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स्कूल की छुट्टी करके कराई मंत्री की सभा, महिला डांसर ने लगाए ठुमके
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स्कूल की छुट्टी करके कराई मंत्री की सभा, महिला डांसर ने लगाए ठुमके
अशोक शर्मा
गोहाना। गामड़ी गांव में शनिवार को कराए गए किसान सम्मेलन को सरकारी कार्यक्रम बताकर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की छुट्टी करा दी गई। वहां केवल स्कूल की छुट्टी नहीं रखी गई, बल्कि शिक्षा के मंदिर में महिला डांसर के ठुमके भी लगवाए गए। शिक्षा विभाग के अधिकारी अपना पल्ला झाड़ते हुए आयोजकों पर जबरन छुट्टी कराने का आरोप लगा रहे हैं। इसके साथ ही कह रहे हैं कि छुट्टी की अनुमति उच्च अधिकारियों से लेकर आने के लिए बोला गया था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया और इस कारण ही कार्रवाई के लिए अधिकारियों को पत्र लिखा जाएगा।
गामड़ी के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में शनिवार को किसान सम्मलेन का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पंचायत की ओर से कराया गया, जिसके लिए शनिवार को स्कूल की छुट्टी कर दी गई। जबकि किसान सम्मेलन के कारण छुट्टी करने की अनुमति किसी भी अधिकारी से नहीं ली गई और आयोजकों के कहने पर स्कूल प्रशासन ने खुद ही छुट्टी कर दी। ऐसे में सवाल यह खड़ा हो रहा है कि एक ओर शिक्षा के स्तर को सुधारने का दावा किया जाता है और दूसरी ओर इस तरह से राजनीतिक कार्यक्रम के लिए बिना अनुमति के स्कूलों की छुट्टी कर दी जाती है। क्योंकि इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह पहुंचे थे और इस कारण ही स्कूल की छुट्टी कराई गई।
एक ओर जहां स्कूल की छुट्टी कर दी गई, वहीं दूसरी ओर लोगों की भीड़ को जुटाने के लिए शिक्षा के मंदिर में महिला डांसर को ठुमके लगाने के लिए बुलाया गया था। जहां महिला डांसर ने केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह के पहुंचने से पहले खूब ठुमके लगाए तो हास्य कलाकर झंडू ने अपनी प्रस्तुति दी।
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गांव गामड़ी के स्कूल में राजनीति कार्यक्रम होने की सूचना मिली थी, जिसके बाद सरपंच देवेंद्र मलिक व प्राचार्य को मना कर दिया गया था कि छुट्टी नहीं की जाएगी। इसके लिए सरपंच को डीईओ से अनुमति लाने के लिए बोला था। इसके साथ ही छुट्टी के बाद कार्यक्रम आयोजित करने पर जोर दिया था, लेकिन ऐसी कोई अनुमति नहीं लाई गई। अब इस मामले में उच्च अधिकारियों को लिखा जाएगा और वहां से जिस तरह के आदेश आते है, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
-सुभाष भारद्वाज, बीईओ गोहाना
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अशोक शर्मा
गोहाना। गामड़ी गांव में शनिवार को कराए गए किसान सम्मेलन को सरकारी कार्यक्रम बताकर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की छुट्टी करा दी गई। वहां केवल स्कूल की छुट्टी नहीं रखी गई, बल्कि शिक्षा के मंदिर में महिला डांसर के ठुमके भी लगवाए गए। शिक्षा विभाग के अधिकारी अपना पल्ला झाड़ते हुए आयोजकों पर जबरन छुट्टी कराने का आरोप लगा रहे हैं। इसके साथ ही कह रहे हैं कि छुट्टी की अनुमति उच्च अधिकारियों से लेकर आने के लिए बोला गया था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया और इस कारण ही कार्रवाई के लिए अधिकारियों को पत्र लिखा जाएगा।
गामड़ी के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में शनिवार को किसान सम्मलेन का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पंचायत की ओर से कराया गया, जिसके लिए शनिवार को स्कूल की छुट्टी कर दी गई। जबकि किसान सम्मेलन के कारण छुट्टी करने की अनुमति किसी भी अधिकारी से नहीं ली गई और आयोजकों के कहने पर स्कूल प्रशासन ने खुद ही छुट्टी कर दी। ऐसे में सवाल यह खड़ा हो रहा है कि एक ओर शिक्षा के स्तर को सुधारने का दावा किया जाता है और दूसरी ओर इस तरह से राजनीतिक कार्यक्रम के लिए बिना अनुमति के स्कूलों की छुट्टी कर दी जाती है। क्योंकि इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह पहुंचे थे और इस कारण ही स्कूल की छुट्टी कराई गई।
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एक ओर जहां स्कूल की छुट्टी कर दी गई, वहीं दूसरी ओर लोगों की भीड़ को जुटाने के लिए शिक्षा के मंदिर में महिला डांसर को ठुमके लगाने के लिए बुलाया गया था। जहां महिला डांसर ने केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह के पहुंचने से पहले खूब ठुमके लगाए तो हास्य कलाकर झंडू ने अपनी प्रस्तुति दी।
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गांव गामड़ी के स्कूल में राजनीति कार्यक्रम होने की सूचना मिली थी, जिसके बाद सरपंच देवेंद्र मलिक व प्राचार्य को मना कर दिया गया था कि छुट्टी नहीं की जाएगी। इसके लिए सरपंच को डीईओ से अनुमति लाने के लिए बोला था। इसके साथ ही छुट्टी के बाद कार्यक्रम आयोजित करने पर जोर दिया था, लेकिन ऐसी कोई अनुमति नहीं लाई गई। अब इस मामले में उच्च अधिकारियों को लिखा जाएगा और वहां से जिस तरह के आदेश आते है, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
-सुभाष भारद्वाज, बीईओ गोहाना