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Sirsa News: जर्मनी का वीजा लगवाने के नाम पर 4 युवकों से 29.73 लाख रुपये ठगे

Sat, 14 Dec 2024 11:27 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा Updated Sat, 14 Dec 2024 11:27 PM IST
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4 youths cheated of Rs 29.73 lakh in the name of getting German visa
संवाद न्यूज एजेंसी
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चोपटा (सिरसा)। चोपटा खंड के चार युवकों को जर्मनी का वर्क वीजा दिलाने का झांसा देकर 29.73 लाख रुपये ठगे लिए गए। नाथूसरी चोपटा थाना पुलिस ने शुरुआती जांच के बाद प्रवीन लाखलान निवासी गांव पीरखेड़ा, सुदेश बामल गांव फरवाईकलां, सिरसा, प्रमोद बैनीवाल निवासी गांव बीड भादरा और विनोद निवासी पीरखेड़ा के खिलाफ मामला दर्ज किया है।



शिकायतकर्ता पवन स्वामी, देवीलाल निवासी गांव दडबा कलां, अनिल कुमार निवासी गांव खरवारा, बीकानेर ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि सुदेश बामल का पिता पवन स्वामी के पिता को जानता था। सुदेश ने कहा कि उसका बेटा जर्मनी में रहता है और वह जर्मनी जाने में मदद कर सकता है। आरोपियों ने वादा किया था कि वे उन्हें कानूनी तरीके से जर्मनी भेजेंगे। शुरुआत में 18 लाख रुपये प्रति व्यक्ति खर्च का हवाला देते हुए पीड़ितों से दस्तावेज और पैसे मांगे गए।
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आरोपियों ने कहा कि पहले उन्हें अर्मेनिया जाना होगा। पीड़ितों ने भरोसा करके 7 नवंबर 2023 को दिल्ली से अर्मेनिया के लिए उड़ान भरी। अर्मेनिया पहुंचने पर उनसे कहा गया कि उन्हें कुछ दिन वहीं रुकना होगा। इस दौरान पीड़ितों के रहने और खाने-पीने का खर्चा भी खुद उन्हें उठाना पड़ा।
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तीन-चार महीने तक अर्मेनिया में रुकने के बाद आरोपियों ने कहा कि जर्मनी वीजा के लिए उन्हें दुबई जाना होगा। पीड़ितों ने फिर अपने खर्च पर टिकट खरीदा और दुबई पहुंचे। दुबई पहुंचने के बाद आरोपियों ने कहा कि जर्मनी के वीजा के लिए 20 लाख रुपये प्रति व्यक्ति और देने होंगे। जब उन्होंने विरोध किया, तो आरोपियों ने उन्हें फिर अर्मेनिया भेज दिया। आरोपियों के झांसे में आने के कारण उनका प्रति व्यक्ति करीब 3 लाख रुपये और खर्च हो गए।

जैसे तैसे करके वे भारत वापस आए। उन्होंने आरोपियों से रुपये लौटाने की मांग की, तो उन्होंने देने से इनकार कर दिया। पीड़ितों और गांव के मौजिज व्यक्तियों ने 4 अगस्त 2024 को पंचायत की। इसमें आरोपियों ने अपनी गलती मानी और अक्तूबर 2024 तक रुपये लौटाने का वादा किया। अब फिर उन्होंने रुपये लौटाने से इन्कार कर दिया।




आरोपियों ने बना रखा है गिरोह

शिकायतकर्ताओं ने बयानों में दर्ज करवाया कि आरोपियों ने संगठित तरीके से एक गिरोह बना रखा है, जो लोगों को विदेश भेजने का झांसा देकर ठगता है। इस गिरोह के सदस्य विदेश जाने की इच्छा रखने वाले लोगों को पहले उनके परिवार के भरोसेमंद व्यक्तियों के माध्यम से संपर्क करते हैं। इसके बाद वर्क वीजा और अन्य दस्तावेजों की आड़ में उनसे मोटी रकम ऐंठते हैं। शिकायत के अनुसार आरोपी विनोद पूरे गिरोह का काम संभालता है। पुलिस ने नाथूसरी चोपटा थाना में आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि यह मामला संगठित अपराध का प्रतीक है और पूरे गिरोह का पर्दाफाश किया जाएगा।
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