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Gorakhpur News: तीन करोड़ खर्च कर बनाया बस स्टैंड, खड़ी हो रहीं निजी गाड़ियां
Thu, 25 Jan 2024 11:37 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
Updated Thu, 25 Jan 2024 11:37 AM IST
सार
राप्तीनगर डिपो एआरएम एके सिंह ने कहा कि नौसड़ से बसें संचालित होने से रोडवेज की आय प्रभावित हो रही थी, जिसके बाद मुख्यालय के निर्देश पर बसों का संचालन फिर से कचहरी बस स्टेशन से कराया जा रहा है।
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नौसड़ बस स्टेशन के सामने खड़ी प्राइवेट बस।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
गोरखपुर शहर को जाम से निजात दिलाने के लिए शहर के बाहर करीब तीन करोड़ रुपये की लागत से बने नौसड़ बस स्टेशन से वाराणसी और प्रयागराज रूट की बसों का संचालन जिला प्रशासन ने शुरू कराया था। लेकिन, यह व्यवस्था सिर्फ एक महीने ही चल सकी।
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अब यहां निजी बसें और ऑटो खड़े हो रहे हैं। वहीं, पहले की तरह फिर से कचहरी बस स्टेशन से बसों का संचालन शुरू हो गया है। इससे कचहरी पर सड़क पर ही वाहनों का जमावड़ा लगने लगा है, जिससे राहगीरों को जाम की समस्या झेलनी पड़ रही है।
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दोपहर करीब दो बजे नौसड़ बस स्टेशन परिसर में रोडवेज की एक भी बस नहीं खड़ी थी। बस स्टेशन के पहले प्रवेश द्वारा से लेकर दूसरे प्रवेश द्वार तक दो निजी बसों के साथ ही आठ से 10 ऑटो खड़े थे। परिचालक बसों में सवारियां बैठा रहे थे।
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इस बीच काशी डिपो की एक बस स्टेशन पर पहुंची तो रोडवेज का एक कर्मचारी बाहर निकला और सवारी भर रहे निजी बस के परिचालक को बस को आगे बढ़ाने के लिए कहा, इसके बाद भी वह करीब 10 मिनट तक बस को खड़ी कर सवारी भरता रहा।
जब बस में सवारी पूरी हो गई तब उसने बस को आगे बढ़ाया। जिसके बाद उस स्थान पर आकर काशी डिपो की बस खड़ी हुई। जो बस स्टेशन परिसर सवारियों से खचाखच भरा रहता था, वहां सन्नाटा दिखा। सिर्फ दो ही लोग बैठकर वहां प्रयागराज की बस का इंतजार कर रहे थे। इस दौरान एक सवारी राकेश ने बताया कि वह करीब एक घंटे से बस स्टेशन पर बैठा है, लेकिन प्रयागराज की बस नहीं आई है।
उधर कचहरी बस स्टेशन पर अपराह्न तीन बजे सड़क पर बसें तो नहीं खड़ी थीं, लेकिन बस स्टेशन के बाहर सड़क पर ई-रिक्शा और ऑटो वालों का जमावड़ा था। इससे आंबेडकर चौक से छात्रसंघ चौराहा की ओर से आने वाले राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। हालांकि वहां के दुकानदार कचहरी बस स्टेशन से बस फिर से शुरू होने पर खुश नजर आए। उनका कहना था, बसों का संचालन नौसड़ से होने के कारण उनकी दुकानदारी बंद हो गई थी।
राप्तीनगर डिपो एआरएम एके सिंह ने कहा कि नौसड़ से बसें संचालित होने से रोडवेज की आय प्रभावित हो रही थी, जिसके बाद मुख्यालय के निर्देश पर बसों का संचालन फिर से कचहरी बस स्टेशन से कराया जा रहा है।
उधर कचहरी बस स्टेशन पर अपराह्न तीन बजे सड़क पर बसें तो नहीं खड़ी थीं, लेकिन बस स्टेशन के बाहर सड़क पर ई-रिक्शा और ऑटो वालों का जमावड़ा था। इससे आंबेडकर चौक से छात्रसंघ चौराहा की ओर से आने वाले राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। हालांकि वहां के दुकानदार कचहरी बस स्टेशन से बस फिर से शुरू होने पर खुश नजर आए। उनका कहना था, बसों का संचालन नौसड़ से होने के कारण उनकी दुकानदारी बंद हो गई थी।
राप्तीनगर डिपो एआरएम एके सिंह ने कहा कि नौसड़ से बसें संचालित होने से रोडवेज की आय प्रभावित हो रही थी, जिसके बाद मुख्यालय के निर्देश पर बसों का संचालन फिर से कचहरी बस स्टेशन से कराया जा रहा है।