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पर्यटन निगम के कैपे में तोड़फोड़ मामले की जांच शुरू
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हमीरपुर। बिलासपुर-हमीरपुर की सीमा पर गांव उखली में बने हिमाचल प्रदेश पर्यटन निगम के कैफे में तोड़फोड़ मामले की विभागीय जांच शुरू हो गई है। निगम की महाप्रबंधक पूनम भारद्वाज ने होटल हमीरपुर के मैनेजर वरुण धीमान को मौके पर भेजकर इस मामले की जांच रिपोर्ट मांगी है। इसके साथ ही प्रबंधन ने कैफे को लीज पर लेने वाले लीज होल्डर को भी लीगल नोटिस भेज दिया है।
अमर उजाला ने 3 फरवरी के अंक में इस मामले को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद प्रबंध निदेशक कुमुद सिंह ने निगम महाप्रबंधक को इस मामले की जांच के निर्देश दिए। पर्यटन विभाग निगम ने वर्ष 2011 में करीब एक करोड़ रुपये खर्च कर उखली कस्बे में कैफे के लिए आलीशान भवन का निर्माण करवाया। इसकी छत पर करीब दस हजार लीटर क्षमता का पानी का टैंक और करीब दस लाख रुपये की लागत से बिजली ट्रांसफार्मर भी स्थापित किया था। लेकिन न तो पर्यटन विकास निगम ने यहां पर इसे चलाया और न ही किसी अन्य कारोबारी को आवंटित कर पा रहा है। यहां तक इस भवन की देखरेख के लिए कोई चौकीदार तक नियुक्त नहीं किया गया। इसके चलते सालों से खंडहर बने इस बेशकीमती भवन से शातिर खिड़की-दरवाजे, शौचालय की टोंटियां, पंखे, बिजली के स्वीच समेत अन्य महंगा सामान उड़ा ले गए हैं। इससे प्रदेश सरकार को लाखों रुपये की चपत लगी है।
उखली में बने हिमाचल प्रदेश पर्यटन निगम के कैफे में तोड़फोड़ मामले की विभागीय जांच के निर्देश दिए गए हैं। होटल हमीरपुर के मैनेजर वरुण धीमान को मौके पर भेजकर इस मामले की जांच रिपोर्ट मांगी है। इसके साथ ही प्रबंधन ने कैफे को लीज पर लेने वाले लीज होल्डर को भी लीगल नोटिस भेज दिया है। लीज को रद्द कर किसी अन्य व्यक्ति को यह कैफे आवंटित किया जाएगा।
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-पूनम भारद्वाज, महाप्रबंधक, प्रदेश पर्यटन निगम शिमला।
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अमर उजाला ने 3 फरवरी के अंक में इस मामले को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद प्रबंध निदेशक कुमुद सिंह ने निगम महाप्रबंधक को इस मामले की जांच के निर्देश दिए। पर्यटन विभाग निगम ने वर्ष 2011 में करीब एक करोड़ रुपये खर्च कर उखली कस्बे में कैफे के लिए आलीशान भवन का निर्माण करवाया। इसकी छत पर करीब दस हजार लीटर क्षमता का पानी का टैंक और करीब दस लाख रुपये की लागत से बिजली ट्रांसफार्मर भी स्थापित किया था। लेकिन न तो पर्यटन विकास निगम ने यहां पर इसे चलाया और न ही किसी अन्य कारोबारी को आवंटित कर पा रहा है। यहां तक इस भवन की देखरेख के लिए कोई चौकीदार तक नियुक्त नहीं किया गया। इसके चलते सालों से खंडहर बने इस बेशकीमती भवन से शातिर खिड़की-दरवाजे, शौचालय की टोंटियां, पंखे, बिजली के स्वीच समेत अन्य महंगा सामान उड़ा ले गए हैं। इससे प्रदेश सरकार को लाखों रुपये की चपत लगी है।
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उखली में बने हिमाचल प्रदेश पर्यटन निगम के कैफे में तोड़फोड़ मामले की विभागीय जांच के निर्देश दिए गए हैं। होटल हमीरपुर के मैनेजर वरुण धीमान को मौके पर भेजकर इस मामले की जांच रिपोर्ट मांगी है। इसके साथ ही प्रबंधन ने कैफे को लीज पर लेने वाले लीज होल्डर को भी लीगल नोटिस भेज दिया है। लीज को रद्द कर किसी अन्य व्यक्ति को यह कैफे आवंटित किया जाएगा।
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-पूनम भारद्वाज, महाप्रबंधक, प्रदेश पर्यटन निगम शिमला।