फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Bilaspur News ›   One doctor, OPD of 200, how to get treatment

Bilaspur News: रोज 200 की ओपीडी, एक डॉक्टर, चार साल से धूल फांक रही इसीजी मशीन

Sun, 23 Jun 2024 11:17 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sun, 23 Jun 2024 11:17 PM IST
विज्ञापन
One doctor, OPD of 200, how to get treatment
सिविल अस्पताल बरठीं का हाल : कमरों की कमी, बरामदे और गैलरी में हो रहा उपचार
विज्ञापन

- लोगों को उपचार कराने के लिए करना पड़ रहा परेशानी का सामना
संवाद न्यूज एजेंसी
बरठीं (बिलासपुर)। एक तरफ जहां प्रदेश सरकार बेहतर स्वास्थ्य सुविधा देने का ढिंढोरा पीट रही है, वहीं हजारों लोगों के स्वास्थ्य की देखभाल के लिए नागरिक अस्पताल बरठीं में मात्र एक चिकित्सक ही तैनात है।
नागरिक अस्पताल बरठीं में प्रतिदिन 150 से 200 मरीजों की ओपीड़ी होती है। चिकित्सकों की कमी के चलते अस्पताल में इलाज करवाने में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मरीजों और तीमारदार रीना देवी, कमला देवी, रमेश चंद, जमुना देवी और नंदकिशोर सहित अन्य मरीजों ने बताया कि सीएचसी बरठीं को नागरिक अस्पताल का दर्जा तो दे दिया गया है, लेकिन सुविधाओं के नाम पर क्षेत्र की जनता को बेवकूफ बनाया जा रहा है। सिविल अस्पताल में उनका इलाज कमरों की कमी के चलते बरामदे और गैलरी में किया जा रहा है। अस्पताल में प्रतिदिन करीब 150 से 200 की ओपीडी होती है, लेकिन अस्पताल में मरीजों को उचित सुविधाएं नहीं मिल रही हैं। अस्पताल में आठ चिकित्सकों के पद सृजित हैं, लेकिन वर्तमान में अस्पताल में स्थायी तौर पर मात्र एक चिकित्सक ही दिन में मरीजों का इलाज कर रहे हैं। मरीजों को आपात स्थिति में जिला अस्पताल रेफर कर दिया जाता है। सरकार ने अस्पताल का दर्जा बढ़ाकर सिविल अस्पताल कर दिया है, लेकिन भवन अभी तक पीएचसी का ही चल रहा है। इस कारण भवन में 60 बिस्तर होने चाहिए, जबकि वर्तमान में मात्र 14 ही बिस्तर लगाए गए हैं। इनमें से भी एक कमरे को स्टोर बनाया गया है। वहीं अस्पताल में चार साल से ईसीजी मशीन तक को चलाने वाला कोई भी नहीं है। इस कारण वह धूल फांक रही है। लोगों ने मुख्यमंत्री से गुहार लगाई है कि बरठीं अस्पताल में सामने आ रही परेशानियों को दूर करने के लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए जाएं।
विज्ञापन


कोट्
नागरिक अस्पताल के प्रभारी डॉ. अरविंद टंडन ने बताया कि अस्पताल की असुविधाओं के बारे में उच्च अधिकारियों को अवगत कराया दिया गया है। रिक्त पदों को भरना सरकार का कार्य है। फिलहाल अस्पताल में 24 घंटे सेवाएं मिल रही हैं। सरकार ने प्रतिनियुक्ति पर चिकित्सकों की तैनाती की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed