Gorakhpur MMMUT: जिस ब्रांच में नौकरी की झलक..उसी की बढ़ रही ललक
एमएमएमयूटी कुलपति प्रो. जेपी सैनी ने कहा कि विद्यार्थियों की डिमांड को देखते पाठ्यक्रम की सीटों का निर्धारण किया गया है। इसको विद्या परिषद से मंजूरी मिल गई है। सीएस, आईटी, इलेक्ट्रॉनिक्स और बीबीए में सीट वृद्धि की गई है।
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इंजीनियरिंग समेत अन्य प्रोफेशनल कोर्स की पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों ने अब चयन पैमाना बदल दिया है। यह पैमाना अब बहुत कुछ बाजार पर टिका है। यानी, जिन पाठ्यक्रमों की पढ़ाई के बाद कंपनियों से हाथों हाथ अच्छे पैकेज पर नौकरी मिल रही हैं, अब उन्हीं की पढ़ाई में ललक बढ़ी है। इस बात की तस्दीक मांग के अनुरूप सीटों के वृद्धि व कम होने से हो रही है।
मदनमोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमएमएमयूटी) ने बीटेक के सिविल, मैकेनिकल, केमिकल और इलेक्ट्रिकल में जहां सीटें घटा दी हैं, वहीं कंप्यूटर साइंस, इंफार्मेशन एंड टेक्नोलॉजी, इलेक्ट्राॅनिक्स और बीबीए पाठ्यक्रम में सीटें बढ़ाई गईं हैं। सीट के निर्धारण को लेकर तैयार एजेंडे को विद्या परिषद से मंजूरी भी मिल गई है।
दरअसल, सिविल इंजीनियरिंग, मैकेनिकल, इलेक्ट्रिकल और केमिकल इंजीनियरिंग जैसे विषयों में अंतिम समय तक प्रवेश के लिए विवि प्रशासन को जद्दोजहद करनी पड़ती है। उसके बाद भी इन विषयों में बमुश्किल सीटें भर पाती हैं। इसमें बेहद कम रैंक वाले विद्यार्थियों को अंतिम समय में प्रवेश मिलता है। इन कोर्सों में छात्रों के प्रवेश नहीं लेने के कारण रोजगार के कम अवसर और पैकेज बताए जा रहे हैं।
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छात्रों की मांग को देखते हुए विश्वविद्यालय ने इन पाठ्यक्रमों में सीटें घटाने का निर्णय लिया है। वहीं कंप्यूटर साइंस, आईटी, इलेक्ट्रॉनिक्स से पढ़ाई करने वाले छात्रों की बाजार में मांग है। इस कोर्स के छात्रों को अच्छे पैकेज पर प्लेसमेंट मिल रहे हैं। ऐसे में इन कोर्सों में प्रवेश को प्राथमिकता दी जा रही है।
कंप्यूटर साइंस की छात्रा को मिल चुका है 52 लाख का पैकेज
मदनमोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के कंप्यूटर साइंस की छात्रा आराध्या त्रिपाठी को बहुराष्ट्रीय कंपनी गूगल में 52 लाख का पैकेज मिल चुका है। विश्वविद्यालय में पिछले सत्र 2022-23 में करीब एक हजार विद्यार्थियों का कैंपस सेलेक्शन हुआ। इसमें कंप्यूटर साइंस, आईटी, इलेक्ट्राॅनिक्स कोर्स के विद्यार्थियों की संख्या सर्वाधिक रही। सिविल, मैकेनिकल, केमिकल और इलेक्ट्रिकल के विद्यार्थियों का भी प्लेसमेंट हुआ लेकिन उनका पैकेज इनकी तुलना में काफी कम रहा।
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अगले सत्र से बढ़ी और घटी हुई सीटें होंगी लागू
सीट में संशोधन अगले सत्र से लागू किया जाएगा। विश्वविद्यालय ने कंप्यूटर साइंस में करीब 42 प्रतिशत यानी 75 सीटें बढ़ाई हैं। आईटी में 60 प्रतिशत यानी 45 सीटों की वृद्धि हुई है। इलेक्ट्रॉनिक्स की मांग को देखते हुए उसमें भी 20 फीसदी यानी कुल 30 सीटें बढ़ाई जा रही हैं। वहीं, एमएमएमयूटी में बीबीए में सीयूईटी (यूजी) के जरिए प्रवेश मिलता है। 75 सीटें होने के कारण अच्छा रैंक पाने वाले स्थानीय छात्रों को प्रवेश से वंचित होना पड़ता है। उन्हें दूसरे शहरों में जाकर दाखिला लेना पड़ता है। इसे देखते हुए अब इसमें भी 45 सीटें बढ़ाने का निर्णय लिया गया है।
इन पाठ्यक्रम में सीटें बढ़ीं और घटीं
| पाठ्यक्रम | वर्तमान सीटें | परिवर्तित सीटें |
| बीटेक कंप्यूटर साइंस | 180 | 255 |
| बीटेक आईटी | 75 | 120 |
| बीटेक इलेक्ट्रॉनिक्स | 150 | 180 |
| बीबीए | 75 | 120 |
| बीटेक सिविल | 150 | 120 |
| बीटेक इलेक्ट्रिकल | 150 | 120 |
| बीटेक मैकेनिकल | 150 | 130 |
| बीटेक केमिकल | 75 | 60 |
एमएमएमयूटी कुलपति प्रो. जेपी सैनी ने कहा कि विद्यार्थियों की डिमांड को देखते पाठ्यक्रम की सीटों का निर्धारण किया गया है। इसको विद्या परिषद से मंजूरी मिल गई है। सीएस, आईटी, इलेक्ट्रॉनिक्स और बीबीए में सीट वृद्धि की गई है।