फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rewari News ›   The valour and sacrifice of the warriors of Ahirwal were presented on stage

Rewari News: अहीरवाल के रणबांकुरों का शौर्य और बलिदान मंच पर पेश किया

Wed, 18 Dec 2024 05:57 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी Updated Wed, 18 Dec 2024 05:57 PM IST
विज्ञापन
The valour and sacrifice of the warriors of Ahirwal were presented on stage
रेवाड़ी। बंजारा संस्था के तत्वावधान में भारत-चीन के बीच 1962 में हुई लड़ाई तथा मार्मिक शहादत पर केन्द्रित नाटक रेजांगला वॉर दिवाली बासठ के मंचन ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया।
विज्ञापन

बाल भवन में आयोजित मंगलवार देर शाम तक इस नाटक मंचन ने भीषण ठंड में दर्शकों को बांधे रखा। जम्मू कश्मीर के लेह लद्दाख क्षेत्र के अन्तर्गत सामरिक महत्व की चौकी रेजांगला पर दो सगे भाइयों की मार्मिक शहादत अलावा अहीरवाल के रणबांकुरों के शौर्य, पराक्रम एवं बलिदान को इस नाटक में बड़ी संजीदगी के साथ मंचित किया गया।
विज्ञापन

बंजारा के निदेशक तथा जाने-माने बॉलीवुड अभिनेता विजय भाटोटिया के निर्देशन में मंचित किए गए इस नाटक में भारतीय सेना की 13 कुमाउं की चार्ली कम्पनी के 114 जवानों की शहादत का भावपूर्ण स्मरण किया गया। संस्कृति लेखक एवं साहित्यकार सत्यवीर नाहड़िया की ओर से लिखित इस नाटक की पटकथा, संवाद व गीत तथा बूटा सिंह का संगीत खूब सराहा।
विज्ञापन
विज्ञापन

नाटक में सभी कलाकारों सलीम हरियाणवी, विनोद शर्मा, योगेश कौशिक, मयंक सैनी, प्रतीक गर्ग, धीरज शर्मा, रजनी, गोविंद, गजानंद, देवेन्द्र, रविन्द्र, विनय सैनी, सन्नी, अभिषेक, अंश नारायण, केशव कुमार ने जीवंत अभिनय कर छाप छोड़ी। इस नाट्य संध्या में बतौर मुख्य अतिथि बोलते हुए पब्लिक एजुकेशन बोर्ड के अध्यक्ष एवं उद्योगपति अशोक सोमाणी ने इस नाटक को अहीरवाल की सैनिक संस्कृति का जीवंत दस्तावेज करार देते हुए निर्देशक, लेखक व कलाकारों की बधाई दी। विशिष्ट अतिथि लघु उद्योग के जिला अध्यक्ष एवं समाजसेवी संजय डाटा ने इस नाटक को शहादत की पराकाष्ठा बताते हुए रेजांगला शहादत को अहीरवाल तथा देश की प्रेरणा बताया।


देशभर में मंचन का दिया सुझाव

रेजांगला शौर्य समिति के महासचिव नरेश चौहान एडवोकेट ने इस नाटक को अंतिम सांस तथा आखिरी गोली तक विषम परिस्थितियों में लड़ी गई इस लड़ाई के शहीदों को सच्ची श्रद्धांजलि देते हुए इसके देशभर में मंचन का सुझाव दिया। निर्देशक विजय भाटोटिया ने जिला बाल कल्याण अधिकारी वीरेन्द्र यादव, कलाकारों, सामाजिक संगठनों, दर्शकों तथा बंजारा परिवार के रचनात्मक सहयोग का आभार ज्ञापित करते हुए कहा कि शीघ्र इस नाटक का मंचन अहीरवाल, राजस्थान, दिल्ली तथा मुम्बई में किया जाएगा। मंच का कुशल प्रबंधन विक्रान्त सैनी एवं राघव ने किया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed