{"_id":"652052f40cdba307740fb557","slug":"the-sword-of-meeting-ngts-standards-hangs-on-26-hotels-and-restaurants-of-the-city-closure-notices-issued-bhiwani-news-c-125-1-shsr1009-6685-2023-10-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bhiwani News: शहर के 26 होटल और रेस्टोरेंट पर लटकी एनजीटी के मानक पूरे करने की तलवार, बंद करने के नोटिस जारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bhiwani News: शहर के 26 होटल और रेस्टोरेंट पर लटकी एनजीटी के मानक पूरे करने की तलवार, बंद करने के नोटिस जारी
Sat, 07 Oct 2023 12:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Sat, 07 Oct 2023 12:03 AM IST
विज्ञापन
भिवानी।
शहरी दायरे में ठोस-तरल कचरा प्रबंधन के साथ वाहन पार्किंग व्यवस्था सहित अन्य शर्तें पूरी नहीं करने वाले होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा और मैरिज पैलेस (बैंक्वेट हॉल) पर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने शिकंजा कस दिया है। भिवानी शहर में 26 होटल, रेस्टोरेंट और ढाबा को हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की तरफ से नोटिस जारी कर उन्हें बंद कराने का भी अल्टीमेटम दे दिया है।
निर्धारित अवधि में एनजीटी के मानक पूरे नहीं किए जाने वाले होटल और रेस्टोरेंट पर अब तालाबंदी की तलवार लटक गई है। इससे पहले नगर परिषद ने भी एनजीटी के आदेशों पर होटलों के अंदर ठोस तरल कचरा प्रबंधन व अन्य मानक पूरे किए जाने को लेकर जागरूक किए जाने के साथ निरीक्षण कर उन्हें आगाह भी किया जा चुका है।
हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने एनजीटी के आदेशों को लेकर शहर भर में चल रहे होटल, रेस्टोरेंट और ढाबा के अलावा मैरिज पैलेस (बैंक्वेट हॉल) का निरीक्षण किया है। इनके बाद इनके अंदर एनजीटी के आदेशों के अनुसार पाई गईं खामियों को लेकर पहले तो आगाह किया गया और फिर दोबारा निरीक्षण पर भी कमी दूर नहीं मिली तो उन्हें नोटिस दिए गए। अब कई होटल और रेस्टोरेंट को तो अंतिम नोटिस दिए गए हैं, जिनके बाद ये अगर मानक पूरे नहीं करते हैं तो हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड इन्हें सीलिंग कराने की प्रक्रिया अपनाएगा। इसमें संचालकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई किए जाने का प्रावधान भी किया गया है।
विज्ञापन
एनजीटी के तहत यह गाइडलाइन की गई है जारी
एनजीटी ने होटलों के साथ मैरिज पैलेस को भी इस दायरे में रखा है। इसके तहत होटल में महिला व पुरुष के लिए अलग-अलग शौचालय होना जरूरी है। होटल की छत से बारिश के पानी का भंडारण करने की व्यवस्था अनिवार्य है। कार्य स्थल पर ही ठोस व तरल कचरा प्रबंधन होना चाहिए, वाहन पार्किंग की व्यवस्था अनिवार्य की गई है। यदि होटल और रेस्टोरेंट में जनरेटर का इस्तेमाल हो रहा है तो उस पर साइलेंसर लगा होना चाहिए, जिससे वह हवा प्रदूषण न फैला सके। पानी को ट्रीट कर जमीन में छोड़े जाने के प्रबंध जरूरी किए गए हैं। इसके अलावा भी रसोई व इसके आसपास कई तरह की गाइडलाइन एनजीटी ने जारी की हैं, जिनका पूरा करना जरूरी है।
अधिकांश होटल और रेस्टोरेंट के बाहर नहीं पार्किंग व्यवस्था
एनजीटी की गाइडलाइन में सभी होटलों और रेस्टोरेंट के बाहर वाहन पार्किंग की उचित व्यवस्था अनिवार्य की गई है, मगर शहरी दायरे के अधिकांश होटल और रेस्टोरेंट के बाहर वाहन पार्किंग ही नहीं है। कई जगह तो होटल ऐसी जगहों पर हैं, जहां पहले से ही काफी भीड़ भरा माहौल रहता है। वहां पर गाड़ी पार्किंग करना तो दूर दुपहिया वाहन खड़ा करने के लिए भी पार्किंग नहीं है। इन होटलों और रेस्टोरेंट में आने वाले ग्राहकों के वाहन या तो सड़क पर ही खड़े रहते हैं या फिर इन्हें दूर दराज जगहों पर पार्क कर आना पड़ता है।
26 में 9 होटलों में चल रही है एनजीटी के आदेशों की प्रक्रिया, चार होटल हो चुके सील
भिवानी शहर में 26 होटलों पर एनजीटी के मानकों को लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड कार्रवाई कर रहा है। इनमें सभी को नोटिस जारी किए जाने के बाद नौ होटलों में तो मानक पूरे किए जाने की प्रक्रिया चल रही है। जबकि चार होटलों को तो प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड सीलिंग की कार्रवाई कर बंद करा चुका है। जिन होटल और रेस्टोरेंट के अंदर एनजीटी के मानकों को पूरा किया जा रहा है। अभी उनका अंतिम निरीक्षण नहीं हुआ है। जबकि पूरे शहर में केवल दो होटलों के पास ही एनजीटी के मानकों के तहत एनओसी ली गई है।
होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे व मैरिज पैलेस में ठोस व तरल कचरा प्रबंधन, पार्किंग और सोलर सिस्टम सहित एनजीटी द्वारा जारी की गई गाइडलाइन के सभी मानक पूरे किए जाने अनिवार्य हैं। जिन होटलों और रेस्टोरेंट में मानक अभी पूरे नहीं हैं, उन्हें 15 दिन के लिए नोटिस जारी किया गया है। इसके बाद निरीक्षण उपरांत उन पर सीलिंग की कार्रवाई कराई जाएगी। जो होटल और रेस्टोरेंट संचालक मानक पूरे कर लेंगे, उन्हें निरीक्षण उपरांत एनओसी जारी कर दी जाएगी।
-विजय चौधरी, क्षेत्रीय अधिकारी, हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, भिवानी।
विज्ञापन
शहरी दायरे में ठोस-तरल कचरा प्रबंधन के साथ वाहन पार्किंग व्यवस्था सहित अन्य शर्तें पूरी नहीं करने वाले होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा और मैरिज पैलेस (बैंक्वेट हॉल) पर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने शिकंजा कस दिया है। भिवानी शहर में 26 होटल, रेस्टोरेंट और ढाबा को हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की तरफ से नोटिस जारी कर उन्हें बंद कराने का भी अल्टीमेटम दे दिया है।
निर्धारित अवधि में एनजीटी के मानक पूरे नहीं किए जाने वाले होटल और रेस्टोरेंट पर अब तालाबंदी की तलवार लटक गई है। इससे पहले नगर परिषद ने भी एनजीटी के आदेशों पर होटलों के अंदर ठोस तरल कचरा प्रबंधन व अन्य मानक पूरे किए जाने को लेकर जागरूक किए जाने के साथ निरीक्षण कर उन्हें आगाह भी किया जा चुका है।
विज्ञापन
हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने एनजीटी के आदेशों को लेकर शहर भर में चल रहे होटल, रेस्टोरेंट और ढाबा के अलावा मैरिज पैलेस (बैंक्वेट हॉल) का निरीक्षण किया है। इनके बाद इनके अंदर एनजीटी के आदेशों के अनुसार पाई गईं खामियों को लेकर पहले तो आगाह किया गया और फिर दोबारा निरीक्षण पर भी कमी दूर नहीं मिली तो उन्हें नोटिस दिए गए। अब कई होटल और रेस्टोरेंट को तो अंतिम नोटिस दिए गए हैं, जिनके बाद ये अगर मानक पूरे नहीं करते हैं तो हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड इन्हें सीलिंग कराने की प्रक्रिया अपनाएगा। इसमें संचालकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई किए जाने का प्रावधान भी किया गया है।
विज्ञापन
एनजीटी के तहत यह गाइडलाइन की गई है जारी
एनजीटी ने होटलों के साथ मैरिज पैलेस को भी इस दायरे में रखा है। इसके तहत होटल में महिला व पुरुष के लिए अलग-अलग शौचालय होना जरूरी है। होटल की छत से बारिश के पानी का भंडारण करने की व्यवस्था अनिवार्य है। कार्य स्थल पर ही ठोस व तरल कचरा प्रबंधन होना चाहिए, वाहन पार्किंग की व्यवस्था अनिवार्य की गई है। यदि होटल और रेस्टोरेंट में जनरेटर का इस्तेमाल हो रहा है तो उस पर साइलेंसर लगा होना चाहिए, जिससे वह हवा प्रदूषण न फैला सके। पानी को ट्रीट कर जमीन में छोड़े जाने के प्रबंध जरूरी किए गए हैं। इसके अलावा भी रसोई व इसके आसपास कई तरह की गाइडलाइन एनजीटी ने जारी की हैं, जिनका पूरा करना जरूरी है।
अधिकांश होटल और रेस्टोरेंट के बाहर नहीं पार्किंग व्यवस्था
एनजीटी की गाइडलाइन में सभी होटलों और रेस्टोरेंट के बाहर वाहन पार्किंग की उचित व्यवस्था अनिवार्य की गई है, मगर शहरी दायरे के अधिकांश होटल और रेस्टोरेंट के बाहर वाहन पार्किंग ही नहीं है। कई जगह तो होटल ऐसी जगहों पर हैं, जहां पहले से ही काफी भीड़ भरा माहौल रहता है। वहां पर गाड़ी पार्किंग करना तो दूर दुपहिया वाहन खड़ा करने के लिए भी पार्किंग नहीं है। इन होटलों और रेस्टोरेंट में आने वाले ग्राहकों के वाहन या तो सड़क पर ही खड़े रहते हैं या फिर इन्हें दूर दराज जगहों पर पार्क कर आना पड़ता है।
26 में 9 होटलों में चल रही है एनजीटी के आदेशों की प्रक्रिया, चार होटल हो चुके सील
भिवानी शहर में 26 होटलों पर एनजीटी के मानकों को लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड कार्रवाई कर रहा है। इनमें सभी को नोटिस जारी किए जाने के बाद नौ होटलों में तो मानक पूरे किए जाने की प्रक्रिया चल रही है। जबकि चार होटलों को तो प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड सीलिंग की कार्रवाई कर बंद करा चुका है। जिन होटल और रेस्टोरेंट के अंदर एनजीटी के मानकों को पूरा किया जा रहा है। अभी उनका अंतिम निरीक्षण नहीं हुआ है। जबकि पूरे शहर में केवल दो होटलों के पास ही एनजीटी के मानकों के तहत एनओसी ली गई है।
होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे व मैरिज पैलेस में ठोस व तरल कचरा प्रबंधन, पार्किंग और सोलर सिस्टम सहित एनजीटी द्वारा जारी की गई गाइडलाइन के सभी मानक पूरे किए जाने अनिवार्य हैं। जिन होटलों और रेस्टोरेंट में मानक अभी पूरे नहीं हैं, उन्हें 15 दिन के लिए नोटिस जारी किया गया है। इसके बाद निरीक्षण उपरांत उन पर सीलिंग की कार्रवाई कराई जाएगी। जो होटल और रेस्टोरेंट संचालक मानक पूरे कर लेंगे, उन्हें निरीक्षण उपरांत एनओसी जारी कर दी जाएगी।
-विजय चौधरी, क्षेत्रीय अधिकारी, हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, भिवानी।