फतेहाबाद: सिरसा के आश्रम संचालक को अश्लील वीडियो बना कर रही थी ब्लैकमेल, पति के साथ नर्स गिरफ्तार
पीड़ित सौ फीसदी दिव्यांग गुरविंद्र सिंह का कहना है कि पहले तो आश्रम व खुद की बदनामी के डर से दो लाख रुपये नर्स को फतेहाबाद में दे दिए, लेकिन जब और पैसे की डिमांड हुई तो परेशान होकर उसने शिकायत पुलिस को दी।
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हरियाणा के फतेहाबाद जिले के गांव दरियापुर के एक दंपती को पुलिस ने सिरसा स्थित आश्रम के संचालक को अश्लील वीडियो का डर दिखाकर 20 लाख रुपये की ब्लैकमेलिंग करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी महिला किरण बेसहारा, मंदबुद्धि और दिव्यांग लोगों के लिए बने इस आश्रम में बतौर नर्स काम कर रही थी।
कुछ समय से वह आश्रम संचालक से अपने पति अशोक को आश्रम में मैनेजर की नौकरी पर रखने की मांग कर रही थी। आश्रम संचालक ने इसके लिए मनाकर दिया तो आरोपी महिला ने पति के साथ मिलकर 20 लाख की ब्लैकमेलिंग का खेल रचा डाला। आश्रम संचालक से आरोपी नर्स और उसके पति ने दो किश्तों में कुल चार लाख रुपये लिए। दूसरी किश्त लेते हुए उक्त दोनों को पुलिस ने रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार आश्रम में बतौर नर्स काम करने वाली महिला किरण के खिलाफ आश्रम संचालक गुरविंद्र सिंह ने एफआईआर दर्ज करवाते हुए आरोप लगाया है कि किरण ने पति को घर पर लाकर खुद अपना अश्लील वीडियो उसके साथ शूट करवाया और फिर 20 लाख रुपये की डिमांड की। पीड़ित से 16 जनवरी को दो लाख रुपये आरोपी नर्स ने लिए।
जब नर्स ने और पैसे का दबाव डाला तो आश्रम संचालक पुलिस के पास पहुंचा। पुलिस ने आरोपी दंपति को रंगे हाथ काबू करने के लिए टीम बनाई। इसके बाद फतेहाबाद के दरियापुर में दूसरी बार दो लाख रुपये की राशि आरोपी नर्स किरण और उसके पति अशोक ने ली तो पुलिस ने दोनों को रंगे हाथ पकड़ लिया। दोनों को पुलिस ने गिरफ्तार कर वीरवार को अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
पुलिस को इसलिए हुआ शिकायत पर यकीन
हनीट्रैप का जाल बिछाकर ब्लैकमेलिंग की शिकायत पर पुलिस के लिए सीधे तौर पर यकीन करना मुश्किल रहा। मगर शिकायतकर्ता के 100 फीसदी दिव्यांग होने के कारण पुलिस को यकीन हुआ कि पूरी साजिश महिला और उसके पति ने ही रची है। खुद पीड़ित अपने शरीर का पेट से नीचे का हिस्सा दूसरे के सहारे बिना हिला नहीं सकता। पुलिस ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की।
बदनामी और आश्रम का नाम खराब होने के डर से पहले दो लाख तुरंत दिए
अश्लील वीडियो शूट होने के बाद आश्रम संचालक पूरी तरह से घबरा गया। उसका कहना है कि आनन-फानन उसने खुद की बदनामी और आश्रम का नाम खराब होने के डर से दो लाख रुपये नर्स को दे दिए। मगर डिमांड बढ़ने लगी तो उसे पुलिस की शरण में जाना पड़ा।
पुलिस ने आश्रम संचालक की शिकायत के बाद तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी नर्स और उसके पति अशोक को दो लाख की ब्लैकमेलिंग की राशि के साथ रंगे हाथ गिरफ्तार किया। पुलिस ने चार लाख रुपये दंपती से बरामद किए हैं। दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। - अजैब सिंह, डीएसपी, फतेहाबाद