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Rohtak: एसआईटी ने जाट आरक्षण आंदोलन में आगजनी, लूटपाट के आरोपी को किया गिरफ्तार
Thu, 06 Jul 2023 01:34 AM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, महम, रोहतक (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, महम, रोहतक (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Thu, 06 Jul 2023 01:34 AM IST
सार
आरोपी को एक दिन के रिमांड पर लिया गया है। भीड़ को लीड करने का आरोप लगा है। पुलिस की ओर से कोर्ट से दो दिन का रिमांड मांगा गया था।
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arrest symbol
- फोटो : amar ujala
विस्तार
हरियाणा में फरवरी 2016 में हुए जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान भड़की हिंसा में रोहतक के महम थाने में लूटपाट व आगजनी की घटना हुई थी। इसमें सिरसा एसआ ईटी ने बुधवार को किशनगढ़ गांव निवासी मनोज कुमार को उसके घर से गिरफ्तार किया गया है। बुधवार को उसे कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस की ओर से कोर्ट से दो दिन का रिमांड मांगा गया था। कोर्ट ने एक दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
मनोज कुमार के वकील रविशंकर सोनी ने बताया कि जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान उसके मुवक्किल पर महम थाने में 79 नंबर एफआईआर दर्ज की गई थी। पुलिस का आरोप है कि मनोज कुमार भीड़ को लीड कर रहा था जबकि न तो वह लीड कर रहा था न ही शामिल रहा था।
एसआईटी सिरसा, तत्कालीन रोहतक के एसपी और महम के डीएसपी ने इस पूरे मामले की जांच गई थी। वहीं कोर्ट से मंजूरी के बाद भी उसका ब्रेन इलेक्ट्रिक टेस्ट पुलिस ने नहीं किया। 19 दिसंबर 2022 तक पुलिस के पास कोई पुख्ता सबूत नहीं था तो अब अचानक पुलिस को क्या सबूत हाथ लग गया है, जो आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।
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मनोज कुमार के वकील रविशंकर सोनी ने बताया कि जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान उसके मुवक्किल पर महम थाने में 79 नंबर एफआईआर दर्ज की गई थी। पुलिस का आरोप है कि मनोज कुमार भीड़ को लीड कर रहा था जबकि न तो वह लीड कर रहा था न ही शामिल रहा था।
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एसआईटी सिरसा, तत्कालीन रोहतक के एसपी और महम के डीएसपी ने इस पूरे मामले की जांच गई थी। वहीं कोर्ट से मंजूरी के बाद भी उसका ब्रेन इलेक्ट्रिक टेस्ट पुलिस ने नहीं किया। 19 दिसंबर 2022 तक पुलिस के पास कोई पुख्ता सबूत नहीं था तो अब अचानक पुलिस को क्या सबूत हाथ लग गया है, जो आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।
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