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दोहरा हत्याकांड-फाइल नंबर-दो
Updated Sat, 11 Aug 2018 03:16 AM IST
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हत्याकांड को अंजाम देने के बाद सीधे गद्दीखेड़ी पहुंचे थे आरोपी
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। लघु सचिवालय के पास ममता और एसआई नरेंद्र की हत्या के बाद शार्प शूटर और ममता का मौसेरा भाई सीधे गद्दीखेड़ा गांव पहुंचे थे। जहां पर कुछ समय के लिए शूटर और परिजन यहां पर रुके थे। सभी ने यहीं पर खाना खाया। मौसेरे भाई के दोस्त भी हत्या में शामिल रहे। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने पूछताछ में कई खुलासे किए हैं।
घटना वाले दिन ही लड़के के भाई और मां सरोज ने लड़की के परिजनों द्वारा ममता और एसआई की हत्या कराने की बात पुलिस को बताई थी। ममता के परिजनों द्वारा हत्या कराने का पता चलने के बाद भी सवाल यह उठता है कि पुलिस ने गद्दीखेड़ी में पहुंचकर आरोपियों को पकड़ना क्यों मुनासिब नहीं समझा? यदि पुलिस आरोपियों को पकड़ने के लिए गद्दीखेड़ी में दबिश देती तो शायद उन्हें पकड़ा जा सकता था। गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ में पता चला है कि आरोपी पंद्रह मिनट से अधिक तक यहां पर रहे। उधर शार्प शूटरों की स्पलेंडर बाइक को पुलिस ने रोहतक क्षेत्र से ही बरामद कर लिया। पता चला है कि वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश बाइक के बजाए कार में सवार होकर हो गए थे ताकि पुलिस उन्हें न पकड़ सके।
12 से अधिक लोग घटना में रहे शामिल
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि घटना में लड़की के परिजनों के अलावा उनके नजदीकी और शार्प शूटर शामिल रहे।
गद्दीखेड़ी पहुंचते ही बंद हो गया था मौसेरे भाई का मोबाइल
पुलिस की जांच में सामने आया कि घटना के कुछ समय बाद ही ममता के मौसेरे भाई का मोबाइल बंद हो गया था। उसके नंबर की अंतिम लोकेशन गद्दीखेड़ी की ही मिली।
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अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। लघु सचिवालय के पास ममता और एसआई नरेंद्र की हत्या के बाद शार्प शूटर और ममता का मौसेरा भाई सीधे गद्दीखेड़ा गांव पहुंचे थे। जहां पर कुछ समय के लिए शूटर और परिजन यहां पर रुके थे। सभी ने यहीं पर खाना खाया। मौसेरे भाई के दोस्त भी हत्या में शामिल रहे। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने पूछताछ में कई खुलासे किए हैं।
घटना वाले दिन ही लड़के के भाई और मां सरोज ने लड़की के परिजनों द्वारा ममता और एसआई की हत्या कराने की बात पुलिस को बताई थी। ममता के परिजनों द्वारा हत्या कराने का पता चलने के बाद भी सवाल यह उठता है कि पुलिस ने गद्दीखेड़ी में पहुंचकर आरोपियों को पकड़ना क्यों मुनासिब नहीं समझा? यदि पुलिस आरोपियों को पकड़ने के लिए गद्दीखेड़ी में दबिश देती तो शायद उन्हें पकड़ा जा सकता था। गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ में पता चला है कि आरोपी पंद्रह मिनट से अधिक तक यहां पर रहे। उधर शार्प शूटरों की स्पलेंडर बाइक को पुलिस ने रोहतक क्षेत्र से ही बरामद कर लिया। पता चला है कि वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश बाइक के बजाए कार में सवार होकर हो गए थे ताकि पुलिस उन्हें न पकड़ सके।
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12 से अधिक लोग घटना में रहे शामिल
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि घटना में लड़की के परिजनों के अलावा उनके नजदीकी और शार्प शूटर शामिल रहे।
गद्दीखेड़ी पहुंचते ही बंद हो गया था मौसेरे भाई का मोबाइल
पुलिस की जांच में सामने आया कि घटना के कुछ समय बाद ही ममता के मौसेरे भाई का मोबाइल बंद हो गया था। उसके नंबर की अंतिम लोकेशन गद्दीखेड़ी की ही मिली।