुनाव में भाग लेने वाले वोटरों का छात्रों से कोई संबंध नहीं था, लेकिन फिर भी उन्होंने मतदान किया। पीटीए के गठन को लेकर कॉलेज प्रशासन पर भी दबाव बनाया गया। छात्रों के आई कार्ड लेकर फर्जी तरीके से मतदान करवाए गए हैं, जो पूर्णत: असंवैधानिक है। भाजपा ने नोगली, दत्तनगर, ज्यूरी, झाकड़ी से वाहनों में भरकर लोगों को कॉलेज पहुंचाया और मतदान में शामिल किया। यही नहीं रामपुर के नर्सिंग कॉलेज की छात्राओं ने भी नियमों को ताक पर रखकर पीटीए कार्यकारिणी के लिए मतदान किया।
एनएसयूआई और युवा कांग्रेस ने पीटीए की नई कार्यकारिणी को रद्द कर फिर से चुनाव आयोजित करने की मांग की है। इस संबंध में एनएसयूआई इकाई ने एक ज्ञापन भेजा है। इस मौके पर युवा कांग्रेस अध्यक्ष जसवीर ठाकुर, युकां महासचिव देव कायथ, प्रवक्ता ध्रुव शर्मा, पीजी कॉलेज इकाई अध्यक्ष शीतल, उपाध्यक्ष सूरज और संतोष कायथ सहित अन्य मौजूद रहे।
पीजी कॉलेज रामपुर में 30 सितंबर को पीटीए की बैठक हुई थी। बैठक में अभिभावकों की सहमति न बनने के कारण अध्यक्ष और कार्यकारिणी के अन्य पदों के लिए चुनाव प्रक्रिया करवाई गई। कॉलेज के इतिहास में पहली बार हुआ, जब चुनाव से कार्यकारिणी का गठन किया गया। अभी तक अभिभावकों की सर्वसहमति से ही पीटीए की कार्यकारिणी का गठन किया जाता था।
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पीजी कॉलेज रामपुर के कार्यवाहक प्रधानाचार्य डॉ. केसी कश्यप ने कहा कि पीटीए के चुनाव निष्पक्षता से करवाए गए हैं। चुनाव के दौरान उन्होंने किसी भी प्रकार की आपत्ति को लेकर शिकायत दर्ज करने की बार-बार अपील की थी, लेकिन कोई लिखित शिकायत नहीं हुआ। हालांकि शिक्षकों ने इस चुनाव में मतदान नहीं किया।
पीटीए के नवनियुक्त अध्यक्ष दिनेश शर्मा ने कहा कि चुनाव में किसी भी प्रकार की कोई गड़बड़ी नहीं हुई है। यह चुनाव पारदर्शिता के साथ संपन्न हुए। यदि किसी को जांच करवानी है तो वो जांच करवा सकता है।
दिनेश बने हैं रामपुर कॉलेज के पीटीए अध्यक्ष
रामपुर बुशहर। पीजी कॉलेज सभागार में 30 सितंबर को पीटीए का गठन किया गया था। इसमेें हुए चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए राजेश गुप्ता और दिनेश शर्मा के बीच टक्कर हुई थी। अभिभावकों ने अपने मत का प्रयोग किया था। इसमें दिनेश शर्मा ने पूर्व पीटीए अध्यक्ष राजेश गुप्ता को 3 वोट से हराया था। दिनेश शर्मा को 126 और राजेश गुप्ता को 123 वोट पड़े थे।
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रद्द कर फिर से हों चुनाव
रामपुर कॉलेज में पीटीए के गठन का मुद्दा गरमाया
एनएसयूआई ने चुनावों की न्यायिक जांच की मांग
दो दिन में नहीं बदली व्यवस्था तो होगा आंदोलन
अमर उजाला ब्यूरो
रामपुर बुशहर। रामपुर कॉलेज में पीटीए के गठन के बाद कांग्रेस और युवा कांग्रेस ने कॉलेज प्रबंधन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। एनएसयूआई और युवा कांग्रेस ने चेताया है कि यदि दो दिन के भीतर पीटीए कार्यकारिणी को रद्द नहीं किया गया तो उग्र प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने इन चुनावों की न्यायिक जांच की मांग की है। एनएसयूआई के जिला उपाध्यक्ष राहुल सोनी ने कहा कि पीजी कॉलेज रामपुर में हाल ही में हुए पीटीए चुनाव में भाजपा ने प्रचार और पार्टीबाजी कर दलगत राजनीति का उदाहरण पेश किया है। पीजी कॉलेज में आज तक पीटीए गठन में इस तरह की राजनीति नहीं हुई है। पीटीए चुनाव में भाग लेने वाले वोटरों का छात्रों से कोई संबंध नहीं था, लेकिन फिर भी उन्होंने मतदान किया। पीटीए के गठन को लेकर कॉलेज प्रशासन पर भी दबाव बनाया गया। छात्रों के आई कार्ड लेकर फर्जी तरीके से मतदान करवाए गए हैं, जो पूर्णत: असंवैधानिक है। भाजपा ने नोगली, दत्तनगर, ज्यूरी, झाकड़ी से वाहनों में भरकर लोगों को कॉलेज पहुंचाया और मतदान में शामिल किया। यही नहीं रामपुर के नर्सिंग कॉलेज की छात्राओं ने भी नियमों को ताक पर रखकर पीटीए कार्यकारिणी के लिए मतदान किया।
एनएसयूआई और युवा कांग्रेस ने पीटीए की नई कार्यकारिणी को रद्द कर फिर से चुनाव आयोजित करने की मांग की है। इस संबंध में एनएसयूआई इकाई ने एक ज्ञापन भेजा है। इस मौके पर युवा कांग्रेस अध्यक्ष जसवीर ठाकुर, युकां महासचिव देव कायथ, प्रवक्ता ध्रुव शर्मा, पीजी कॉलेज इकाई अध्यक्ष शीतल, उपाध्यक्ष सूरज और संतोष कायथ सहित अन्य मौजूद रहे।
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पीजी कॉलेज रामपुर में 30 सितंबर को पीटीए की बैठक हुई थी। बैठक में अभिभावकों की सहमति न बनने के कारण अध्यक्ष और कार्यकारिणी के अन्य पदों के लिए चुनाव प्रक्रिया करवाई गई। कॉलेज के इतिहास में पहली बार हुआ, जब चुनाव से कार्यकारिणी का गठन किया गया। अभी तक अभिभावकों की सर्वसहमति से ही पीटीए की कार्यकारिणी का गठन किया जाता था।
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पीजी कॉलेज रामपुर के कार्यवाहक प्रधानाचार्य डॉ. केसी कश्यप ने कहा कि पीटीए के चुनाव निष्पक्षता से करवाए गए हैं। चुनाव के दौरान उन्होंने किसी भी प्रकार की आपत्ति को लेकर शिकायत दर्ज करने की बार-बार अपील की थी, लेकिन कोई लिखित शिकायत नहीं हुआ। हालांकि शिक्षकों ने इस चुनाव में मतदान नहीं किया।
पीटीए के नवनियुक्त अध्यक्ष दिनेश शर्मा ने कहा कि चुनाव में किसी भी प्रकार की कोई गड़बड़ी नहीं हुई है। यह चुनाव पारदर्शिता के साथ संपन्न हुए। यदि किसी को जांच करवानी है तो वो जांच करवा सकता है।
दिनेश बने हैं रामपुर कॉलेज के पीटीए अध्यक्ष
रामपुर बुशहर। पीजी कॉलेज सभागार में 30 सितंबर को पीटीए का गठन किया गया था। इसमेें हुए चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए राजेश गुप्ता और दिनेश शर्मा के बीच टक्कर हुई थी। अभिभावकों ने अपने मत का प्रयोग किया था। इसमें दिनेश शर्मा ने पूर्व पीटीए अध्यक्ष राजेश गुप्ता को 3 वोट से हराया था। दिनेश शर्मा को 126 और राजेश गुप्ता को 123 वोट पड़े थे।